Psalms · chapter 56 · verse 5
Psalm 56:5 in Hindi
वे दिन भर मेरे वचनों को, उलटा अर्थ लगा लगाकर मरोड़ते रहते हैंद्ध उनकी सारी कल्पनाएं मेरी ही बुराई करने की होती है।
Ve din bhar mere vachanom ko, ulataa arth lagaa lagaakar marodate rahate hainddh unakee saaree kalpanaaem meree hee buraaee karane kee hotee hai.
Psalm 56:5 in English
- King James Version (KJV)
- Every day they wrest my words: all their thoughts [are] against me for evil.
- World English Bible (WEB)
- All day long they twist my words. All their thoughts are against me for evil.
- American Standard Version (ASV)
- All the day long they wrest my words: All their thoughts are against me for evil.
- Bible in Basic English (BBE)
- Every day they make wrong use of my words; all their thoughts are against me for evil.
- Darby Translation (DBY)
- All the day long they wrest my words; all their thoughts are against me for evil.
- Webster's Bible (WBS)
- Every day they wrest my words: all their thoughts [are] against me for evil.
- Young's Literal Translation (YLT)
- All the day they wrest my words, Concerning me all their thoughts [are] for evil,
Read in context
- 3जिस समय मुझे डल लगेगा, मैं तुझ पर भरोसा रखूंगा।
- 4परमेश्वर की सहायता से मैं उसके वचन की प्रशंसा करूंगा, परमेश्वर पर मैं ने भरोसा रखा है, मैं नहीं डरूंगा। कोई प्राणी मेरा क्या कर सकता है?
- 5वे दिन भर मेरे वचनों को, उलटा अर्थ लगा लगाकर मरोड़ते रहते हैंद्ध उनकी सारी कल्पनाएं मेरी ही बुराई करने की होती है।
- 6वे सब मिलकर इकट्ठे होते हैं और छिपकर बैठते हैं; वे मेरे कदमों को देखते भालते हैं मानों वे मेरे प्राणों की घात में ताक लगाए बैठें हों।
- 7क्या वे बुराई करके भी बच जाएंगे? हे परमेश्वर, अपने क्रोध से देश देश के लोगों को गिरा दे!
Cross references
- Matthew 22:15 मत्ती 22:15तब फरीसियों ने जाकर आपस में विचार किया, कि उस को किस प्रकार बातों में फंसाएं।
- Luke 11:54 लूका 11:54और उस की घात में लगे रहे, कि उसके मुंह की कोई बात पकड़ें।।
- Psalm 41:7 भजन संहिता 41:7मेरे सब बैरी मिलकर मेरे विरूद्ध कानाफूसी करते हैं; मे मेरे विरूद्ध होकर मेरी हानि की कल्पना करते हैं।।
- Isaiah 29:20–21 यशायाह 29:20–21क्योंकि उपद्रवी फिर न रहेंगे और ठट्ठा करनेवालों का अन्त होगा, और जो अनर्थ करने के लिये जागते रहते हैं, जो मनुष्यों को वचन में फंसाते हैं, और जो सभा में उलहना देते उनके लिये फंदा लगाते, और धर्म को व्यर्थ बात के द्वारा बिगाड़ देते हैं, वे सब मिट जाएंगे।।
- 2 Peter 3:16 2 पतरस 3:16वैसे ही उस ने अपनी सब पत्रियों में भी इन बातों की चर्चा की है जिन में कितनी बातें ऐसी है, जिनका समझना कठिन है, और अनपढ़ और चंचल लोग उन के अर्थों को भी पवित्रा शास्त्रा की और बातों की नाईं खींच तानकर अपने ही नाश का कारण बनाते हैं।
- 1 Samuel 18:21 1 शमूएल 18:21शाऊल तो सोचता था, कि वह उसके लिये फन्दा हो, और पिशितलयों का हाथ उस पर पड़े। और शाऊल ने दाऊद से कहा, अब की बार तो तू अवश्य ही मेरा दामाद हो जाएगा।
- John 2:19 यूहन्ना 2:19यीशु ने उन को उत्तर दिया; कि इस मन्दिर को ढा दो, और मैं उसे तीन दिन में खड़ा कर दूंगा।
- Luke 22:3–6 लूका 22:3–6और शैतान यहूदा में समाया, जो इस्करियोती कहलाता और बारह चेलों में गिना जाता था। उस ने जाकर महायाजकों और पहरूओं के सरदारों के साथ बातचीत की, कि उस को किस प्रकार उन के हाथ पकड़वाए। वे आनन्दित हुए, और उसे रूपये देने का वचन दिया। उस ने मान लिया, और अवसर ढूंढ़ने लगा, कि बिना उपद्रव के उसे उन के हाथ पकड़वा दे।।
- 1 Samuel 18:17 1 शमूएल 18:17और शाऊल ने यह सोचकर, कि मेरा हाथ नहीं, वरन पलिश्तियों ही का हाथ दाऊद पर पड़े, उस से कहा, सुन, मैं अपनी बड़ी बेटी मेरब को तुझे ब्याह दूंगा; इतना कर, कि तू मेरे लिये वीरता के साथ यहोवा की ओर से युद्ध कर।
- Jeremiah 18:18 यिर्मयाह 18:18तब वे कहने लगे, चलो, यिर्मयाह के विरूद्ध युक्ति करें, क्योंकि न याजक से व्यवस्था, न ज्ञानी से सम्मति, न भविष्यद्वक्ता से वचन दूर होंगे। आओ, हम उसकी कोई बात पकड़कर उसको नाश कराएं और फिर उसकी किसी बात पर ध्यान न दें।
- 1 Samuel 18:29 1 शमूएल 18:29तब शाऊल दाऊद से और भी डर गया। और शाऊल सदा के लिये दाऊद का बैरी बन गया।।
- Matthew 26:61 मत्ती 26:61अन्त में दो जनों ने आकर कहा, कि उस ने कहा है; कि मैं परमेश्वर के मन्दिर को ढा सकता हूं और उसे तीन दिन में बना सकता हूं।