Psalms · chapter 50 · verse 12
Psalm 50:12 in Hindi
यदि मैं भूखा होता तो तुझ से न कहता; क्योंकि जगत् और जो कुछ उस में है वह मेरा है।
Yadi maim bhookhaa hotaa to tujh se na kahataa; kyonki jagat aur jo kuchh us mem hai vah meraa hai.
Psalm 50:12 in English
- King James Version (KJV)
- If I were hungry, I would not tell thee: for the world [is] mine, and the fulness thereof.
- World English Bible (WEB)
- If I were hungry, I would not tell you, for the world is mine, and all that is in it.
- American Standard Version (ASV)
- If I were hungry, I would not tell thee; For the world is mine, and the fulness thereof.
- Bible in Basic English (BBE)
- If I had need of food, I would not give you word of it; for the earth is mine and all its wealth.
- Darby Translation (DBY)
- If I were hungry, I would not tell thee; for the world is mine, and the fulness thereof.
- Webster's Bible (WBS)
- If I were hungry, I would not tell thee: for the world [is] mine, and the fullness thereof.
- Young's Literal Translation (YLT)
- If I am hungry I tell not to thee, For Mine [is] the world and its fulness.
Read in context
- 10क्योंकि वन के सारे जीवजन्तु और हजारों पहाड़ों के जानवर मेरे ही हैं।
- 11पहाड़ों के सब पक्षियों को मैं जानता हूं, और मैदान पर चलने फिरनेवाले जानवार मेरे ही हैं।।
- 12यदि मैं भूखा होता तो तुझ से न कहता; क्योंकि जगत् और जो कुछ उस में है वह मेरा है।
- 13क्या मैं बैल का मांस खाऊं, वा बकरों का लोहू पीऊं?
- 14परमेश्वर को धन्यवाद ही का बलिदान चढ़ा, और परमप्रधान के लिये अपनी मन्नतें पूरी कर;
Cross references
- Exodus 19:5 निर्गमन 19:5इसलिये अब यदि तुम निश्चय मेरी मानोगे, और मेरी वाचा का पालन करोगे, तो सब लोगों में से तुम ही मेरा निज धन ठहरोगे; समस्त पृथ्वी तो मेरी है।
- Psalm 24:1–2 भजन संहिता 24:1–2पृथ्वी और जो कुछ उस में है यहोवा ही का है; जगत और उस में निवास करनेवाले भी। क्योंकि उसी ने उसकी नींव समुद्रों के ऊपर दृढ़ करके रखी, और महानदों के ऊपर स्थिर किया है।।
- Deuteronomy 10:14 व्यवस्थाविवरण 10:14सुन, स्वर्ग और सब से ऊंचा स्वर्ग भी, और पृथ्वी और उस में जो कुछ है, वह सब तेरे परमेश्वर यहोवा ही का है;
- 1 Corinthians 10:26–28 1 कुरिन्थियों 10:26–28क्योकि पृथ्वी और उसकी भरपूरी प्रभु की है। और यदि अविश्वायिों में से कोई तुम्हें नेवता दे, और तुम जाना चाहो, तो जो कुछ तुम्हारे साम्हने रखा जाए वही खाओ: और विवेक के कारण कुछ न पूछो। परन्तु यदि कोई तुम से कहे, यह तो मूरत को बलि की हुई वस्तु है, तो उसी बतानेवाले के कारण, और विवेक के कारण न खाओ।
- Job 41:11 अय्यूब 41:11किस ने पुझे पहिले दिया है, जिसका बदला मुझे देना पड़े! देख, जो कुछ सारी धरती पर है सो मेरा है।
- Psalm 115:15–16 भजन संहिता 115:15–16यहोवा जो आकाश और पृथ्वी का कर्ता है, उसकी ओर से तुम अशीष पाए हो।। स्वर्ग तो यहोवा का है, परन्तु पृथ्वी उस ने मनुष्यों को दी है।
- Psalm 145:15–16 भजन संहिता 145:15–16सभों की आंखें तेरी ओर लगी रहती हैं, और तू उनको आहार समय पर देता है। तू अपनी मुट्ठी खोलकर, सब प्राणियों को आहार से तृप्त करता है।
- Genesis 8:17 उत्पत्ति 8:17क्या पक्षी, क्या पशु, क्या सब भांति के रेंगनेवाले जन्तु जो पृथ्वी पर रेंगते हैं, जितने शरीरधारी जीवजन्तु तेरे संग हैं, उस सब को अपने साथ निकाल ले आ, कि पृथ्वी पर उन से बहुत बच्चे उत्पन्न हों; और वे फूलें- फलें, और पृथ्वी पर फैल जाएं।
- Genesis 1:28–30 उत्पत्ति 1:28–30और परमेश्वर ने उनको आशीष दी: और उन से कहा, फूलो- फलो, और पृथ्वी में भर जाओ, और उसको अपने वश में कर लो; और समुद्र की मछलियों, तथा आकाश के पक्षियों, और पृथ्वी पर रेंगनेवाले सब जन्तुओ पर अधिकार रखो। फिर परमेश्वर ने उन से कहा, सुनो, जितने बीजवाले छोटे छोटे पेड़ सारी पृथ्वी के ऊपर हैं और जितने वृक्षों में बीजवाले फल होते हैं, वे सब मैं ने तुम को दिए हैं; वे तुम्हारे भोजन के लिये हैं: और जितने पृथ्वी के पशु, और आकाश के पक्षी, और पृथ्वी पर रेंगनेवाले जन्तु हैं, जिन में जीवन के प्राण हैं, उन सब के खाने के लिये मैं ने सब हरे हरे छोटे पेड़ दिए हैं; और वैसा ही हो गया।
- Genesis 1:11–12 उत्पत्ति 1:11–12फिर परमेश्वर ने कहा, पृथ्वी से हरी घास, तथा बीजवाले छोटे छोटे पेड़, और फलदाई वृक्ष भी जिनके बीज उन्ही में एक एक की जाति के अनुसार होते हैं पृथ्वी पर उगें; और वैसा ही हो गया। तो पृथ्वी से हरी घास, और छोटे छोटे पेड़ जिन में अपनी अपनी जाति के अनुसार बीज होता है, और फलदाई वृक्ष जिनके बीज एक एक की जाति के अनुसार उन्ही में होते हैं उगे; और परमेश्वर ने देखा कि अच्छा है।
- Psalm 104:24 भजन संहिता 104:24हे यहोवा तेरे काम अनगिनित हैं! इन सब वस्तुओं को तू ने बुद्धि से बनाया है; पृथ्वी तेरी सम्पत्ति से परिपूर्ण है।