Psalms · chapter 102 · verse 2
Psalm 102:2 in Hindi
मेरे संकट के दिन अपना मुख मुझ से न छिपा ले; अपना कान मेरी ओर लगा; जिस समय मैं पुकारूं, उसी समय फुर्ती से मेरी सुन ले!
Mere sankat ke din apanaa mukh mujh se na chhipaa le; apanaa kaan meree or lagaa; jis samay maim pukaaroom, usee samay phurtee se meree sun le!
Psalm 102:2 in English
- King James Version (KJV)
- Hide not thy face from me in the day [when] I am in trouble; incline thine ear unto me: in the day [when] I call answer me speedily.
- World English Bible (WEB)
- Don’t hide your face from me in the day of my distress. Turn your ear to me. Answer me quickly in the day when I call.
- American Standard Version (ASV)
- Hide not thy face from me in the day of my distress: Incline thine ear unto me; In the day when I call answer me speedily.
- Bible in Basic English (BBE)
- Let not your face be veiled from me in the day of my trouble; give ear to me, and let my cry be answered quickly.
- Darby Translation (DBY)
- Hide not thy face from me: in the day of my trouble, incline thine ear unto me; in the day I call, answer me speedily.
- Webster's Bible (WBS)
- Hide not thy face from me in the day [when] I am in trouble; incline thy ear to me: in the day [when] I call, answer me speedily.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Hide not Thou Thy face from me, In a day of mine adversity, Incline unto me Thine ear, In the day I call, haste, answer me.
Read in context
- 1हे यहोवा, मेरी प्रार्थना सुन; मेरी दोहाई तुझ तक पहुंचे!
- 2मेरे संकट के दिन अपना मुख मुझ से न छिपा ले; अपना कान मेरी ओर लगा; जिस समय मैं पुकारूं, उसी समय फुर्ती से मेरी सुन ले!
- 3क्योंकि मेरे दिन धुएं की नाईं उड़े जाते हैं, और मेरी हडि्डयां लुकटी के समान जल गई हैं।
- 4मेरा मन झुलसी हुई घास की नाईं सूख गया है; और मैं अपनी रोटी खाना भूल जाता हूं।
Cross references
- Psalm 69:17 भजन संहिता 69:17अपने दास से अपना मुंह न मोड़; क्योंकि मैं संकट में हूं, फुर्ती से मेरी सुन ले।
- Psalm 27:9 भजन संहिता 27:9अपना मुख मुझ से न छिपा।। अपने दास को क्रोध करके न हटा, तू मेरा सहायक बना है। हे मेरे उद्धार करनेवाले परमेश्वर मुझे त्याग न दे, और मुझे छोड़ न दे!
- Isaiah 8:17 यशायाह 8:17मैं उस यहोवा की बाट जोहता रहूंगा जो अपने मुंख को याकूब के घराने से छिपाये है, और मैं उसी पर आशा लगाए रहूंगा।
- Psalm 70:1 भजन संहिता 70:1हे परमेश्वर मुझे छुड़ाने के लिये, हे यहोवा मेरी सहायता करने के लिये फुर्ती कर!
- Psalm 143:7 भजन संहिता 143:7हे यहोवा, फुर्ती करके मेरी सुन ले; क्योंकि मेरे प्राण निकलने ही पर हैं मुझ से अपना मुंह न छिपा, ऐसा न हो कि मैं कबर में पड़े हुओं के समान हो जाऊं।
- Psalm 71:2 भजन संहिता 71:2तू तो धर्मी है, मुझे छुड़ा और मेरा उद्धार कर; मेरी ओर कान लगा, और मेरा उद्धार कर!
- Psalm 104:29 भजन संहिता 104:29तू मुख फेर लेता है, और वे घबरा जाते हैं; तू उनकी सांस ले लेता है, और उनके प्राण छूट जाते हैं और मिट्टी में फिर मिल जाते हैं।
- Psalm 88:2–18 भजन संहिता 88:2–18मेरी प्रार्थना तुझ तक पहुंचे, मेरे चिल्लाने की ओर कान लगा! क्योंकि मेरा प्राण क्लेश में भरा हुआ है, और मेरा प्राण अधोलोक के निकट पहुंचा है। मैं कबर में पड़नेवालों में गिना गया हूं; मैं बलहीन पुरूष के समान हो गया हूं। मैं मुर्दों के बीच छोड़ा गया हूं, और जो घात होकर कबर में पड़े हैं, जिनको तू फिर स्मरण नहीं करता और वे तेरी सहायता रहित हैं, उनके समान मैं हो गया हूं। तू ने मुझे गड़हे के तल ही में, अन्धेरे और गहिरे स्थान में रखा है। तेरी जलजलाहट मुझी पर बनी हुई है, और तू ने अपने सब तरंगों से मुझे दु:ख दिया है; तू ने मेरे पहिचानवालों को मुझ से दूर किया है; और मुझ को उनकी दृष्टि में घिनौना किया है। मैं बन्दी हूं और निकल नही सकता; दु:ख भोगते भोगते मेरी आंखे धुन्धला गई। हे यहोवा मैं लगातार तुझे पुकारता और अपने हाथ तेरी ओर फैलाता आया हूं। क्या तू मुर्दों के लिये अदभुत् काम करेगा? क्या मरे लोग उठकर तेरा धन्यवाद करेंगे? क्या कबर में तेरी करूणा का, और विनाश की दशा में तेरी सच्चाई का वर्णन किया जाएगा? क्या तेरे अदभुत् काम अन्धकार में, वा तेरा धर्म विश्वासघात की दशा में जाना जाएगा? परन्तु हे यहोवा, मैं ने तेरी दोहाई दी है; और भोर को मेरी प्रार्थना तुझ तक पहुंचेगी। हे यहोवा, तू मुझ को क्यों छोड़ता है? तू अपना मुख मुझ से क्यों छिपाता रहता है? मैं बचपन ही से दु:खी वरन अधमुआ हूं, तुझ से भय खाते मैं अति व्याकुल हो गया हूं। तेरा क्रोध मुझ पर पड़ा है; उस भय से मैं मिट गया हूं। वह दिन भर जल की नाई मुझे घेरे रहता है; वह मेरे चारों ओर दिखाई देता है। तू ने मित्रा और भाईबन्धु दोनों को मुझ से दूर किया है; और मेरे जान- पहिचानवालों को अन्धकार में डाल दिया है।।
- Acts 12:5–25 प्रेरितों के काम 12:5–25सो बन्दीगृह में पतरस की रखवाली हो रही थी; परन्तु कलीसिया उसके लिये लौ लगाकर परमेश्वर से प्रार्थना कर रही थी। और जब हेरोदेस उसे उन के साम्हने लाने को था, तो उसी रात पतरस दो जंजीरों से बन्धा हुआ, दो सिपाहियों के बीच में सो रहा था: और पहरूए द्वार पर बन्दीगृह की रखवाली कर रहे थे। तो देखो, प्रभु का एक स्वर्गदूत आ खड़ा हुआ: और उस कोठरी में ज्योति चमकी: और उस ने पतरस की पसली पर हाथ मार के उसे जगाया, और कहा; उठ, फुरती कर, और उसके हाथ से जंजीरें खुलकर गिर पड़ीं। तब स्वर्गदूत ने उस से कहा; कमर बान्ध, और अपने जूते पहिन ले: उस ने वैसा ही किया, फिर उस ने उस से कहा; अपना वस्त्रा पहिनकर मेरे पीछे हो ले। वह निकलकर उसके पीछे हो लिया; परन्तु यह न जानता था, कि जो कुछ स्वर्गदूत कर रहा है, वह सचमुच है, बरन यह समझा, कि मैं दर्शन देख रहा हूं। तब वे पहिल और दूसरे पहरे से निकलकर उस लोहे के फाटक पर पहुंचे, जो नगर की ओर है; वह उन के लिये आप से आप खुल गया: और वे निकलकर एक ही गली होकर गए, इतने में र्स्वगदूत उसे छोड़कर चला गया। तब पतरस ने सचेत होकर कहा; अब मैं ने सच जान लिया कि प्रभु ने अपना स्वर्गदूत भेजकर मुझे हेरोदेस के हाथ से छुड़ा लिया, और यहूदियों की सारी आशा तोड़ दी। और यह सोचकर, वह उस यूहन्ना की माता मरियम के घर आया, जो मरकुस कहलाता है; वहां बहुत लोग इकट्ठे होकर प्रार्थना कर रहे थे। जब उस ने फाटक की खिड़की खटखटाई; तो रूदे नाम एक दासी सुनने को आई। और पतरस का शब्द पहचानकर, उस ने आनन्द के मारे फाटक न खोला; परन्तु दौड़कर भीतर गई, और बताया कि पतरस द्वार पर खड़ा है। उन्हों ने उस से कहा; तू पागल है, परन्तु वह दृढ़ता से बोली, कि ऐसा ही है: तब उन्हों ने कहा, उसका स्वर्गदूत होगा। परन्तु पतरस खटखटाता ही रहा: सो उन्हों ने खिड़की खोली, और उसे देखकर चकित हो गए। तब उस ने उन्हें हाथ से सैन किया, कि चुप रहें; और उन को बताया, कि प्रभु किस रीति से मुझे बन्दीगृह से निकाल लाया है: फिर कहा, कि याकूब और भाइयों को यह बात कह देना; तब निकलकर दूसरी जगह चला गया। भोर को सिपाहियों में बड़ी हलचल होने लगी, कि पतरस क्या हुआ। जब हेरोदेस ने उस की खोज की, और न पाया; तो पहरूओं की जांच करके आज्ञा दी कि वे मार डाले जाएं; और वह यहूदिया को छोड़कर कैसरिया में जा रहा। और वह सूर और सैदा के लोगों से बहुत अप्रसन्न था; सो वे एक चित्त होकर उसके पास आए और बलास्तुस को, जो राजा का एक कर्मचारी था, मनाकर मेल करता चाहा; क्योंकि राजा के देश से उन के देश का पालन पोषण होता था। और ठहराए हुए दिन हेरोदेस राजवस्त्रा पहिनकर सिंहासन पर बैठा; और उन को व्याख्यान देने लगा। और लोग पुकार उठे, कि यह तो मनुष्य का नहीं परमेश्वर का शब्द है। उसी क्षण प्रभु के एक स्वर्गदूत ने तुरन्त उसे मारा, क्योंकि उस ने परमशॆवर की महिमा नही की और वह कीड़े पड़के मर गया।। परन्तु परमेश्वर का वचन बढ़ता और फैलता गया।। जब बरनबास और शाऊल अपनी सेवा पूरी कर चुके, तो यूहन्ना को जो मरकुस कहलाता है साथ लेकर यरूशलेम से लौटे।।
- 1 Corinthians 10:13 1 कुरिन्थियों 10:13तुम किसी ऐसी परीक्षा में नहीं पड़े, जो मनुष्य के सहने से बाहर है: और परमेश्वर सच्चा है: वह तुम्हें सामर्थ से बाहर परीक्षा में न पड़ने देगा, बरन परीक्षा के साथ निकास भी करेगा; कि तुम सह सको।।
- Psalm 40:13 भजन संहिता 40:13हे यहोवा, कृपा करके मुझे छुड़ा ले! हे यहोवा, मेरी सहायता के लिये फुर्ती कर!
- Psalm 22:19 भजन संहिता 22:19परन्तु हे यहोवा तू दूर न रह! हे मेरे सहायक, मेरी सहायता के लिये फुर्ती कर!