Psalms · chapter 123 · verse 4
Psalm 123:4 in Hindi
हमारा जीव सुखी लोगों के ठट्ठों से, और अहंकारियों के अपमान से बहुत ही भर गया है।।
Hamaaraa jeev sukhee logom ke thatthom se, aur ahankaariyom ke apamaan se bahut hee bhar gayaa hai..
Psalm 123:4 in English
- King James Version (KJV)
- Our soul is exceedingly filled with the scorning of those that are at ease, [and] with the contempt of the proud.
- World English Bible (WEB)
- Our soul is exceedingly filled with the scoffing of those who are at ease, with the contempt of the proud.
- American Standard Version (ASV)
- Our soul is exceedingly filled With the scoffing of those that are at ease, And with the contempt of the proud.
- Bible in Basic English (BBE)
- For long enough have men of pride made sport of our soul.
- Darby Translation (DBY)
- Our soul is exceedingly filled with the scorning of those that are at ease, with the contempt of the proud.
- Webster's Bible (WBS)
- Our soul is exceedingly filled with the scorning of those that are at ease, [and] with the contempt of the proud.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Greatly hath our soul been filled With the scorning of the easy ones, With the contempt of the arrogant!
Read in context
- 2देख, जैसे दासों की आंखें अपने स्वामियों के हाथ की ओर, और जैसे दासियों की आंखें अपनी स्वामिनी के हाथ की ओर लगी रहती है, वैसे ही हमारी आंखें हमारे परमेश्वर यहोवा की ओर उस समय तक लगी रहेंगी, जब तक वह हम पर अनुग्रह न करे।।
- 3हम पर अनुग्रह कर, हे यहोवा, हम पर अनुग्रह कर, क्योंकि हम अपमान से बहुत ही भर गए हैं।
- 4हमारा जीव सुखी लोगों के ठट्ठों से, और अहंकारियों के अपमान से बहुत ही भर गया है।।
Cross references
- Job 12:5 अय्यूब 12:5दु:खी लोग तो सुखियों की समझ में तुच्छ जाने जाते हैं; और जिनके पांव फिसला चाहते हैं उनका अपमान अवश्य ही होता है।
- Psalm 119:51 भजन संहिता 119:51अभिमानियों ने मुझे अत्यन्त ठट्ठे में उड़ाया है, तौभी मैं तेरी व्यवस्था से नहीं हटा।
- Acts 17:32 प्रेरितों के काम 17:32मरे हुओं के पुनरूत्थान की बात सुनकर कितने तो ठट्ठा करने लगे, और कितनों ने कहा, यह बात हम तुझ से फिर कभी सुनेंगे।
- 1 Corinthians 4:13 1 कुरिन्थियों 4:13वे बदना करते हैं, हम बिनती करते हैं: हम आज तक जगत के कूड़े और सब वस्तुओं की खुरचन की नाई ठहरे हैं।।
- Isaiah 32:11 यशायाह 32:11हे सुखी स्त्रियों, थरथराओ, हे निश्चिन्त स्त्रियों, विकल हो; अपने अपने वस्त्रा उतारकर अपनी अपनी कमर में टाट कसो।
- Nehemiah 2:19 नहेमायाह 2:19यह सुनकर होरोनी सम्बल्लत और तोबियाह नाम कर्मचारी जो अम्मोनी था, और गेशेम नाम एक अरबी, हमेेें ठट्ठों में उड़ाने लगे; और हमें तुच्छ जानकर कहन लगे, यह तुम क्या काम करते हो।
- Acts 26:24 प्रेरितों के काम 26:24जब वह इस रीति से उत्तर दे रहा था, तो फेस्तुस ने ऊंचे शब्द से कहा; हे पौलुस, तू पागल है: बहुत विद्या ने तुझे पागल कर दिया है।
- Amos 6:1 आमोस 6:1हाय उन पर जो सिरयोन में सुख से रहते, और उन पर जो सामरिया के पर्वत पर निश्चिन्त रहते हैं, वे जो श्रेष्ठ जाति में प्रसिद्ध हैं, जिन के पास इस्राएल का घराना आता है!
- Psalm 73:5–9 भजन संहिता 73:5–9उनको दूसरे मनुष्यों की नाईं कष्ट नहीं होता; और और मनुष्यों के समान उन पर विपत्ति नहीं पड़ती। इस कारण अहंकार उनके गले का हार बना है; उनका ओढ़ना उपद्रव है। उनकी आंखें चर्बीं से झलकती हैं, उनके मन की भवनाएं उमण्डती हैं। वे ठट्ठा मारते हैं, और दुष्टता से अन्धेर की बात बोलते हैं; वे डींग मारते हैं। वे मानों स्वर्ग में बैठे हुए बोलते हैं, और वे पृथ्वी में बोलते फिरते हैं।।
- Isaiah 32:9 यशायाह 32:9हे सुखी स्त्रियों, उठकर मेरी सुनो; हे निश्चिन्त पुत्रियों, मेरे वचन की ओर कान लगाओ।
- Jeremiah 48:11 यिर्मयाह 48:11मोआब बचपन ही से सुखी है, उसके नीचे तलछट है, वह एक बरतन से दूसरे बरतन में उण्डेला नहीं गया और न बंधुआई में गया; इसलिये उसका स्वाद उस में स्थिर है, और उसकी गन्ध ज्यों की त्यों बनी रहती है।
- Job 16:4 अय्यूब 16:4जो तुम्हारी दशा मेरी सी होती, तो मैं भी तुम्हारी सी बातें कर सकता; मैं भी तुम्हारे विरूद्ध बातें जोड़ सकता, और तुम्हारे विरूद्ध सिर हिला सकता।