Luke · chapter 2 · verse 17
Luke 2:17 in Hindi
इन्हें देखकर उन्हों ने वह बात जो इस बालक के विषय में उन से कही गई थी, प्रगट की।
Inhem dekhakar unhom ne vah baat jo is baalak ke vishay mem un se kahee gaee thee, pragat kee.
Luke 2:17 in English
- King James Version (KJV)
- And when they had seen [it], they made known abroad the saying which was told them concerning this child.
- World English Bible (WEB)
- When they saw it, they publicized widely the saying which was spoken to them about this child.
- American Standard Version (ASV)
- And when they saw it, they made known concerning the saying which was spoken to them about this child.
- Bible in Basic English (BBE)
- And when they saw it, they gave them an account of the things which had been said to them about the child.
- Darby Translation (DBY)
- and having seen [it] they made known about the country the thing which had been said to them concerning this child.
- Webster's Bible (WBS)
- And when they had seen [it] , they made known abroad the saying which was told them concerning this child.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and having seen, they made known abroad concerning the saying spoken to them concerning the child.
Read in context
- 15जब स्वर्गदूत उन के पास से स्वर्ग को चले गए, तो गड़ेरियों ने आपस में कहा, आओ, हम बैतलहम जाकर यह बात जो हुई है, और जिसे प्रभु ने हमें बताया है, देखें।
- 16और उन्हों ने तुरन्त जाकर मरियम और यूसुफ को और चरनी में उस बालक को पड़ा देखा।
- 17इन्हें देखकर उन्हों ने वह बात जो इस बालक के विषय में उन से कही गई थी, प्रगट की।
- 18और सब सुननेवालों ने उन बातों से जो गड़रियों ने उन से कहीं आश्चर्य किया।
- 19परन्तु मरियम ये सब बातें अपने मन में रखकर सोचती रही।
Cross references
- Luke 8:39 लूका 8:39अपने घर को लौट जा और लोगों से कह दे, कि परमेश्वर ने तेरे लिये कैसे बड़े काम किए हैं: वह जाकर सारे नगर में प्रचार करने लगा, कि यीशु ने मेरे लिये कैसे बड़े काम किए॥
- Psalm 66:16 भजन संहिता 66:16हे परमेश्वर के सब डरवैयों आकर सुनो, मैं बताऊंगा कि उस ने मेरे लिये क्या क्या किया है।
- Psalm 71:17–18 भजन संहिता 71:17–18हे परमेश्वर, तू तो मुझ को बचपन ही से सिखाता आया है, और अब तक मैं तेरे आश्चर्य कर्मों का प्रचार करता आया हूं। इसलिये हे परमेश्वर जब मैं बूढ़ा हो जाऊं और मेरे बाल पक जाएं, तब भी तू मुझे न छोड़, जब तक मैं आनेवाली पीढ़ी के लोगों को तेरा बाहुबल और सब उत्पन्न होनेवालों को तेरा पराक्रम सुनाऊं।
- Luke 2:38 लूका 2:38और वह उस घड़ी वहां आकर प्रभु का धन्यवाद करने लगी, और उन सभों से, जो यरूशलेम के छुटकारे की बाट जोहते थे, उसके विषय में बातें करने लगी।
- Psalm 16:9–10 भजन संहिता 16:9–10इस कारण मेरा हृदय आनन्दित और मेरी आत्मा मगन हुई; मेरा शरीर भी चैन से रहेगा। क्योंकि तू मेरे प्राण को अधोलोक में न छोड़ेगा, न अपने पवित्रा भक्त को सड़ने देगा।।
- Malachi 3:16 मलाकी 3:16तब यहोवा का भय माननेवालों ने आपस में बातें की, और यहोवा ध्यान धर कर उनकी सुनता था; और जो यहोवा का भय मानते और उसके नाम का सम्मान करते थे, उनके स्मरण के निमित्त उसके साम्हने एक पुस्तक लिखी जाती थी।
- John 1:41–46 यूहन्ना 1:41–46उस ने पहिले अपने सगे भाईं शमौन से मिलकर उस से कहा, कि हम को ख्रिस्तस अर्थात् मसीह मिल गया। वह उसे यीशु के पास लाया: यीशु ने उस पर दृष्टि करके कहा, कि तू यूहन्ना का पुत्रा शमौन है, तू केफा, अर्थात् पतरस कहलाएगा।। ूदूसरे दिन यीशु ने गलील को जाना चाहा; और फिलिप्पुस से मिलकर कहा, मेरे पीछे हो ले। फिलिप्पुस तो अन्द्रियास और पतरस के नगर बैतसैदा का निवासी था। फिलिप्पुस ने नतनएल से मिलकर उस से कहा, कि जिस का वर्णन मूसा ने व्यवस्था में और भविष्यद्वक्ताओं ने किया है, वह हम को मिल गया; वह यूसुफ का पुत्रा, यीशु नासरी है। नतनएल ने उस से कहा, क्या कोई अच्छी वस्तु भी नासरत से निकल सकती है? फिलिप्पुस ने उस से कहा, चलकर देख ले।