Deuteronomy · chapter 26 · verse 7
Deuteronomy 26:7 in Hindi
परन्तु हम ने अपने पूर्वजों के परमेश्वर यहोवा की दोहाई दी, और यहोवा ने हमारी सुनकर हमारे दुख- श्रम और अन्धेर पर दृष्टि की;
Parantu ham ne apane poorvajom ke parameshvar yahovaa kee dohaaee dee, aur yahovaa ne hamaaree sunakar hamaare dukha- shram aur andher par drushti kee;
Deuteronomy 26:7 in English
- King James Version (KJV)
- And when we cried unto the LORD God of our fathers, the LORD heard our voice, and looked on our affliction, and our labour, and our oppression:
- World English Bible (WEB)
- Then we cried to the LORD, the God of our fathers. The LORD heard our voice, and saw our affliction, our toil, and our oppression.
- American Standard Version (ASV)
- and we cried unto Jehovah, the God of our fathers, and Jehovah heard our voice, and saw our affliction, and our toil, and our oppression;
- Bible in Basic English (BBE)
- And our cry went up to the Lord, the God of our fathers, and the Lord's ear was open to the voice of our cry, and his eyes took note of our grief and the crushing weight of our work:
- Darby Translation (DBY)
- and we cried to Jehovah, the God of our fathers, and Jehovah heard our voice, and looked on our affliction, and our labour, and our oppression;
- Webster's Bible (WBS)
- And when we cried to the LORD God of our fathers, the LORD heard our voice, and looked on our affliction, and our labor, and our oppression:
- Young's Literal Translation (YLT)
- and we cry unto Jehovah, God of our fathers, and Jehovah heareth our voice, and seeth our affliction, and our labour, and our oppression;
Read in context
- 5तब तू अपने परमेश्वर यहोवा से इस प्रकार कहना, कि मेरा मूलपुरूष एक अरामी मनुष्य था जो मरने पर था; और वह अपने छोटे से परिवार समेत मि को गया, और वहां परदेशी होकर रहा; और वहंा उस से एक बड़ी, और सामर्थी, और बहुत मनुष्यों से भरी हुई जाति उत्पन्न हुई।
- 6और मिस्त्रियों ने हम लोगों से बुरा बर्ताव किया, और हमें दु:ख दिया, और हम से कठिन सेवा लीं।
- 7परन्तु हम ने अपने पूर्वजों के परमेश्वर यहोवा की दोहाई दी, और यहोवा ने हमारी सुनकर हमारे दुख- श्रम और अन्धेर पर दृष्टि की;
- 8और यहोवा ने बलवन्त हाथ और बढ़ाई हुई भुजा से अति भयानक चिन्ह और चमत्कार दिखलाकर हम को मि से निकाल लाया;
- 9और हमें इस स्थान पर पहुंचाकर यह देश जिस में दूध और मधु की धाराएं बहती हैं हमें दे दिया है।
Cross references
- Ephesians 3:20–21 इफिसियों 3:20–21अब जो ऐसा सामर्थी है, कि हमारी बिनती और समझ से कहीं अधिक काम कर सकता है, उस सामर्थ के अनुसार जो हम में कारर्य करता है, कलीसिया में, और मसीह यीशु में, उस की महिमा पीढ़ी से पीढ़ी तक युगानुयुग होती रहे। आमीन।।
- Exodus 3:9 निर्गमन 3:9सो अब सुन, इस्राएलियों की चिल्लाहट मुझे सुनाई पड़ी है, और मिस्त्रियों का उन पर अन्धेर करना भी मुझे दिखाई पड़ा है,
- Psalm 119:132 भजन संहिता 119:132जैसी तेरी रीति अपने नाम की प्रीति रखनेवालों से है, वैसे ही मेरी ओर भी फिरकर मुझ पर अनुग्रह कर।
- Exodus 4:31 निर्गमन 4:31और लोगों ने उनकी प्रतीति की; और यह सुनकर, कि यहोवा ने इस्राएलियों की सुधि ली और उनके दु:खों पर दृष्टि की है, उन्होंने सिर झुका कर दण्डवत की॥
- Exodus 6:5 निर्गमन 6:5और इस्राएली जिन्हें मिस्री लोग दासत्व में रखते हैं उनका कराहना भी सुनकर मैं ने अपनी वाचा को स्मरण किया है।
- Psalm 103:1–2 भजन संहिता 103:1–2हे मेरे मन, यहोवा को धन्य कह; और जो कुछ मुझ में है, वह उसके पवित्रा नाम को धन्य कहे! हे मेरे मन, यहोवा को धन्य कह, और उसके किसी उपकार को न भूलना।
- 1 Samuel 9:16 1 शमूएल 9:16कि कल इसी समय मैं तेरे पास बिन्यामीन के देश से एक पुरूश को भेजूंगा, उसी को तू मेरी इस्राएली प्रजा के ऊपर प्रधान होने के लिये अभिषेक करता। और वह मेरी प्रजा को पलिश्तियों के हाथ से छुड़ाएगा; क्योंकि मैं ने अपनी प्रजा पर कृपा दृष्टि की है, इसलिये कि उनकी चिल्लाहट मेरे पास पंहुची है।
- Psalm 116:1–4 भजन संहिता 116:1–4मैं प्रेम रखता हूं, इसलिये कि यहोवा ने मेरे गिड़गिड़ाने को सुना है। उस ने जो मेरी ओर कान लगाया है, इसलिये मैं जीवन भर उसको पुकारा करूंगा। मृत्यु की रस्सियां मेरे चारों ओर थीं; मैं अधोलोक की सकेती में पड़ा था; मुझे संकट और शोक भोगना पड़ा। तब मैं ने यहोवा से प्रार्थना की, कि हे यहोवा बिनती सुनकर मेरे प्राण को बचा ले!
- Jeremiah 33:2 यिर्मयाह 33:2यहोवा जो पृथ्वी का रचने वाला है, जो उसको स्थिर करता है, उसका नाम यहोवा है; वह यह कहता है,
- Psalm 50:15 भजन संहिता 50:15और संकट के दिन मुझे पुकार; मैं तुझे छुड़ाऊंगा, और तू मेरी महिमा करने पाएगा।।
- Psalm 102:19–20 भजन संहिता 102:19–20क्योंकि यहोवा ने अपने ऊंचे और पवित्रा स्थान से दृष्टि करके स्वर्ग से पृथ्वी की ओर देखा है, ताकि बन्धुओं का कराहना सुने, और घात होनवालों के बन्धन खोले;