Romans · chapter 10 · verse 3
Romans 10:3 in Hindi
क्योंकि वे परमेश्वर की धार्मिकता से अनजान होकर, और अपनी धार्मिकता स्थापन करने का यत्न करके, परमेश्वर की धार्मिकता के आधीन न हुए।
Kyonki ve parameshvar kee dhaarmikataa se anajaan hokar, aur apanee dhaarmikataa sthaapan karane kaa yatn karake, parameshvar kee dhaarmikataa ke aadheen na hue.
Romans 10:3 in English
- King James Version (KJV)
- For they being ignorant of God’s righteousness, and going about to establish their own righteousness, have not submitted themselves unto the righteousness of God.
- World English Bible (WEB)
- For being ignorant of God’s righteousness, and seeking to establish their own righteousness, they didn’t subject themselves to the righteousness of God.
- American Standard Version (ASV)
- For being ignorant of God’s righteousness, and seeking to establish their own, they did not subject themselves to the righteousness of God.
- Bible in Basic English (BBE)
- Because, not having knowledge of God's righteousness, and desiring to give effect to their righteousness, they have not put themselves under the righteousness of God.
- Darby Translation (DBY)
- For they, being ignorant of God's righteousness, and seeking to establish their own [righteousness], have not submitted to the righteousness of God.
- Webster's Bible (WBS)
- For they, being ignorant of God's righteousness, and seeking to establish their own righteousness, have not submitted themselves to the righteousness of God.
- Young's Literal Translation (YLT)
- for not knowing the righteousness of God, and their own righteousness seeking to establish, to the righteousness of God they did not submit.
Read in context
- 1हे भाइयो, मेरे मन की अभिलाषा और उन के लिये परमेश्वर से मेरी प्रार्थना है, कि वे उद्धार पाएं।
- 2क्योंकि मैं उन की गवाही देता हूं, कि उन को परमेश्वर के लिये धुन रहती है, परन्तु बुद्धिमानी के साथ नहीं।
- 3क्योंकि वे परमेश्वर की धार्मिकता से अनजान होकर, और अपनी धार्मिकता स्थापन करने का यत्न करके, परमेश्वर की धार्मिकता के आधीन न हुए।
- 4क्योंकि हर एक विश्वास करनेवाले के लिये धार्मिकता के निमित्त मसीह व्यवस्था का अन्त है।
- 5क्योंकि मूसा ने यह लिखा है, कि जो मनुष्य उस धार्मिकता पर जो व्यवस्था से है, चलता है, वह इसी कारण जीवित रहेगा।
Cross references
- Luke 16:15 लूका 16:15उस ने उन से कहा; तुम तो मनुष्यों के साम्हने अपने आप को धर्मी ठहराते हो: परन्तु परमेश्वर तुम्हारे मन को जानता है, क्योंकि जो वस्तु मनुष्यों की दृष्टि में महान है, वह परमेश्वर के निकट घृणित है।
- Philippians 3:9 फिलिप्पियों 3:9और उस में पाया जाऊं; न कि अपनी उस धार्मिकता के साथ, जो व्यवस्था से है, बरन उस धार्मिकता के साथ जो मसीह पर विश्वास करने के कारण है, और परमेश्वर की ओर से विश्वास करने पर मिलती है।
- 2 Corinthians 5:21 2 कुरिन्थियों 5:21जो पाप से अज्ञात था, उसी को उस ने हमारे लिये पाप ठहराया, कि हम उस में होकर परमेश्वर की धार्मिकता बन जाएं।।
- Romans 5:19 रोमियों 5:19क्योंकि जैसा एक मनुष्य के आज्ञा न मानने से बहुत लोग पापी ठहरे, वैसे ही एक मनुष्य के आज्ञा मानने से बहुत लोग धर्मी ठहरेंगे।
- Revelation 3:17–18 प्रकाशितवाक्य 3:17–18तू जो कहता है, कि मैं धनी हूं, और धनवान हो गया हूं, और मुझे किसी वस्तु की घटी नहीं, और यह नहीं जानता, कि तू अभागा और तुच्छ और कंगाल और अन्धा, और नंगा है। इसी लिये मैं तुझे सम्मति देता हूं, कि आग में ताया हुआ सोना मुझ से मोल ले, कि धनी हो जाए; और श्वेत वस्त्रा ले ले कि पहिनकर तुझे अपने नंगेपन की लज्जा न हो; और अपनी आंखों में लगाने के लिये सुर्मा ले, कि तू देखने लगे।
- Luke 18:9–12 लूका 18:9–12और उस ने कितनो से जो अपने ऊपर भरोसा रखते थे, कि हम धर्मी हैं, और औरों को तुच्छ जानते थे, यह दृष्टान्त कहा। कि दो मनुष्य मन्दिर में प्रार्थना करने के लिये गए; एक फरीसी था और दूसरा चुंगी लेनेवाला। फरीसी खड़ा होकर अपने मन में यों प्रार्थना करने लगा, कि हे परमेश्वर, मैं तेरा धन्यवाद करता हूं, कि मैं और मनुष्यों की नाई अन्धेर करनेवाला, अन्यायी और व्यभिचारी नहीं, और न इस चुंगी लेनेवाले के समान हूं। मैं सप्ताह में दो बार उपवास करता हूं; मैं अपनी सब कमाई का दसवां अंश भी देता हूं।
- Romans 1:17 रोमियों 1:17क्योंकि उस में परमेश्वर की धार्मिकता विश्वास से और विश्वास के लिये प्रगट होती है; जैसा लिखा है, कि विश्वास से धर्मी जन जीवित रहेगा।।
- Isaiah 51:8 यशायाह 51:8क्योंकि धुन उन्हें कपड़े की नाईं और कीड़ा उन्हें ऊन की नाईं खाएगा; परन्तु मेरा धर्म अनन्तकाल तक, और मेरा उद्धार पीढ़ी से पीढ़ी तक बना रहेगा।
- Romans 3:22 रोमियों 3:22अर्थात् परमेश्वर की वह धार्मिकता, जो यीशु मसीह पर विश्वास करने से सब विश्वास करनेवालों के लिये है; क्योंकि कुछ भेद नहीं।
- Isaiah 57:12 यशायाह 57:12मैं आप तेरे धर्म और कर्मों का वर्णन करूंगा, परन्तु, उन से तुझे कुछ लाभ न होगा।
- Luke 10:29 लूका 10:29परन्तु उस ने अपनी तईं धर्मी ठहराने की इच्छा से यीशु से पूछा, तो मेरा पड़ोसी कौन है?
- Nehemiah 9:33 नहेमायाह 9:33तौभी जो कुछ हम पर बीता है उसके विष्य तू तो धम है; तू ने तो सच्चाई से काम किया है, परन्तु हम ने दुष्टता की है।
Original words (Greek)
- For · G1063γάρ gár
- of · G50ἀγνοέω agnoéō
- God’s · G2316θεός theós
- righteousness · G1343δικαιοσύνη dikaiosýnē
- and · G2532καί kaí
- about · G2212ζητέω zētéō
- establish · G2476ἵστημι hístēmi
- own · G2398ἴδιος ídios
- righteousness · G1343δικαιοσύνη dikaiosýnē
- have · G5293ὑποτάσσω hypotássō
- not · G3756οὐ ou
- themselves · G5293ὑποτάσσω hypotássō
- righteousness · G1343δικαιοσύνη dikaiosýnē
- God · G2316θεός theós