Micah · chapter 1 · verse 4
Micah 1:4 in Hindi
और पहाड़ उसके नीचे गल जाएंगे, और तराई ऐसे फटेंगी, जैसे मोम आग की आंच से, और पानी जो घाट से नीचे बहता है।
Aur pahaad usake neeche gal jaaenge, aur taraaee aise phatengee, jaise mom aag kee aanch se, aur paanee jo ghaat se neeche bahataa hai.
Micah 1:4 in English
- King James Version (KJV)
- And the mountains shall be molten under him, and the valleys shall be cleft, as wax before the fire, [and] as the waters [that are] poured down a steep place.
- World English Bible (WEB)
- The mountains melt under him, and the valleys split apart like wax before the fire, like waters that are poured down a steep place.
- American Standard Version (ASV)
- And the mountains shall be melted under him, and the valleys shall be cleft, as wax before the fire, as waters that are poured down a steep place.
- Bible in Basic English (BBE)
- And the mountains will be turned to water under him, and the deep valleys will be broken open, like wax before the fire, like waters flowing down a slope.
- Darby Translation (DBY)
- And the mountains shall be melted under him, and the valleys shall be cleft, as wax before the fire, as waters poured down a steep place.
- Webster's Bible (WBS)
- And the mountains shall be melted under him, and the valleys shall be cleft, as wax before the fire, [and] as the waters [that are] poured down a steep place.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Melted have been the mountains under Him, And the valleys do rend themselves, As wax from the presence of fire, As waters cast down by a slope.
Read in context
- 2हे जाति- जाति के सब लोगों, सुनो! हे पृथ्वी तू उस सब समेत जो तुझ में है, ध्यान दे! और प्रभु यहोवा तुम्हारे विरूद्ध, वरन परमेश्वर अपने पवित्रा मन्दिर में से तुम पर साक्षी दे।
- 3कयोंकि देख, यहोवा अपने पवित्रास्थान से बाहर निकल रहा है, और वह उतरकर पृथ्वी के ऊंचे स्थानों पर चलेगा।
- 4और पहाड़ उसके नीचे गल जाएंगे, और तराई ऐसे फटेंगी, जैसे मोम आग की आंच से, और पानी जो घाट से नीचे बहता है।
- 5यह सब याकूब के अपराध, और इस्राएल के घराने के पाप के कारण से होता है। याकूब का अपराध क्या है? क्या सामरिया नहीं? और यहूदा के ऊंचे स्थान क्या हैं? क्या यरूशलेम नहीं?
- 6इस कारण मैं सामारिया को मैदान के खेत का ढेर कर दूंगा, और दाख का बगीचा बनाऊंगा; और मैं उसके पत्थरों को खड्ड में लुढ़का दूंगा, और उसकी नेव उखाड़ दूंगा।
Cross references
- Nahum 1:5 नहूम 1:5उसके स्पर्श से पहाड़ कांप उठते हैं और पहाड़ियां गल जाती हैं; उसके प्रताप से पृथ्वी वरन सारा संसार अपने सब रहनेवालों समेत थरथरा उठता है।।
- Psalm 97:5 भजन संहिता 97:5पहाड़ यहोवा के साम्हने, मोम की नाई पिघल गए, अर्थात् सारी पृथ्वी के परमेश्वर के साम्हने।।
- Amos 9:5 आमोस 9:5सेनाओं के परमेश्वर यहोवा के स्पर्श करने से पृथ्वी पिघलती है, और उसके सारे रहनेवाले विलाप करते हैं; और वह सब की सब मि की नदी के समान जो जाती है, जो बढ़ती है फिर लहरें मारती, और घट जाती है।
- Habakkuk 3:10 हबक्कूक 3:10पहाड़ तुझे देखकर कांप उठे; आंधी और जलप्रलय निकल गए; गहिरा सागर बोल उठा और अपने हाथों अर्थात् लहरों को ऊपर उठाया।
- Habakkuk 3:6 हबक्कूक 3:6वह खड़ा होकर पृथ्वी को नाप रहा था; उस ने देखा और जाति जाति के लोग घबरा गए; तब सनातन पर्वत चकनाचूर हो गए, और सनातन की पहाड़ियां झुक गई उसकी गति अनन्त काल से एक सी है।
- Judges 5:4 न्यायियों 5:4हे यहोवा, जब तू सेईर से निकल चला, जब तू ने एदोम के देश से प्रस्थान किया, तब पृथ्वी डोल उठी, और आकाश टूट पड़ा, बादल से भी जल बरसने लगा।।
- Isaiah 64:1–3 यशायाह 64:1–3भला हो कि तू आकाश को फाड़कर उतर आए और पहाड़ तेरे साम्हने कांप उठे। जैसे आग झाड़- झंखाड़ को जला देती वा जल को उबालती है, उसी रीति से तू अपने शत्रुओं पर अपना नाम ऐसा प्रगट कर कि जाति जाति के लोग तेरे प्रताप से कांप उठें! जब तू ने ऐसे भयानक काम किए जो हमारी आशा से भी बढ़कर थे, तब तू उतर आया, पहाड़ तेरे प्रताप से कांप उठे।
- Zechariah 14:4 जकर्याह 14:4और उस समय वह जलपाई के पर्वत पर पांव धरेगा, जो पूरब ओर यरूशलेम के साम्हने है; तब जलपाई का पर्वत पूरब से लेकर पच्छिम तक बीचोबीच से फटकर बहुत बड़ा खड्ड हो जाएगा; तब आधा पर्वत उत्तर की ओर और आधा दक्खिन की ओर हट जाएगा।
- Revelation 20:11 प्रकाशितवाक्य 20:11फिर मैं ने एक बड़ा श्वेत सिंहासन और उस को जो उस पर बैठा हुआ है, देखा, जिस के साम्हने से पृथ्वी और आकाश भाग गए, और उन के लिये जगह न मिली।
- Psalm 68:2 भजन संहिता 68:2जैसे धुआं उड़ जाता है, वैसे ही तू उनको उड़ा दे; जैसे मोम आग की आंच से पिघल जाता है, वैसे ही दुष्ट लोग परमेश्वर की उपस्थिति से नाश हों।
- 2 Peter 3:10–12 2 पतरस 3:10–12परन्तु प्रभु का दिन चोर की नाईं आ जाएगा, उस दिन आकाश बड़ी हड़हड़ाहट के शब्द से जाता रहेगा, और तत्व बहुत ही तप्त होकर पिघल जाएंगे, और पृथ्वी और उस पर के काम जल जाएेंगे। तो जब कि ये सब वस्तुएं, इस रीति से पिघलनेवाली हैं, तो तुम्हें पवित्रा चालचलन और भक्ति में कैसे मनुष्य होना चाहिए। और परमेश्वर के उस दिन की बाट किस रीति से जोहना चाहिए और उसके जल्द आने के लिये कैसा यत्न करना चाहिए; जिस के कारण आकाश आग से पिघल जाएंगे, और आकाश के गण बहुत ही तप्त होकर गल जाएंगे।