Romans · chapter 3 · verse 23
Romans 3:23 in Hindi
इसलिये कि सब ने पाप किया है और परमेश्वर की महिमा से रहित है।
Isaliye ki sab ne paap kiyaa hai aur parameshvar kee mahimaa se rahit hai.
Romans 3:23 in English
- King James Version (KJV)
- For all have sinned, and come short of the glory of God;
- World English Bible (WEB)
- for all have sinned, and fall short of the glory of God;
- American Standard Version (ASV)
- for all have sinned, and fall short of the glory of God;
- Bible in Basic English (BBE)
- For all have done wrong and are far from the glory of God;
- Darby Translation (DBY)
- for all have sinned, and come short of the glory of God;
- Webster's Bible (WBS)
- For all have sinned, and come short of the glory of God;
- Young's Literal Translation (YLT)
- for all did sin, and are come short of the glory of God —
Read in context
- 21पर अब बिना व्यवस्था परमेश्वर की धार्मिकता प्रगट हुई है, जिस की गवाही व्यवस्था और भविष्यद्वक्ता देते हैं।
- 22अर्थात् परमेश्वर की वह धार्मिकता, जो यीशु मसीह पर विश्वास करने से सब विश्वास करनेवालों के लिये है; क्योंकि कुछ भेद नहीं।
- 23इसलिये कि सब ने पाप किया है और परमेश्वर की महिमा से रहित है।
- 24परन्तु उसके अनुग्रह से उस छुटकारे के द्वारा जो मसीह यीशु में है, सेंत मेंत धर्मी ठहराए जाते हैं।
- 25उसे परमेश्वर ने उसके लोहू के कारण एक ऐसा प्रायश्चित्त ठहराया, जो विश्वास करने से कार्यकारी होता है, कि जो पाप पहिले किए गए, और जिन की परमेश्वर ने अपनी सहनशीलता से आनाकानी की; उन के विषय में वह अपनी धार्मिकता प्रगट करे।
Cross references
- Ecclesiastes 7:20 सभोपदेशक 7:20नि:सन्देह पृथ्वी पर कोई ऐसा धर्मी मनुष्य नहीं जो भलाई ही करे और जिस से पाप न हुआ हो।।
- 1 John 1:8–10 1 यूहन्ना 1:8–10यदि हम कहें, कि हम में कुछ भी पाप नहीं, तो अपने आप को धोखा देते हैं: और हम में सत्य नहीं। यदि हम अपने पापों को मान लें, तो वह हमारे पापों को क्षमा करने, और हमें सब अधर्म से शुद्ध करने में विश्वासयोग्य और धर्मी है। यदि कहें कि हम ने पाप नहीं किया, तो उसे झूठा ठहराते हैं, और उसका वचन हम में नहीं है।।
- Romans 3:9 रोमियों 3:9तो फिर क्या हुआ? क्या हम उन से अच्छे हैं? कभी नही; क्योंकि हम यहूदियों और यूनानियों दोनों पर यह दोष लगा चुके हैं कि वे सब के सब पाप के वश में हैं।
- Galatians 3:22 गलातियों 3:22परन्तु पवित्रा शास्त्रा ने सब को पाप के आधीन कर दिया, ताकि वह प्रतिज्ञा जिस का आधार यीशु मसीह पर विश्वास करना है, विश्वास करनेवालों के लिये पूरी हो जाए।।
- Romans 11:32 रोमियों 11:32ैक्योंकि परमेश्वर ने सब को आज्ञा न मानने के कारण बन्द कर रखा ताकि वह सब पर दया करे।।
- Romans 3:19 रोमियों 3:19हम जानते हैं, कि व्यवस्था जो कुछ कहती है उन्हीं से कहती है, जो व्यवस्था के आधीन हैं: इसलिये कि हर एक मुंह बन्द किया जाए, और सारा संसार परमेश्वर के दण्ड के योग्य ठहरे।
- 1 Thessalonians 2:12 1 थिस्सलुनीकियों 2:12कि तुम्हारा चाल चलन परमेश्वर के योग्य हो, जो तुम्हें अपने राज्य और महिमा में बुलाता है।।
- 2 Thessalonians 2:14 2 थिस्सलुनीकियों 2:14जिस के लिये उस ने तुम्हें हमारे सुसमाचार के द्वारा बुलाया, कि तुम हमारे प्रभु यीशु मसीह की महिमा को प्राप्त करो।
- 1 Peter 4:13 1 पतरस 4:13पर जैसे जैसे मसीह के दुखों में सहभागी होते हो, आनन्द करो, जिस से उसकी महिमा के प्रगट होते समय भी तुम आनन्दित और मगन हो।
- Romans 5:2 रोमियों 5:2जिस के द्वारा विश्वास के कारण उस अनुग्रह तक, जिस में हम बने हैं, हमारी पहुंच भी हुई, और परमेश्वर की महिमा की आशा पर घमण्ड करें।
- 1 Peter 5:10 1 पतरस 5:10अब परमेश्वर जो सारे अनुग्रह का दाता है, जिस ने तुम्हें मसीह में अपनी अनन्त महिमा के लिये बुलाया, तुम्हारे थोड़ी देर तक दुख उठाने के बाद आप ही तुम्हें सिद्ध और स्थिर और बलवन्त करेगा।