Psalms · chapter 39 · verse 2
Psalm 39:2 in Hindi
मैं मौन धारण कर गूंगा बन गया, और भलाई की ओर से भी चुप्पी साधे रहा; और मेरी पीड़ा बढ़ गई,
Maim maun dhaaran kar goongaa ban gayaa, aur bhalaaee kee or se bhee chuppee saadhe rahaa; aur meree peedaa badh gaee,
Psalm 39:2 in English
- King James Version (KJV)
- I was dumb with silence, I held my peace, [even] from good; and my sorrow was stirred.
- World English Bible (WEB)
- I was mute with silence. I held my peace, even from good. My sorrow was stirred.
- American Standard Version (ASV)
- I was dumb with silence, I held my peace, even from good; And my sorrow was stirred.
- Bible in Basic English (BBE)
- I made no sound, I said no word, even of good; and I was moved with sorrow.
- Darby Translation (DBY)
- I was dumb with silence, I held my peace from good; and my sorrow was stirred.
- Webster's Bible (WBS)
- I was dumb with silence, I held my peace, [even] from good; and my sorrow was stirred.
- Young's Literal Translation (YLT)
- I was dumb [with] silence, I kept silent from good, and my pain is excited.
Read in context
- 1मैं ने कहा, मैं अपनी चालचलन में चौकसी करूंगा, ताकि मेरी जीभ से पाप न हो; जब तक दुष्ट मेरे साम्हने है, तब तक मैं लगाम लगाए अपना मुंह बन्द किए रहूंगा।
- 2मैं मौन धारण कर गूंगा बन गया, और भलाई की ओर से भी चुप्पी साधे रहा; और मेरी पीड़ा बढ़ गई,
- 3मेरा हृदय अन्दर ही अन्दर जल रहा था। सोचते सोचते आग भड़क उठी; तब मैं अपनी जीभ से बोल उठा;
- 4हे यहोवा ऐसा कर कि मेरा अन्त मुझे मालुम हो जाए, और यह भी कि मेरी आयु के दिन कितने हैं; जिस से मैं जान लूं कि कैसा अनित्य हूं!
Cross references
- Matthew 27:12–14 मत्ती 27:12–14जब महायाजक और पुरनिए उस पर दोष लगा रहे थे, तो उस ने कुछ उत्तर नहीं दिया। इस पर पीलातुस ने उस से कहा: क्या तू नहीं सुनता, कि ये तेरे विरोध में कितनी गवाहियां दे रहे हैं? परन्तु उस ने उस को एक बात का भी उत्तर नहीं दिया, यहां तक कि हाकिम को बड़ा आश्चर्य हुआ।
- Acts 4:20 प्रेरितों के काम 4:20क्योंकि यह तो हम में हो नहीं सकता, कि जो हम ने देखा और सुना है, वह न कहें।
- Psalm 38:13–14 भजन संहिता 38:13–14परन्तु मैं बहिरे की नाई सुनता ही नहीं, और मैं गूंगे के समान मूंह नहीं खोलता। वरन मैं ऐसे मनुष्य के तुल्य हूं जो कुछ नहीं सुनता, और जिसके मुंह से विवाद की कोई बात नहीं निकलती।।
- Isaiah 53:7 यशायाह 53:7वह सताया गया, तौभी वह सहता रहा और अपना मुंह न खोला; जिस प्रकार भेड़ वध होने के समय वा भेड़ी ऊन कतरने के समय चुपचाप शान्त रहती है, वैसे ही उस ने भी अपना मुंह न खोला।
- Matthew 7:6 मत्ती 7:6मोंगो, तो तुम्हें दिया जाएगा; ढूंढ़ो, तो तुम पाओगे; खटखटाओ, तो तुम्हारे लिये खोला जाएगा।
- Job 32:19–20 अय्यूब 32:19–20मेरा मन उस दाखमधु के समान है, जो खोला न गया हो; वह नई कुप्पियों की नाई फटा चाहता है। शान्ति पाने के लिये मैं बोलूंगा; मैं मुंह खोलकर उत्तर दूंगा।