Proverbs · chapter 19 · verse 23
Proverbs 19:23 in Hindi
यहोवा का भय मानने से जीवन बढ़ता है; और उसका भय माननेवाला ठिकाना पाकर सुखी रहता है; उस पर विपत्ती नहीं पड़ने की।
Yahovaa kaa bhay maanane se jeevan badhataa hai; aur usakaa bhay maananevaalaa thikaanaa paakar sukhee rahataa hai; us par vipattee naheem padane kee.
Proverbs 19:23 in English
- King James Version (KJV)
- The fear of the LORD [tendeth] to life: and [he that hath it] shall abide satisfied; he shall not be visited with evil.
- World English Bible (WEB)
- The fear of the LORD leads to life, then contentment; he rests and will not be touched by trouble.
- American Standard Version (ASV)
- The fear of Jehovah [tendeth] to life; And he [that hath it] shall abide satisfied; He shall not be visited with evil.
- Bible in Basic English (BBE)
- The fear of the Lord gives life: and he who has it will have need of nothing; no evil will come his way.
- Darby Translation (DBY)
- The fear of Jehovah [tendeth] to life, and he [that hath it] shall rest satisfied without being visited with evil.
- Webster's Bible (WBS)
- The fear of the LORD [tendeth] to life: and [he that hath it] shall abide satisfied; he shall not be visited with evil.
- Young's Literal Translation (YLT)
- The fear of Jehovah [is] to life, And satisfied he remaineth — he is not charged with evil.
Read in context
- 21मनुष्य के मन में बहुत सी कल्पनाएं होती हैं, परन्तु जो युक्ति यहोवा करता है, वही स्थिर रहती है।
- 22मनुष्य कृपा करने के अनुसार चाहने योग्य होता है, और निर्धन जन झूठ बोलनेवाले से उत्तम है।
- 23यहोवा का भय मानने से जीवन बढ़ता है; और उसका भय माननेवाला ठिकाना पाकर सुखी रहता है; उस पर विपत्ती नहीं पड़ने की।
- 24आलसी अपना हाथ थाली में डालता है, परन्तु अपने मुंह तक कौर नहीं उठाता।
- 25ठट्ठा करनेवाले को मार, इस से भोला मनुष्य समझदार हो जाएगा; और समझवाले को डांट, तब वह अधिक ज्ञान पाएगा।
Cross references
- Matthew 5:6 मत्ती 5:6धन्य हैं वे, जो दयावन्त हैं, क्योंकि उन पर दया की जाएगी।
- Proverbs 14:26–27 नीतिवचन 14:26–27यहोवा के भय मानने से दृढ़ भरोसा होता है, और उसके पुत्रों केा शरणस्थान मिलता है। यहोवा का भय मानना, जीवन का सोता है, और उसके द्वारा लोग मृत्यु के फन्दों से बच जाते हैं।
- Proverbs 12:21 नीतिवचन 12:21धर्मी को हानि नहीं होती है, परन्तु दुष्ट लोग सारी विपत्ति में डूब जाते हैं।
- Isaiah 58:10–11 यशायाह 58:10–11उदारता से भूखे की सहायता करे और दीन दु:खियों को सन्तुष्ट करे, तब अन्धियारे में तेरा प्रकाश चमकेगा, और तेरा घोर अन्धकार दोपहर का सा उजियाला हो जाएगा। और यहोवा तुझे लगातार लिए चलेगा, और काल के समय तुझे तृप्त और तेरी हडि्डयों को हरी भरी करेगा; और तू सींची हुई बारी और ऐसे सोते के समान होगा जिसका जल कभी नहीं सूखता।
- 1 Timothy 4:8 1 तीमुथियुस 4:8क्योंकि देह ही साधना से कम लाभ होता है, पर भक्ति सब बातों के लिये लाभदायक है, क्योंकि इस समय के और आनेवाले जीवन की भी प्रतिज्ञा इसी के लिये है।
- Hebrews 13:5–6 इब्रानियों 13:5–6तुम्हारा स्वभाव लोभरहित हो, और जो तुम्हारे पास है, उसी पर संतोष किया करो; क्योंकि उस ने आप ही कहा है, कि मैं तुझे कभी न छोडूंगा, और न कभी तुझे त्यागूंगा। इसलिये हम बेधड़क होकर कहते हैं, कि प्रभु, मेरा सहायक है; मैं न डरूंगा; मनुष्य मेरा क्या कर सकता है।।
- Psalm 90:14 भजन संहिता 90:14भोर को हमें अपनी करूणा से तृप्त कर, कि हम जीवन भर जयजयकार और आनन्द करते रहें।
- Philippians 4:11–12 फिलिप्पियों 4:11–12यह नहीं कि मैं अपनी घटी के कारण यह कहता हूं; क्योंकि मैं ने यह सीखा है कि जिस दशा में हूं, उसी में सन्तोष करूं। मैं दीन होना भी जानता हूं और बढ़ना भी जानता हूं: हर एक बात और सब दशाओं में तृप्त होना, भूखा रहना, और बढ़ना- घटना सीखा है।
- Malachi 3:16–17 मलाकी 3:16–17तब यहोवा का भय माननेवालों ने आपस में बातें की, और यहोवा ध्यान धर कर उनकी सुनता था; और जो यहोवा का भय मानते और उसके नाम का सम्मान करते थे, उनके स्मरण के निमित्त उसके साम्हने एक पुस्तक लिखी जाती थी। सेनाओं का यहोवा यह कहता है, कि जो दिन मैं ने ठहराया है, उस दिन वे लोग मेरे वरन मेरे निज भाग ठहरेंगे, और मै उन से ऐसी कोमलता करूंगा जैसी कोई अपने सेवा करनेवाले पुत्रा से करे।
- Proverbs 10:27 नीतिवचन 10:27यहोवा के भय मानने से आयु बढ़ती है, परन्तु दुष्टों का जीवन थोड़े ही दिनों का होता है।
- Psalm 103:17 भजन संहिता 103:17परन्तु यहोवा की करूणा उसके डरवैयों पर युग युग, और उसका धर्म उनके नाती- पोतों पर भी प्रगट होता रहता है,
- Psalm 33:18–19 भजन संहिता 33:18–19देखो, यहोवा की दृष्टि उसके डरवैयों पर और उन पर जो उसकी करूणा की आशा रखते हैं बनी रहती है, कि वह उनके प्राण को मृत्यु से बचाए, और अकाल के समय उनको जीवित रखे।।