Zechariah · chapter 10 · verse 11
Zechariah 10:11 in Hindi
वह उस कष्टदाई समुद्र में से होकर उसकी लहरें दबाता हुआ जाएगा और नील नदी का सब गहिरा जल सूख जाएगा। और अश्शूर का घमण्ड तोड़ा जाएगा और मि का राजदण्ड जाता रहेगा।
Vah us kashtadaaee samudr mem se hokar usakee laharem dabaataa huaa jaaegaa aur neel nadee kaa sab gahiraa jal sookh jaaegaa. Aur ashshoor kaa ghamand todaa jaaegaa aur mi kaa raajadand jaataa rahegaa.
Zechariah 10:11 in English
- King James Version (KJV)
- And he shall pass through the sea with affliction, and shall smite the waves in the sea, and all the deeps of the river shall dry up: and the pride of Assyria shall be brought down, and the sceptre of Egypt shall depart away.
- World English Bible (WEB)
- He will pass through the sea of affliction, and will strike the waves in the sea, and all the depths of the Nile will dry up; and the pride of Assyria will be brought down, and the scepter of Egypt will depart.
- American Standard Version (ASV)
- And he will pass through the sea of affliction, and will smite the waves in the sea, and all the depths of the Nile shall dry up; and the pride of Assyria shall be brought down, and the sceptre of Egypt shall depart.
- Bible in Basic English (BBE)
- And they will go through the sea of Egypt, and all the deep waters of the Nile will become dry: and the pride of Assyria will be made low, and the power of Egypt will be taken away.
- Darby Translation (DBY)
- And he shall pass through the sea of affliction, and shall smite the billows in the sea, and all the depths of the Nile shall dry up; and the pride of Assyria shall be brought down, and the sceptre of Egypt shall depart away.
- Webster's Bible (WBS)
- And he shall pass through the sea with affliction, and shall smite the waves in the sea, and all the deeps of the river shall dry up: and the pride of Assyria shall be brought down, and the scepter of Egypt shall depart.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And He hath passed over through the sea, And hath pressed and smitten billows in the sea, And dried up have been all depths of a flood, And brought down hath been the excellency of Asshur, And the rod of Egypt doth turn aside.
Read in context
- 9यद्यपि मैं उन्हें जाति- जाति के लोगों के बीच छितराऊंगा तौभी वे दूर दूर देशों में मुझे स्मरण करेंगे, और अपने बालकों समेत जीवित लौट आएंगे।
- 10मैं उनहें मि देश से लौटा लाऊंगा, और अश्शूर से इकट्ठा करूंगा, और गिलाद और लबानोन के देशों में ले आकर इतना बढ़ाऊंगा कि वहां उनकी समाई न होगी।
- 11वह उस कष्टदाई समुद्र में से होकर उसकी लहरें दबाता हुआ जाएगा और नील नदी का सब गहिरा जल सूख जाएगा। और अश्शूर का घमण्ड तोड़ा जाएगा और मि का राजदण्ड जाता रहेगा।
- 12मैं उन्हें यहोवा द्वारा पराक्रमी करूंगा, और वे उसके नाम से चलें फिरेंगे, यहोवा की यही वाणी है।।
Cross references
- Ezekiel 30:13 यहेजकेल 30:13परमेश्वर यहोवा यों कहता है, मैं नोप में से मूरतों को नाश करूंगा और उस में की मूरतों को रहने न दूंगा; फिर कोई प्रधान मिस्र देश में न उठेगा; और में मिस्र देश में भय उपजाऊंगा।
- Micah 5:5–6 मीका 5:5–6और वह शान्ति का मूल होगा, जब अश्शूरी हमारे देश पर चढ़ाई करें, और हमारे राजभवनों में पांव धरें, तब हम उनके विरूद्ध सात चरवाहे वरन आठ प्रधान मनुष्य खड़ें करेंगे। और वे अश्शूर के देश को वरन पैठाव के स्थानों तक निम्रोद के देश केा तलवार चलाकर मार लेंगे; और जब अश्शूरी लोग हमारे देश में आएं, और उसके सिवाने के भीतर पांव धरें, तब वही पुरूष हम को उन से बचाएगा।
- Isaiah 43:2 यशायाह 43:2जब तू जल में होकर जाए, मैं तेरे संग संग रहूंगा और जब तू नदियों में होकर चले, तब वे तुझे न डुबा सकेंगी; जब तू आग में चले तब तुझे आंच न लगेगी, और उसकी लौ तुझे न जला सकेगी।
- Psalm 66:10–12 भजन संहिता 66:10–12क्योंकि हे परमेश्वर तू ने हम को जांचा; तू ने हमें चान्दी की नाईं ताया था। तू ने हम को जाल में फंसाया; और हमारी कटि पर भारी बोझ बान्धा था; तू ने घुड़चढ़ों को हमारे सिरों के ऊपर से चलाया, हम आग और जल से होकर गए; परन्तु तू ने हम को उबार के सुख से भर दिया है।।
- Exodus 14:21–22 निर्गमन 14:21–22और मूसा ने अपना हाथ समुद्र के ऊपर बढ़ाया; और यहोवा ने रात भर प्रचण्ड पुरवाई चलाई, और समुद्र को दो भाग करके जल ऐसा हटा दिया, जिससे कि उसके बीच सूखी भूमि हो गई। तब इस्राएली समुद्र के बीच स्थल ही स्थल पर होकर चले, और जल उनकी दाहिनी और बाईं ओर दीवार का काम देता था।
- Isaiah 11:15–16 यशायाह 11:15–16और यहोवा मि के समुद्र की खाड़ी को सुखा डालेगा, और महानद पर अपना हाथ बढ़ाकर प्रचण्ड लू से ऐसा सुखाएगा कि वह सात धार हो जाएगा, और लोग लूता पहिने हुए भी पार हो जाएंगे। और उसकी प्रजा के बचे हुओं के लिये अश्शूर से एक ऐसा राज- मार्ग होगा जैसा मि देश से चले आने के समय इस्राएल के लिये हुआ था।।
- Zephaniah 2:13 सपन्याह 2:13वह अपना हाथ उत्तर दिशा की ओर बढ़ाकर अश्शूर को नाश करेगा, और नीनवे को उजाड़ कर जंगल के समान निर्जल कर देगा।
- Isaiah 51:10 यशायाह 51:10क्या तू वही नहीं जिस ने समुद्र को अर्थात् गहिरे सागर के जल को सुखा डाला और उसकी गहराई में अपने छुड़ाए हओं के पार जाने के लिये मार्ग निकाला था?
- Revelation 16:12 प्रकाशितवाक्य 16:12और छठवें ने अपना कटोरा बड़ी नदी फुरात पर उंडेल दिया और उसका पानी सूख गया कि पूर्व दिशा के राजाओं के लिये मार्ग तैयार हो जाए।
- Psalm 114:3 भजन संहिता 114:3समुद्र देखकर भागा, यर्दन नदी उलटी बही।
- 2 Kings 2:14 2 राजा 2:14और उस ने एलिरयाह की वह च र जो उस पर से गिरी थी, पकड़ कर जल पर मारी और कहा, एलिरयाह का परमेश्वर यहोवा कहां है? जब उस ने जल पर मारा, तब वह इधर उधर दो भाग हो गया और एलीशा पार हो गया।
- Isaiah 19:5–7 यशायाह 19:5–7और समुद्र का जल सूख जाएगा, और महानदी सूख कर खाली हो जाएगी; और नाले बसाने लगेंगे, और मि की नहरें भी सूख जाएंगी, और नरकट और हूगले कुम्हला जाएंगे। नील नदी के तीर पर के कछार की घास, और जो कुछ नील नदी के पास बोया जाएगा वह सूखकर नष्ट हो जाएगा, और उसका पता तक न लगेगा।
Original words (Hebrew)
- through · H5674עָבַר ʻâbar
- sea · H3220יָם yâm
- affliction · H6869צָרָה tsârâh
- smite · H5221נָכָה nâkâh
- waves · H1530גַּל gal
- sea · H3220יָם yâm
- deeps · H4688מְצוֹלָה mᵉtsôwlâh
- river · H2975יְאֹר yᵉʼôr
- up · H3001יָבֵשׁ yâbêsh
- pride · H1347גָּאוֹן gâʼôwn
- Assyria · H804אַשּׁוּר ʼAshshûwr
- down · H3381יָרַד yârad
- sceptre · H7626שֵׁבֶט shêbeṭ
- Egypt · H4714מִצְרַיִם Mitsrayim
- away · H5493סוּר çûwr