Jeremiah · chapter 10 · verse 20
Jeremiah 10:20 in Hindi
मेरा तम्बू लूटा गया, और सब रस्सियां टूट गई हैं; मेरे लड़केबाले मेरे पास से चले गए, और नहीं हैं; अब कोई नहीं रहा जो मेरे तम्बू को ताने और मेरी कनातें खड़ी करे।
Meraa tamboo lootaa gayaa, aur sab rassiyaam toot gaee haim; mere ladakebaale mere paas se chale gae, aur naheem haim; ab koee naheem rahaa jo mere tamboo ko taane aur meree kanaatem khadee kare.
Jeremiah 10:20 in English
- King James Version (KJV)
- My tabernacle is spoiled, and all my cords are broken: my children are gone forth of me, and they [are] not: [there is] none to stretch forth my tent any more, and to set up my curtains.
- World English Bible (WEB)
- My tent has been destroyed, and all my cords are broken. My children have gone away from me, and they are no more. There is no one to spread my tent any more, to set up my curtains.
- American Standard Version (ASV)
- My tent is destroyed, and all my cords are broken: my children are gone forth from me, and they are not: there is none to spread my tent any more, and to set up my curtains.
- Bible in Basic English (BBE)
- My tent is pulled down and all my cords are broken: my children have gone from me, and they are not: no longer is there anyone to give help in stretching out my tent and hanging up my curtains.
- Darby Translation (DBY)
- My tent is despoiled, and all my cords are broken; my children are gone forth from me, and they are not; there is none to stretch forth my tent any more, and to set up my curtains.
- Webster's Bible (WBS)
- My tabernacle is laid waste, and all my cords are broken: my children are gone from me, and they [are] not: [there is] none to stretch forth my tent any more, and to set up my curtains.
- Young's Literal Translation (YLT)
- My tent hath been spoiled, And all my cords have been broken, My sons have gone out from me, and they are not, There is none stretching out any more my tent, And raising up my curtains.
Read in context
- 18क्योंकि यहोवा यों कहता है, मैं अब की बार इस देश के रहनेवालों को मानो गोफ़न में धरके फेंक दूंगा, और उन्हें ऐसे ऐसे संकट में डालूंगा कि उनकी समझ में भी नहीं आएगा।
- 19मुझ पर हाय! मेरा घाव चंगा होने का नहीं। फिर मैं ने सोचा, यह तो रोग ही है, इसलिये मुझ को इसे सहना चाहिये।
- 20मेरा तम्बू लूटा गया, और सब रस्सियां टूट गई हैं; मेरे लड़केबाले मेरे पास से चले गए, और नहीं हैं; अब कोई नहीं रहा जो मेरे तम्बू को ताने और मेरी कनातें खड़ी करे।
- 21क्योंकि चरवाहे पशु सरीखे हैं, और वे यहोवा को नहीं पुकारते; इसी कारण वे बुध्दि से नहीं चलते, और उनकी सब भेड़ें तितर- बितर हो गई हैं।
- 22सुन, एक शब्द सुनाई देता है! देख, वह आ रहा है! उत्तर दिशा से बड़ा हुल्लड़ मच रहा है ताकि यहूदा के नगरों को उजाड़कर गीदड़ों का स्थान बना दे।
Cross references
- Jeremiah 4:20 यिर्मयाह 4:20नाश पर नाश का समाचार आ रहा है, सारा देश लूट लिया गया है। मेरे डेरे अचानक ओर मेरे तम्बू एकाएक लूटे गए हैं।
- Jeremiah 31:15 यिर्मयाह 31:15यहोवा यह भी कहता है: सुन, रामा नगर में विलाप और बिलक बिलककर रोने का शब्द सुनने में आता है। राहेल अपने लड़कों के लिये रो रही है; और अपने लड़कों के कारण शान्त नहीं होती, क्योंकि वे जाते रहे।
- Isaiah 49:20–22 यशायाह 49:20–22तेरे पुत्रा जो तुझ से ले लिए गए वे फिर तेरे कान में कहने पाएंगे कि यह स्थान हमारे लिये सकेत है, हमें और स्थान दे कि उस में रहें। तब तू मन में कहेगी, किस ने इनको मेरे लिये जन्माया? मैं तो पुत्राहीन और बांझ हो गई थीं, दासत्व में और यहां वहां मैं घूमती रही, इनको किस ने पाला? देख, मैं अकेली रह गई थी; फिर ये कहां थे? प्रभु यहोवा यों कहता है, देख, ये अपना हाथ जाति जाति के लोगों की ओर उठाऊंगा, और देश देश के लोगों के साम्हने अपना झण्डा खड़ा करूंगा; तब वे तेरे पुत्रों को अपनी गोद में लिए आएंगे, और तेरी पुत्रियों को अपने कन्धे पर चढ़ाकर तेरे पास पहुंचाएंगे।
- Isaiah 54:2 यशायाह 54:2अपने तम्बू का स्थान चौड़ा कर, और तेरे डेरे के पट लम्बे किए जाएं; हाथ मत रोक, रस्सियों को लम्बी और खूंटों को दृढ़ कर।
- Isaiah 51:16 यशायाह 51:16और तुझे अपने हाथ की आड़ में छिपा रखा है; कि मैं आकाश को तानूं और पृथ्वी की नेव डालूं, और सिरयोन से कहूं, तुम मेरी प्रजा हो।।
- Lamentations 1:5 विलापगीत 1:5उसके द्रोही प्रधान हो गए, उसके शत्रु उन्नति कर रहे हैं, क्योंकि यहोवा ने उसके बहुत से अपराधों के कारण उसे दु:ख दिया है; उसके बाल-बच्चों को शत्रु हांक हांक कर बंधुआई में ले गए।
- Proverbs 12:7 नीतिवचन 12:7जब दुष्ट लोग उलटे जाते हैं तब वे रहते ही नहीं, परन्तु धर्मियों का घर स्थिर रहता है।
- Job 7:8 अय्यूब 7:8जो मुझे अब देखता है उसे मैं फिर दिखाई न दूंगा; तेरी आंखें मेरी ओर होंगी परन्तु मैं न मिलूंगा।
- Lamentations 2:4–6 विलापगीत 2:4–6उस ने शत्रु बनकर धनुष चढ़ाया, और वैरी बनकर दहिना हाथ बढ़ाए हुए खड़ा है; और जितने देखने में मनभावने थे, उन सब को उस ने घात किया; सिरयोन की पुत्री के तम्बू पर उस ने आग की नाई अपनी जलजलाहट भड़का दी है। यहोवा शत्रु बन गया, उस ने इस्राएल को निगल लिया; उसके सारे भवनों को उस ने मिटा दिया, और उसके दृढ़ गढ़ों को नष्ट कर डाला है; और यहूदा की पुत्री का दोना- पीटना बहुत बढ़ाय है। उस ने अपना मण्डप बारी के मचान की नाई अचानक गिरा दिया, अपने मिलापस्थान को उस ने नाश किया है; यहोवा ने सिरयोन में नियत वर्र्व और विश्रामदिन दोनों को भुला दिया है, और अपने भड़के हुए कोप से राजा और साजक दोनों का तिरस्कार किया है।