Mark · chapter 4 · verse 27
Mark 4:27 in Hindi
और रात को सोए, और दिन को जागे और वह बीच ऐसे उगे और बढ़े कि वह न जाने।
Aur raat ko soe, aur din ko jaage aur vah beech aise uge aur badhe ki vah na jaane.
Mark 4:27 in English
- King James Version (KJV)
- And should sleep, and rise night and day, and the seed should spring and grow up, he knoweth not how.
- World English Bible (WEB)
- and should sleep and rise night and day, and the seed should spring up and grow, though he doesn’t know how.
- American Standard Version (ASV)
- and should sleep and rise night and day, and the seed should spring up and grow, he knoweth not how.
- Bible in Basic English (BBE)
- And went to sleep and got up, night and day, and the seed came to growth, though he had no idea how.
- Darby Translation (DBY)
- and should sleep and rise up night and day, and the seed should sprout and grow, he does not know how.
- Webster's Bible (WBS)
- And should sleep, and rise night and day, and the seed should spring and grow up, he knoweth not how.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and may sleep, and may rise night and day, and the seed spring up and grow, he hath not known how;
Read in context
- 25क्योंकि जिस के पास है, उस को दिया जाएगा; परन्तु जिस के पास नहीं है उस से वह भी जो उसके पास है; ले लिया जाएगा।।
- 26फिर उस ने कहा; परमेश्वर का राजय ऐसा है, जैसे कोई मनुष्य भूमि पर बीज छींटे।
- 27और रात को सोए, और दिन को जागे और वह बीच ऐसे उगे और बढ़े कि वह न जाने।
- 28पृथ्वी आप से आप फल लाती है पलिे अंकुर, तब बाल, और तब बालों में तैयार दाना।
- 29परन्तु जब दाना पक जाता है, तब वह तुरन्त हंसिया लगाता है, क्योंकि कटनी आ पहुंची है।।
Cross references
- Ecclesiastes 11:5 सभोपदेशक 11:5जैसे तू वायु के चलने का मार्ग नहीं जानता और किस रीति से गर्भवती के पेट में हडि्डयां बढ़ती हैं, वैसे ही तू परमेश्वर का काम नहीं जानता जो सब कुछ करता है।।
- 2 Thessalonians 1:3 2 थिस्सलुनीकियों 1:3हे भाइयो, तुम्हारे विषय में हमें हर समय परमेश्वर का धन्यवाद करना चाहिए, और यह उचित भी है इसलिये कि तुम्हारा विश्वास बहुत बढ़ता जाता है, और तुम सब को प्रेम आपस में बहुत ही होता जाता है।
- 1 Corinthians 15:37–38 1 कुरिन्थियों 15:37–38ओर जेा तू बोता है, यह वह देह नहीं जो उत्पन्न होनेवाली है, परन्तु निरा दाना है, चाहे गेहूं का, चाहे किसी और अनाज का। परन्तु परमेश्वर अपनी इच्छा के अनुसार उस को देह देता है; और हर एक बीज को उस की विशेष देह।
- Ecclesiastes 8:17 सभोपदेशक 8:17तब मैं ने परमेश्वर का सारा काम देखा जो सूर्य के नीचे किया जाता है, उसकी थाह मनुष्य नहीं पा सकता। चाहे मनुष्य उसकी खोज में कितना भी परिश्रम करे, तौभी उसको न जान पाएगा; और यद्यिप बुद्धिमान कहे भी कि मैं उसे समझूंगा, तौभी वह उसे न पा सकेगा।।
- John 3:7–8 यूहन्ना 3:7–8अचम्भा न कर, कि मैं ने तुझ से कहा; कि तुम्हें नये सिरे से जन्म लेना अवश्य है। हवा जिधर चाहती है उधर चलती है, और तू उसका शब्द सुनता है, परन्तु नहीं जानता, कि वह कहां से आती और किधर को जाती है? जो कोई आत्मा से जन्मा है वह ऐसा ही है।
- 2 Peter 3:18 2 पतरस 3:18पर हमारे प्रभु, और उद्धारकर्ता यीशु मसीह के अनुग्रह और पहचान में बढ़ते जाओ। उसी की महिमा अब भी हो, और युगानुयुग होती रहे। आमीन।।