1 Corinthians · chapter 10 · verse 32
1 Corinthians 10:32 in Hindi
तुम न यहूदियों, न यूनानियों, और न परमेश्वर की कलीसिया के लिये ठोकर का कारण बनो।
Tum na yahoodiyom, na yoonaaniyom, aur na parameshvar kee kaleesiyaa ke liye thokar kaa kaaran bano.
1 Corinthians 10:32 in English
- King James Version (KJV)
- Give none offence, neither to the Jews, nor to the Gentiles, nor to the church of God:
- World English Bible (WEB)
- Give no occasion for stumbling, whether to Jews, to Greeks, or to the assembly of God;
- American Standard Version (ASV)
- Give no occasion of stumbling, either to Jews, or to Greeks, or to the church of God:
- Bible in Basic English (BBE)
- Give no cause of trouble to Jews, or to Greeks, or to the church of God.
- Darby Translation (DBY)
- Give no occasion to stumbling, whether to Jews, or Greeks, or the assembly of God.
- Webster's Bible (WBS)
- Give no offense, neither to the Jews, nor to the Gentiles, nor to the church of God:
- Young's Literal Translation (YLT)
- become offenceless, both to Jews and Greeks, and to the assembly of God;
Read in context
- 30यदि मैं धन्यवाद करके साझी होता हूं, तो जिस पर मैं धन्यवाद करता हूं, उसके कारण मेरी बदनामीं क्यों होती है?
- 31सो तुम चाहे खाओ, चाहे पीओ, चाहे जो कुछ करो, सब कुछ परमेश्वर की महीमा के लिये करो।
- 32तुम न यहूदियों, न यूनानियों, और न परमेश्वर की कलीसिया के लिये ठोकर का कारण बनो।
- 33जैसा मैं भी सब बातों में सब को प्रसन्न रखता हूं, और अपना नहीं, परन्तु बहुतों का लाभ ढूंढ़ता हूं, कि वे उद्धार पाएं।
Cross references
- Acts 20:28 प्रेरितों के काम 20:28इसलिये अपनी और पूरे झुंड की चौकसी करो; जिस से पवित्रा आत्मा ने तुम्हें अध्यक्ष ठहराया है; कि तुम परमेश्वर की कलीसिया की रखवाली करो, जिसे उस ने अपने लोहू से मोल लिया है।
- 1 Corinthians 10:33 1 कुरिन्थियों 10:33जैसा मैं भी सब बातों में सब को प्रसन्न रखता हूं, और अपना नहीं, परन्तु बहुतों का लाभ ढूंढ़ता हूं, कि वे उद्धार पाएं।
- Romans 14:13 रोमियों 14:13सो आगे को हम एक दूसरे पर दोष न लगाएं पर तुम यही ठान लो कि कोई अपने भाई के साम्हने ठेस या ठोकर खाने का कारण न रखे।
- 2 Corinthians 6:3 2 कुरिन्थियों 6:3हम किसी बात में ठोकर खाने का कोई भी अवसर नहीं देते, कि हमारी सेवा पर कोई दोष न आए।
- 1 Corinthians 8:13 1 कुरिन्थियों 8:13इस कारण यदि भोजन मेरे भाई को ठोकर खिलाए, तो मैं कभी किसी रीति से मांस न खाऊंगा, न हो कि मैं अपने भाई के ठोकर का कारण बनूं।
- Acts 24:16 प्रेरितों के काम 24:16इस से मैं आप भी यतन करता हूं, कि परमेश्वर की, और मनुष्यों की ओर मेरा विवेक सदा निर्दोष रहे।
- 1 Corinthians 11:22 1 कुरिन्थियों 11:22क्या खाने पीने के लिये तुम्हारे घर नहीं? या परमेश्वर की कलीसिया को तुच्छ जानते हो, और जिन के पास नहीं है उन्हें लज्जित करते हो? मैं तुम से क्या कहूं? क्या इस बात में तुम्हारी प्रशंसा करूं? मैं प्रशंसा नहीं करता।
- 1 Timothy 3:15 1 तीमुथियुस 3:15कि यदि मेरे आने में देर हो तो तू जान ले, कि परमेश्वर का घर, जो जीवते परमेश्वर की कलीसिया है, और जो सत्य का खंभा, और नेव है; उस में कैसा बर्ताव करना चाहिए।
- 1 Timothy 3:5 1 तीमुथियुस 3:5(जब कोई अपने घर ही का प्रबन्ध करना न जानता हो, तो परमेश्वर की कलीसिया की रखवाली क्योंकर करेगा)।
- Philippians 1:10 फिलिप्पियों 1:10यहां तक कि तुम उत्तम से उत्तम बातों को प्रिय जानो, और मसीह के दिन तक सच्चे बने रहो; और ठोकर न खाओ।