Luke · chapter 8 · verse 29
Luke 8:29 in Hindi
क्योंकि वह उस अशुद्ध आत्मा को उस मनुष्य में से निकलने की आज्ञा दे रहा था, इसलिये कि वह उस पर बार बार प्रबल होती थी; और यद्यपि लोग उसे सांकलों और बेडिय़ों से बांधते थे, तौभी वह बन्धनों को तोड़ डालता था, और दुष्टात्मा उसे जंगल में भगाये फिरती थी।
Kyonki vah us ashuddh aatmaa ko us manushy mem se nikalane kee aajnyaa de rahaa thaa, isaliye ki vah us par baar baar prabal hotee thee; aur yadyapi log use saankalom aur bediyom se baandhate the, taubhee vah bandhanom ko tod daalataa thaa, aur dushtaatmaa use jangal mem bhagaaye phiratee thee.
Luke 8:29 in English
- King James Version (KJV)
- (For he had commanded the unclean spirit to come out of the man. For oftentimes it had caught him: and he was kept bound with chains and in fetters; and he brake the bands, and was driven of the devil into the wilderness.)
- World English Bible (WEB)
- For Jesus was commanding the unclean spirit to come out of the man. For the unclean spirit had often seized the man. He was kept under guard and bound with chains and fetters. Breaking the bonds apart, he was driven by the demon into the desert.
- American Standard Version (ASV)
- For he was commanding the unclean spirit to come out from the man. For oftentimes it had seized him: and he was kept under guard, and bound with chains and fetters; and breaking the bands asunder, he was driven of the demon into the deserts.
- Bible in Basic English (BBE)
- For he gave an order to the evil spirit to come out of the man. For frequently it would take a grip of him: and he was kept under control, and prisoned with chains; but parting the chains in two, he would be sent by the driving of the evil spirit into waste places.
- Darby Translation (DBY)
- For he had commanded the unclean spirit to go out from the man. For very often it had seized him; and he had been bound, kept with chains and fetters; and breaking the bonds he was driven by the demon into the deserts.
- Webster's Bible (WBS)
- (For he had commanded the unclean spirit to come out of the man. For often it had caught him, and he was kept bound with chains, and in fetters: and he broke the bands, and was driven by the demon into the wilderness.)
- Young's Literal Translation (YLT)
- For he commanded the unclean spirit to come forth from the man, for many times it had caught him, and he was being bound with chains and fetters — guarded, and breaking asunder the bonds he was driven by the demons to the deserts.
Read in context
- 27जब वह किनारे पर उतरा, तो उस नगर का एक मनुष्य उसे मिला, जिस में दुष्टात्माएं थीं और बहुत दिनों से न कपड़े पहिनता था और न घर में रहता था वरन कब्रों में रहा करता था।
- 28वह यीशु को देखकर चिल्लाया, और उसके साम्हने गिरकर ऊंचे शब्द से कहा; हे परम प्रधान परमेश्वर के पुत्र यीशु, मुझे तुझ से क्या काम! मैं तेरी बिनती करता हूं, मुझे पीड़ा न दे!
- 29क्योंकि वह उस अशुद्ध आत्मा को उस मनुष्य में से निकलने की आज्ञा दे रहा था, इसलिये कि वह उस पर बार बार प्रबल होती थी; और यद्यपि लोग उसे सांकलों और बेडिय़ों से बांधते थे, तौभी वह बन्धनों को तोड़ डालता था, और दुष्टात्मा उसे जंगल में भगाये फिरती थी।
- 30यीशु ने उस से पूछा; तेरा क्या नाम है? उसने कहा, सेना; क्योंकि बहुत दुष्टात्माएं उसमें पैठ गईं थीं।
- 31और उन्होंने उस से बिनती की, कि हमें अथाह गड़हे में जाने की आज्ञा न दे।
Cross references
- Luke 9:42 लूका 9:42वह आ ही रहा था कि दुष्टात्मा ने उसे पटककर मरोड़ा, परन्तु यीशु ने अशुद्ध आत्मा को डांटा और लकड़े को अच्छा करके उसके पिता को सौंप दिया।
- Mark 5:3–5 मरकुस 5:3–5वह कब्रों में रहा करता था। और कोई उसे सांकलों से भी न बान्ध सकता था। क्योंकि वह बार बार बेड़ियों और सांकलों से बान्धा गया था, पर उस ने साकलों को तोड़ दिया, और बेड़ियों के टुकड़े टुकड़े कर दिए थे, और कोई उसे वश में नहीं कर सकता था। वह लगातार रात- दिन कब्रों और पहाड़ो में चिल्लाता, और अपने को पत्थरों से घायल करता था।
- Luke 9:39 लूका 9:39और देख, एक दुष्टात्मा उसे पकड़ता है, और वह एकाएक चिल्ला उठता है; और वह उसे ऐसा मरोड़ता है, कि वह मुंह में फेन भर लाता है; और उसे कुचलकर कठिनाई से छोड़ता है।
- Mark 9:20–26 मरकुस 9:20–26तब वे उसे उसके पास ले आए: और जब उस ने उसे देखा, तो उस आत्मा ने तुरन्त उसे मरोड़ा; और वह भूमि पर गिरा, और मुंह से फेन बहाते हुए लोटने लगा। उस ने उसके पिता से पूछा; इस की यह दशा कब से है? उस ने कहा, बचपन से: उस ने इसे नाश करने के लिये कभी आग और कभी पानी में गिराया; परन्तु यदि तू कुछ कर सके, तो हम पर तरस खाकर हमारा उपकार कर। यीशु ने उस से कहा; यदि तू कर सकता है; यह क्या बता है? विश्वास करनेवाले के लिये सब कुछ हो सकता है। बालक के पिता ने तुरन्त गिड़गिड़ाकर कहा; हे प्रभु, मैं विश्वास करता हूं, मेरे अविश्वास का उपाय कर। जब यीशु ने देखा, कि लोग दौड़कर भीड़ लगा रहे हैं, तो उस ने अशुद़्ध आत्म को यह कहकर डांटा, कि हे गूंगी और बहिरी आत्मा, मैं तुझे आज्ञा देता हूं, उस में से निकल आ, और उस में फिर कभी प्रवेश न कर। तब वह चिल्लाकर, और उसे बहुत मरोड़ कर, निकल आई; और बालक मरा हुआ सा हो गया, यहां तक कि बहुत लागे कहने लगे, कि वह मर गया।
- Mark 5:8 मरकुस 5:8क्योंकि उस ने उस से कहा था, हे अशुद्ध आत्मा, इस मनुष्य में से निकल आ।
- Acts 19:12–16 प्रेरितों के काम 19:12–16यहां तक कि रूमाल और अंगोछे उस की देह से छुलवाकर बीमारों पर डालते थे, और उन की बीमारियां जाती रहती थी; और दुष्टात्माएं उन में से निकल जाया करती थीं। परन्तु कितने यहूदी जो झाड़ा फूंकी करते फिरते थे, यह करने लगे, कि जिन में दुष्टात्मा हों उन पर प्रभु यीशु का नाम यह कहकर फूंके कि जिस यीशु का प्रचार पौलुस करता है, मैं तुम्हें उसी की शपथ देता हूं। और स्क्किवा नाम के एक यहूदी महायाजक के सात पुत्रा थे, जो ऐसा ही करते थे। पर दुष्टात्मा ने उत्तर दिया, कि यीशु को मैं जानती हूं, और पौलुस को भी पहचानती हूं; परन्तु तुम कौन हो? और उस मनुष्य ने जिस में दुष्ट आत्मा थी; उन पर लपककर, और उन्हें वश में लाकर, उन पर ऐसा उपद्रव किया, कि वे नंगे और घायल होकर उस घर से निकल भागे।
- 2 Timothy 2:25–26 2 तीमुथियुस 2:25–26और विरोधियों को नम्रता से समझाए, क्या जाने परमेश्वर उन्हें मन फिराव का मन दे, कि वे भी सत्य को पहिचानें। और इस के द्वारा उस की इच्छा पूरी करने के लिये सचेत होकर शैतान के फंदे से छूट जाए।।
Original words (Greek)
- For · G1063γάρ gár
- commanded · G3853παραγγέλλω parangéllō
- unclean · G169ἀκάθαρτος akáthartos
- spirit · G4151πνεῦμα pneûma
- out · G1831ἐξέρχομαι exérchomai
- of · G575ἀπό apó
- man · G444ἄνθρωπος ánthrōpos
- For · G1063γάρ gár
- oftentimes · G5550χρόνος chrónos
- caught · G4884συναρπάζω synarpázō
- him · G846αὐτός autós
- and · G2532καί kaí
- kept · G5442φυλάσσω phylássō
- bound · G1196δεσμέω desméō
- chains · G254ἅλυσις hálysis
- and · G2532καί kaí
- fetters · G3976πέδη pédē
- and · G2532καί kaí
- brake · G1284διαῤῥήσσω diarrhḗssō
- bands · G1199δεσμόν desmón
- driven · G1643ἐλαύνω elaúnō
- of · G5259ὑπό hypó
- devil · G1142δαίμων daímōn
- into · G1519εἰς eis
- wilderness · G2048ἔρημος érēmos