Jeremiah · chapter 8 · verse 17
Jeremiah 8:17 in Hindi
क्योंकि देखो, मैं तुम्हारे बीच में ऐसे सांप और नाग भेजूंगा जिन पर मंत्रा न चलेगा, और वे तुम को डसेंगे, यहोवा की यही वाणी है।
Kyonki dekho, maim tumhaare beech mem aise saamp aur naag bhejoongaa jin par mantraa na chalegaa, aur ve tum ko dasenge, yahovaa kee yahee vaanee hai.
Jeremiah 8:17 in English
- King James Version (KJV)
- For, behold, I will send serpents, cockatrices, among you, which [will] not [be] charmed, and they shall bite you, saith the LORD.
- World English Bible (WEB)
- “For, behold, I will send serpents, adders among you, which will not be charmed; and they will bite you,” says the LORD.
- American Standard Version (ASV)
- For, behold, I will send serpents, adders, among you, which will not be charmed; and they shall bite you, saith Jehovah.
- Bible in Basic English (BBE)
- See, I will send snakes and poison-snakes among you, against which the wonder-worker has no power; and they will give you wounds which may not be made well, says the Lord.
- Darby Translation (DBY)
- For behold, I send among you serpents, vipers against which there is no charm, and they shall bite you, saith Jehovah.
- Webster's Bible (WBS)
- For behold, I will send serpents, cockatrices, among you, which [will] not [be] charmed, and they shall bite you, saith the LORD.
- Young's Literal Translation (YLT)
- For, lo, I am sending among you serpents, Vipers that have no charmer, And they have bitten you, an affirmation of Jehovah.
Read in context
- 15हम शान्ति की बाट जोहते थे, परन्तु कुछ कल्याण नहीं मिला, और चंगाई की आशा करते थे, परन्तु घबराना ही पड़ा है।
- 16उनके घोड़ों का फुर्राना दान से सुन पड़ता है, और बलवन्त घोड़ों के हिनहिनाने के शब्द से सारा देश कांप उठा है। उन्हों ने आकर हमारे देश को और जो कुछ उस में है, और हमारे नगर को निवासियों समेत नाश किया है।
- 17क्योंकि देखो, मैं तुम्हारे बीच में ऐसे सांप और नाग भेजूंगा जिन पर मंत्रा न चलेगा, और वे तुम को डसेंगे, यहोवा की यही वाणी है।
- 18हाय! हाय! इस शोक की दशा में मुझे शान्ति कहां से मिलेगी? मेरा हृदय भीतर ही भीतर तड़पता है!
- 19मुझे अपने लोगों की चिल्लाहट दूर के देश से सुनाई देती है: क्या यहोवा सिरयोन में नहीं हैं? क्या उसका राजा उस में नहीं? उन्हों ने क्यों मुझ को अपनी खोदी हुई मूरतों और परदेश की व्यर्थ वस्तुओं के द्वारा क्यों क्रोध दिलाया है?
Cross references
- Ecclesiastes 10:11 सभोपदेशक 10:11यदि मंत्रा से पहिले सर्प डसे, तो मंत्रा पढ़नेवाले को कुछ भी लाभ नहीं।।
- Psalm 58:4–5 भजन संहिता 58:4–5उन में सर्प का सा विष है; वे उस नाम के समान हें, जो सुनना नहीं चाहता; और सपेरा कैसी ही निपुणता से क्यों न मंत्रा पढ़े, तौभी उसकी नहीं सुनता।।
- Deuteronomy 32:24 व्यवस्थाविवरण 32:24वे भूख से दुबले हो जाएंगे, और अंगारों से और कठिन महारोगों से ग्रसित हो जाएंगे; और मैं उन पर पशुओं के दांत लगवाऊंगा, और धूलि पर रेंगनेवाले सर्पों का विष छोड़ दूंगा।।
- Isaiah 14:29 यशायाह 14:29हे सारे पलिश्तीन तू इसलिये आनन्द न कर, कि तेरे मारनेवाले की लाठी टूट गई, क्योंकि सर्प की जड़ से एक काला नाग उत्पन्न होगा, और उसका फल एक उड़नेवाला और तेज विषवाला अग्निसर्प होगा।
- Numbers 21:6 गिनती 21:6सो यहोवा ने उन लोगों में तेज विषवाले सांप भेजे, जो उनको डसने लगे, और बहुत से इस्त्राएली मर गए।
- Amos 9:3 आमोस 9:3चाहे वे कर्म्मेल में छिप जाएं, परन्तु वहां भी मैं उन्हें ढूंढ़- ढूंढकर पकड़ लूंगा, और चाहे वे समुद्र की थाह में मेरी दृष्टि से ओट हों, वहां भी मैं सर्प को उन्हें डसने की आज्ञा दूंगा।
- Revelation 9:19 प्रकाशितवाक्य 9:19क्योंकि उन घोड़ों की सामर्थ उन के मुंह, और उन की पूंछों में थी; इसलिये कि उन की पूंछे सांपों की सी थीं, और उन पूंछों के सिर भी थे, और इन्हीं से वे पीड़ा पहुंचाते थे।
- Amos 5:19 आमोस 5:19जैसा कोई सिंह से भागे और उसे भालू मिले; वा घर में आकर भीत पर हाथ टेके और सांप उसको डसे।