Psalms · chapter 103 · verse 17
Psalm 103:17 in Hindi
परन्तु यहोवा की करूणा उसके डरवैयों पर युग युग, और उसका धर्म उनके नाती- पोतों पर भी प्रगट होता रहता है,
Parantu yahovaa kee karoonaa usake daravaiyom par yug yug, aur usakaa dharm unake naatee- potom par bhee pragat hotaa rahataa hai,
Psalm 103:17 in English
- King James Version (KJV)
- But the mercy of the LORD [is] from everlasting to everlasting upon them that fear him, and his righteousness unto children’s children;
- World English Bible (WEB)
- But the LORD’s loving kindness is from everlasting to everlasting with those who fear him, his righteousness to children’s children,
- American Standard Version (ASV)
- But the lovingkindness of Jehovah is from everlasting to everlasting upon them that fear him, And his righteousness unto children’s children;
- Bible in Basic English (BBE)
- But the mercy of the Lord is eternal for his worshippers, and their children's children will see his righteousness;
- Darby Translation (DBY)
- But the loving-kindness of Jehovah is from everlasting and to everlasting, upon them that fear him, and his righteousness unto children's children,
- Webster's Bible (WBS)
- But the mercy of the LORD is from everlasting to everlasting upon them that fear him, and his righteousness to children's children;
- Young's Literal Translation (YLT)
- And the kindness of Jehovah [Is] from age even unto age on those fearing Him, And His righteousness to sons' sons,
Read in context
- 15मनुष्य की आयु घास के समान होती है, वह मैदान के फूल की नाईं फूलता है,
- 16जो पवन लगते ही ठहर नहीं सकता, और न वह अपने स्थान में फिर मिलता है।
- 17परन्तु यहोवा की करूणा उसके डरवैयों पर युग युग, और उसका धर्म उनके नाती- पोतों पर भी प्रगट होता रहता है,
- 18अर्थात् उन पर जो उसकी वाचा का पालन करते और उसके उपदेशों को स्मरण करके उन पर चलते हैं।।
- 19यहोवा ने तो अपना सिंहासन स्वर्ग में स्थिर किया है, और उसका राज्य पूरी सृष्टि पर है।
Cross references
- Psalm 100:5 भजन संहिता 100:5क्योंकि यहोवा भला है, उसकी करूणा सदा के लिये, और उसकी सच्चाई पीढ़ी से पीढ़ी तक बनी रहती है।।
- Ephesians 2:4–7 इफिसियों 2:4–7परन्तु परमेश्वर ने जो दया का धनी है; अपने उस बड़े प्रेम के कारण, जिस से उस ने हम से प्रेम किया। जब हम अपराधों के कारण मरे हुए थे, तो हमें मसीह के साथ जिलाया; (अनुग्रह ही से तुम्हारा उद्धार हुआ है।) और मसीह यीशु में उसके साथ उठाया, और स्वर्गीय स्थानों में उसके साथ बैठाया। कि वह अपनी उस कृपा से जो मसीह यीशु में हम पर है, आनेवाले समयों में अपने अनुग्रह का असीम धन दिखाए।
- 2 Timothy 1:9 2 तीमुथियुस 1:9जिस ने हमारा उद्धार किया, और पवित्रा बुलाहट से बुलाया, और यह हमारे कामों के अनुसार नहीं; पर अपनी मनसा और उस अनुग्रह के अनुसार है जो मसीह यीशु में सनातन से हम पर हुआ है।
- Exodus 20:6 निर्गमन 20:6और जो मुझ से प्रेम रखते और मेरी आज्ञाओं को मानते हैं, उन हजारों पर करूणा किया करता हूं।।
- Romans 1:17 रोमियों 1:17क्योंकि उस में परमेश्वर की धार्मिकता विश्वास से और विश्वास के लिये प्रगट होती है; जैसा लिखा है, कि विश्वास से धर्मी जन जीवित रहेगा।।
- Isaiah 51:6 यशायाह 51:6आकाश की ओर अपनी आंखें उठाओ, और पृथ्वी को निहारो; क्योंकि आकाश धुंए ही नाई लोप हो जाएगा, पृथ्वी कपड़े के समान पुरानी हो जाएगी, और उसके रहनेवाले यों ही जाते रहेंगे; परन्तु जो उद्धार मैं करूंगा वह सर्वदा ठहरेगा, और मेरे धर्म का अन्त न होगा।।
- 2 Thessalonians 2:13–14 2 थिस्सलुनीकियों 2:13–14पर हे भाइयो, और प्रभु के प्रिय लोगो चाहिये कि हम तुम्हारे विषय में सदा परमेश्वर का धन्यवाद करते रहें, कि परमेश्वर ने आदि से तुम्हें चुन लिया; कि आत्मा के द्वारा पवित्रा बनकर, और सत्य की प्रतीति करके उद्धार पाओ। जिस के लिये उस ने तुम्हें हमारे सुसमाचार के द्वारा बुलाया, कि तुम हमारे प्रभु यीशु मसीह की महिमा को प्राप्त करो।
- Ephesians 1:4–8 इफिसियों 1:4–8जैसा उस ने हमें जगत की उत्पति से पहिले उस में चुन लिया, कि हम उसके निकट प्रेम में पवित्रा और निर्दोष हों। और अपनी इच्छा की सुमति के अनुसार हमें अपने लिये पहिले से ठहराया, कि यीशु मसीह के द्वारा हम उसके लेपालक पुत्रा हों, कि उसके उस अनुग्रह की महिमा की स्तुति हो, जिसे उस ने हमें उस प्यारे में सेंत मेंत दिया। हम को उस में उसके लोहू के द्वारा छुटकारा, अर्थात् अपराधों की क्षमा, उसके उस अनुग्रह के धन के अनुसार मिला है। जिसे उस ने सारे ज्ञान और समझ सहित हम पर बहुतायत से किया।
- 2 Peter 1:1 2 पतरस 1:1शमौन पतरस की और से जो यीशु मसीह का दास और प्रेरित है, उन लोगों के नाम जिन्हों ने हमारे परमेश्वर और उद्धारकर्ता यीशु मसीह की धार्मिकता से हमारा सा बहुमूल्य विश्वास प्राप्त किया है।
- Romans 8:28–30 रोमियों 8:28–30और हम जानते हैं, कि जो लोग परमेश्वर से प्रेम रखते हैं, उन के लिये सब बातें मिलकर भलाई ही को उत्पन्न करती है; अर्थात् उन्हीं के लिये जो उस की इच्छा के अनुसार बुलाए हुए हैं। क्योंकि जिन्हें उस ने पहिले से जान लिया है उन्हें पहिले से ठहराया भी है कि उसके पुत्रा के स्वरूप में हों ताकि वह बहुत भाइयों में पहिलौठा ठहरे। फिर जिन्हें उन से पहिले से ठहराया, उन्हें बुलाया भी, और जिन्हें बुलाया, उन्हें धर्मी भी ठहराया है, और जिन्हें धर्मी ठहराया, उन्हें महिमा भी दी है।।
- Jeremiah 33:24–26 यिर्मयाह 33:24–26कि ये लोग क्या कहते हैं, कि, जो दो कुल यहोवा ने चुन लिए थे उन दोनों से उसने अब हाथ उठाया है? यह कह कर कि ये मेरी प्रजा को तुच्छ जानते हैं और कि यह जाति उनकी दृष्टि में गिर गई है। यहोवा यों कहता है, यदि दिन और रात के विषय मेरी वाचा अटल न रहे, और यदि आकाश और पृथ्वी के नियम मेरे ठहराए हुए न रह जाएं, तब ही मैं याकूब के वंश से हाथ उठाऊंगा।,और इब्राहीम, इसहाक और याकूब के वंश पर प्रभुता करने के लिये अपने दास दाऊद के वंश में से किसी को फिर न ठहराऊंगा। परन्तु इसके विपरीत मैं उन पर दया कर के उन को बंधुआई से लौटा लाऊंगा।
- Micah 6:5 मीका 6:5हे मेरी प्रजा, स्मरण कर, कि मोआब के राजा बालक ने तेरे विरूद्ध कौन सी युक्ति की? और बोर के पुत्रा बिलाम ने उसको क्या सम्मत्ति दी? और शित्तिम से गिल्गाल तक की बातों का स्मरण कर, जिस से तू यहोवा के धर्म के काम समझ सके।।