Jeremiah · chapter 2 · verse 25
Jeremiah 2:25 in Hindi
अपने पांव नंगे और गला सुखाए न रह। परन्तु तू ने कहा, नहीं, ऐसा नहीं हो सकता, क्योंकि मेरा प्रेम दूसरों से लग गया है और मैं उनके पीछे चलती रहूंगी।
Apane paanv nange aur galaa sukhaae na rah. Parantu too ne kahaa, naheem, aisaa naheem ho sakataa, kyonki meraa prem doosarom se lag gayaa hai aur maim unake peechhe chalatee rahoongee.
Jeremiah 2:25 in English
- King James Version (KJV)
- Withhold thy foot from being unshod, and thy throat from thirst: but thou saidst, There is no hope: no; for I have loved strangers, and after them will I go.
- World English Bible (WEB)
- “Keep your feet from being bare, and your throat from thirst. But you said, ‘It is in vain. No, for I have loved strangers, and I will go after them.’
- American Standard Version (ASV)
- Withhold thy foot from being unshod, and thy throat from thirst. But thou saidst, It is in vain; no, for I have loved strangers, and after them will I go.
- Bible in Basic English (BBE)
- Do not let your foot be without shoes, or your throat dry from need of water: but you said, There is no hope: no, for I have been a lover of strange gods, and after them I will go.
- Darby Translation (DBY)
- Withhold thy foot from being unshod, and thy throat from thirst. But thou saidst, There is no hope; no, for I love strangers, and after them will I go.
- Webster's Bible (WBS)
- Withhold thy foot from being unshod, and thy throat from thirst: but thou saidst, There is no hope: no; for I have loved strangers, and after them will I go.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Withhold thy foot from being unshod, And thy throat from thirst, And thou sayest, 'It is incurable, No, for I have loved strangers, and after them I go.'
Read in context
- 23तू क्योंकर कह सकती है कि मैं अशुठ्ठ नहीं, मैं बाल देवताओं के पीछे नहीं चली? तराई में की अपनी चाल देख और जान ले कि तू ने क्या किया है? तू वेग से चलनेवाली और इधर उधर फिरनेवाली सांड़नी है,
- 24जंगल में पली हुई जंगली गदही जो कामातुर होकर वायु सूंधती फिरती है तब कौन उसे वश में कर सकता है? जितने उसको ढूंढ़ते हैं वे व्यर्थ परिश्रम न करें; क्योंकि वे उसे उसकीतिु में पाएंगे।
- 25अपने पांव नंगे और गला सुखाए न रह। परन्तु तू ने कहा, नहीं, ऐसा नहीं हो सकता, क्योंकि मेरा प्रेम दूसरों से लग गया है और मैं उनके पीछे चलती रहूंगी।
- 26जैसे चोर पकड़े जाने पर लज्जित होता है, वैसे ही इस्राएल का घराना राजाओं, हाकिमों, याजकों और भविष्यद्वक्ताओं समेत लज्जित होगा।
- 27वे काठ से कहते हैं, तू मेरा बाप है, और पत्थर से कहते हैं, तू ने मुझे जन्म दिया है। इस प्रकार उन्हों ने मेरी ओर मुंह नहीं पीठ ही फेरी है; परन्तु विपत्ति के समय वे कहते हैं, उठकर हमें बचा!
Cross references
- Deuteronomy 32:16 व्यवस्थाविवरण 32:16उन्हों ने पराए देवताओं को मानकर उस में जलन उपजाई; और घृणित कर्म करके उसको रिस दिलाई।।
- Jeremiah 18:12 यिर्मयाह 18:12परन्तु वे कहते हैं, ऐसा नहीं होने का, हम तो अपनी ही कल्पनाओं के अनुसार चलेंगे और अपने बुरे मन के हठ पर बने रहेंगे।
- Jeremiah 3:13 यिर्मयाह 3:13केवल अपना यह अधर्म मान ले कि तू अपने परमेश्वर यहोवा से फिर गई और सब हरे पेड़ों के तले इधर उधर दूसरों के पास गई, और मेरी बातों को नहीं माना, यहोवा की यह वाणी है।
- Romans 8:24 रोमियों 8:24आशा के द्वारा तो हमारा उद्धार हुआ है परन्तु जिस वस्तु की आशा की जाती है जब वह देखने में आए, तो फिर आशा कहां रही? क्योकि जिस वस्तु को कोई देख रहा है उस की आशा क्या करेगा?
- 2 Chronicles 28:22 2 इतिहास 28:22और क्लेश के समय राजा आहाज ने यहोवा से और भी विश्वासघात किया।
- Isaiah 20:2–4 यशायाह 20:2–4उसी वर्ष यहोवा ने आमोस के पुत्रा यशायाह से कहा, जाकर अपनी कमर का टाट खोल और अपनी जूतियां उतार; सो उस ने वैसा ही किया, और वह नंगा और नंगे पांव घूमता फिरता था। और यहोवा ने कहा, जिस प्रकार मेरा दास यशायाह तीन वर्ष से उघाड़ा और नंगे पांव चलता आया है, कि मि और कूश के लिये चिन्ह और चमत्कार हो, उसी प्रकार अश्शूर का राजा मिद्दी और कूश के लोगों को बंधुआ करके देश- निकाल करेगा, क्या लड़के क्या बूढे,़ सभों को बंधुए करके उघाड़े और नंगे पांव और नितम्ब खुले ले जाएगा, जिस से मि लज्जित हो।
- Lamentations 4:4 विलापगीत 4:4दूधपीउवे बच्चों की जीभ प्यास के मारे तालू में चिपट गई है; बालबच्चे रोटी मांगने हैं, परन्तु कोई उनको नहीं देता।
- Isaiah 2:6 यशायाह 2:6तू ने अपनी प्रजा याकूब के घराने को त्याग दिया है, क्योंकि वे पूर्वियों के व्यवहार पर तन मन से चलते और पलिश्तियों की नाई टोना करते हैं, और परदेशियों के साथ हाथ मिलाते हैं।
- Jeremiah 14:10 यिर्मयाह 14:10यहोवा ने इन लोगों के विषय यों कहा: इनको ऐसा भटकना अच्छा लगता है; ये कुकर्म में चलने से नहीं रूके; इसलिये यहोवा इन से प्रसन्न नहीं है, वह इनका अधर्म स्मरण करेगा और उनके पाप का दण्ड देगा।
- Jeremiah 13:22 यिर्मयाह 13:22और यदि तू अपने मन में सोचे कि ये बातें किस कारण मुझ पर पड़ी हैं, तो तेरे बड़े अधर्म के कारण तेरा आंचल उठाया गया है और तेरी एड़ियां बरियाई से नंगी की गई हैं।
- Deuteronomy 29:19–20 व्यवस्थाविवरण 29:19–20और ऐसा मनुष्य इस शाप के वचन सुनकर अपने को आशीर्वाद के योग्य माने, और यह सोचे कि चाहे मैं अपने मन के हठ पर चलूं, और तृप्त होकर प्यास को मिटा डालूं, तौभी मेरा कुशल होगा। यहोवा उसका पाप क्षमा नहीं करेगा, वरन यहोवा के कोप और जलन का धुंआ उसको छा लेगा, और जितने शाप इस पुस्तक में लिखें हैं वे सब उस पर आ पड़ेंगे, और यहोवा उसका नाम धरती पर से मिटा देगा।
- Deuteronomy 28:48 व्यवस्थाविवरण 28:48इस कारण तुझ को भूखा, प्यासा, नंगा, और सब पदार्थों से रहित होकर अपने उन शत्रुओं की सेवा करनी पड़ेगी जिन्हें यहोवा तेरे विरूद्ध भेजेगा; और जब तक तू नष्ट न हो जाए तब तक वह तेरी गर्दन पर लेहे का जूआ डाल रखेगा।