Malachi · chapter 1 · verse 9
Malachi 1:9 in Hindi
और अब मैं तुम से कहता हूं, ईश्वर से प्रार्थना करो कि वह हम लोगों पर अनुग्रह करे। यह तुम्हारे हाथ से हुआ है; तब कया तुम समझते हो कि परमेश्वर तुम में से किसी का पक्ष करेगा? सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।
Aur ab maim tum se kahataa hoom, eeshvar se praarthanaa karo ki vah ham logom par anugrah kare. Yah tumhaare haath se huaa hai; tab kayaa tum samajhate ho ki parameshvar tum mem se kisee kaa paksh karegaa? Senaaom ke yahovaa kaa yahee vachan hai.
Malachi 1:9 in English
- King James Version (KJV)
- And now, I pray you, beseech God that he will be gracious unto us: this hath been by your means: will he regard your persons? saith the LORD of hosts.
- World English Bible (WEB)
- “Now, please entreat the favor of God, that he may be gracious to us. With this, will he accept any of you?” says the LORD of Armies.
- American Standard Version (ASV)
- And now, I pray you, entreat the favor of God, that he may be gracious unto us: this hath been by your means: will he accept any of your persons? saith Jehovah of hosts.
- Bible in Basic English (BBE)
- And now, make request for the grace of God so that he may have mercy on us: this has been your doing: will he give his approval to any of you? says the Lord of armies.
- Darby Translation (DBY)
- And now, I pray you, beseech God that he will be gracious unto us. This hath been of your hand: will he accept any of your persons? saith Jehovah of hosts.
- Webster's Bible (WBS)
- And now, I pray you, beseech God that he will be gracious to us: this hath been by your means: will he regard your person? saith the LORD of hosts.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And now, appease, I pray thee, the face of God, And He doth favour us; From your own hand hath this been, Doth He accept of you appearances? Said Jehovah of Hosts.
Read in context
- 7तौभी तुम पूछते हो कि हम किस बात में तुझे अशुद्ध ठहराते हैं? इस बात में भी, कि तुम कहते हो, यहोवा की मेज तुच्छ है।
- 8जब तुम अन्धे पशु को बलि करने के लिये समीप ले आते हो तो क्या यह बुरा नहीं? और जब तुम लंगड़े वा रोगी पशु को ले आते हो, तो क्या यह बुरा नहीं? अपने हाकिम के पास ऐसी भेंट ले आओ; क्या वह तुम से प्रसन्न होगा वा तुम पर अनुग्रह करेगा? सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।।
- 9और अब मैं तुम से कहता हूं, ईश्वर से प्रार्थना करो कि वह हम लोगों पर अनुग्रह करे। यह तुम्हारे हाथ से हुआ है; तब कया तुम समझते हो कि परमेश्वर तुम में से किसी का पक्ष करेगा? सेनाओं के यहोवा का यही वचन है।
- 10भला होता कि तुम में से कोई मन्दिर के किवाड़ों को बन्द करता कि तुम मेरी वेदी पर व्यर्थ आग जलाने न पाते! सेनाओं के यहोवा का यह वचन है, मैं तुम से कदापि प्रसन्न नहीं हूं, और न तुम्हारे हाथ से भेंट ग्रहण करूंगा।
- 11क्योंकि उदयाचल से लेकर अस्ताचल तक अन्यजातियों में मेरा नाम महान है, और हर कहीं मेरे नाम पर धूप और शुद्ध भेंट चढ़ाई जाती है; क्योंकि अन्यजातियों में मेरा नाम महान है, सेनाओं का यही वचन है।
Cross references
- 1 Peter 1:17 1 पतरस 1:17और जब कि तुम, हे पिता, कह कर उस से प्रार्थना करते हो, जो बिना पक्षपात हर एक के काम के अनुसार न्याय करता है, तो अपने परदेशी होने का समय भय से बिताओ।
- John 9:31 यूहन्ना 9:31हम जानते हैं कि परमेश्वर पापियों की नहीं सुनता परन्तु यदि कोई परमेश्वर का भक्त हो, और उस की इच्छा पर चलता है, तो वह उस की सुनता है।
- Exodus 32:11 निर्गमन 32:11तब मूसा अपने परमेश्वर यहोवा को यह कहके मनाने लगा, कि हे यहोवा, तेरा कोप अपनी प्रजा पर क्यों भड़का है, जिसे तू बड़े सामर्थ्य और बलवन्त हाथ के द्वारा मि देश से निकाल लाया है?
- Jeremiah 27:18 यिर्मयाह 27:18यह नगर क्यों उजाड़ हो जाए? यदि वे भविष्यद्वक्ता भी हों, और यदि यहोवा का वचन उनके पास हो, तो वे सेनाओं के यहोवा से बिनती करें कि जो पात्रा यहोवा के भवन में और यहूदा के राजा के भवन में और यरूशलेम में रह गए हैं, वे बाबुल न जाने पाएं।
- Hebrews 7:26–27 इब्रानियों 7:26–27सो ऐसा ही महायाजक हमारे योग्य था, जो पवित्रा, और निष्कपट और निर्मल, और पापियों से अलग, और स्वर्ग से भी ऊंचा किया हुआ हो। और उन महायाजकों की नाई उसे आवश्यक नहीं कि प्रति दिन पहिले अपने पापों और फिर लोगों के पापों के लिये बलिदान चढ़ाए; क्योंकि उस ने अपने आप को बलिदान चढ़ाकर उसे एक ही बार निपटा दिया।
- Romans 2:11 रोमियों 2:11क्योंकि परमेश्वर किसी का पक्ष नहीं करता।
- Jeremiah 26:19 यिर्मयाह 26:19क्या यहूदा के राजा हिजकिरयाह ने वा किसी यहूदी ने उसको कहीं मरवा डाला? क्या उस राजा ने यहोवा का भय न माना ओर उस से बिनती न की? और तब यहोवा ने जो विपत्ति उन पर डालने के लिये कहा था, उसके विषय क्या वह न पछताया? ऐसा करके हम अपने प्राणों की बड़ी हानि करेंगे।
- 2 Chronicles 30:27 2 इतिहास 30:27अन्त में लेवीय याजकों ने खड़े होकर प्रजा को आशीर्वाद दिया, और उनकी सुनी गई, और उनकी प्रार्थना उसके पपित्रा धाम तक अर्थात् स्वर्ग तक पहुंची।
- Acts 19:15–16 प्रेरितों के काम 19:15–16पर दुष्टात्मा ने उत्तर दिया, कि यीशु को मैं जानती हूं, और पौलुस को भी पहचानती हूं; परन्तु तुम कौन हो? और उस मनुष्य ने जिस में दुष्ट आत्मा थी; उन पर लपककर, और उन्हें वश में लाकर, उन पर ऐसा उपद्रव किया, कि वे नंगे और घायल होकर उस घर से निकल भागे।
- Lamentations 2:19 विलापगीत 2:19रात के हर पहर के आरम्भ में उठकर चिल्लाया कर! प्रभु के सम्मुख अपने मन की बातों को घारा की नाई उण्डेल! तेरे बालबच्चे जो हर एक सड़क के सिरे पर भूख के कारण मूर्च्छित हो रहे हैं, उनके प्राण के निमित्त अपने हाथ उसकी ओर फैला।
- Joel 2:17 योएल 2:17याजक जो यहोवा के टहलुए हैं, वे आंगल और वेदी के बीच में रो रोकर कहें, हे यहोवा अपनी प्रजा पर तरस खा; और अपने निज भाग की नामधराई न होने दे; न अन्यजातियां उसकी उपमा देने पाएं। जाति जाति के लोग आपस में क्यां कहने पाएं, कि उनका परमेश्वर कहां रहा?
- Zechariah 3:1–5 जकर्याह 3:1–5फिर उस ने यहोशू महायाजक को यहोवा के दूत के साम्हने खड़ा हुआ मुझे दिखाया, और शैतान उसकी दहिनी ओर उसका विरोध करने को खड़ा था। तब यहोवा ने शैतान से कहा, हे शैतान यहोवा तुझ को घुड़के! यहोवा जो यरूशलेम को अपना लेता है, वही तुझे घुड़के! क्या यह आग से निकाली हुई लुकटी सी नहीं है? उस समय यहोशू तो दूत के साम्हने मैला वस्त्रा पहिने हुए खड़ा था। तब दूत ने उन से जो साम्हने खड़े थे कहा, इसके ये मैले वस्त्रा उतारो। फिर उस ने उस से कहा, देख, मैं ने तेरा अधर्म दूर किया है, और मैं तुझे सुन्दर वस्त्रा पहिना देता हूं। तब मैं ने कहा, इसके सिर पर एक शुद्ध पगड़ी रखी जाए। और उन्हों ने उसके सिर पर याजक के योग्य शुद्ध पगड़ी रखी, और उसको वस्त्रा पहिनाए; उस समय यहोवा का दूत पास खड़ा रहा।।