Genesis · chapter 2 · verse 17
Genesis 2:17 in Hindi
पर भले या बुरे के ज्ञान का जो वृक्ष है, उसका फल तू कभी न खाना: क्योंकि जिस दिन तू उसका फल खाए उसी दिन अवश्य मर जाएगा।।
Par bhale yaa bure ke jnyaan kaa jo vruksh hai, usakaa phal too kabhee na khaanaa: kyonki jis din too usakaa phal khaae usee din avashy mar jaaegaa..
Genesis 2:17 in English
- King James Version (KJV)
- But of the tree of the knowledge of good and evil, thou shalt not eat of it: for in the day that thou eatest thereof thou shalt surely die.
- World English Bible (WEB)
- but you shall not eat of the tree of the knowledge of good and evil; for in the day that you eat of it, you will surely die.”
- American Standard Version (ASV)
- but of the tree of the knowledge of good and evil, thou shalt not eat of it: for in the day that thou eatest thereof thou shalt surely die.
- Bible in Basic English (BBE)
- But of the fruit of the tree of the knowledge of good and evil you may not take; for on the day when you take of it, death will certainly come to you.
- Darby Translation (DBY)
- but of the tree of the knowledge of good and evil, thou shalt not eat of it; for in the day that thou eatest of it thou shalt certainly die.
- Webster's Bible (WBS)
- But of the tree of the knowledge of good and evil, thou shalt not eat of it: for in the day that thou eatest of it thou shalt surely die.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and of the tree of knowledge of good and evil, thou dost not eat of it, for in the day of thine eating of it — dying thou dost die.'
Read in context
- 15जब यहोवा परमेश्वर ने आदम को लेकर अदन की बाटिका में रख दिया, कि वह उस में काम करे और उसकी रक्षा करे,
- 16तब यहोवा परमेश्वर ने आदम को यह आज्ञा दी, कि तू बाटिका के सब वृक्षों का फल बिना खटके खा सकता है:
- 17पर भले या बुरे के ज्ञान का जो वृक्ष है, उसका फल तू कभी न खाना: क्योंकि जिस दिन तू उसका फल खाए उसी दिन अवश्य मर जाएगा।।
- 18फिर यहोवा परमेश्वर ने कहा, आदम का अकेला रहना अच्छा नहीं; मै उसके लिये एक ऐसा सहायक बनाऊंगा जो उस से मेल खाए।
- 19और यहोवा परमेश्वर भूमि में से सब जाति के बनैले पशुओं, और आकाश के सब भँाति के पक्षियों को रचकर आदम के पास ले आया कि देखे, कि वह उनका क्या क्या नाम रखता है; और जिस जिस जीवित प्राणी का जो जो नाम आदम ने रखा वही उसका नाम हो गया।
Cross references
- Romans 6:23 रोमियों 6:23क्योंकि पाप की मजदूरी तो मृत्यु है, परन्तु परमेश्वर का बरदान हमारे प्रभु यीशु मसीह में अनन्त जीवन है।।
- James 1:15 याकूब 1:15फिर अभिलाषा गर्भवती होकर पाप को जनता है और पाप बढ़ जाता है तो मृत्यु को उत्पन्न करता है।
- Genesis 3:19 उत्पत्ति 3:19और अपने माथे के पसीने की रोटी खाया करेगा, और अन्त में मिट्टी में मिल जाएगा; क्योंकि तू उसी में से निकाला गया है, तू मिट्टी तो है और मिट्टी ही में फिर मिल जाएगा।
- 1 Corinthians 15:56 1 कुरिन्थियों 15:56हे मृत्यु तेरा डंक कहां रहा? मृत्यु का डंक पाप है; और पाप का बल ब्यवस्था है।
- Revelation 21:8 प्रकाशितवाक्य 21:8पर डरपोकों, और अविश्वासियों, और घिनौनों, और हत्यारों, और व्यभिचारियों, और टोन्हों, और मूर्तिपूजकों, और सब झूठों का भाग उस झील में मिलेगा, जो आग और गन्धक से जलती रहती है: यह दूसरी मृत्यु है।।
- Galatians 3:10 गलातियों 3:10सो जितने लोग व्यवस्था के कामों पर भरोसा रखते हैं, वे सब स्त्राप के आधीन हैं, क्योंकि लिखा है, कि जो कोई व्यवस्था की पुस्तक में लिखी हुई सब बातों के करने में स्थिर नहीं रहता, वह स्त्रापित है।
- 1 Corinthians 15:22 1 कुरिन्थियों 15:22और जैसे आदम में सब मरते हैं, वैसा ही मसीह में सब जिलाए जाएंगे।
- 1 John 5:16 1 यूहन्ना 5:16यदि कोई अपने भाई को ऐसा पाप करते देखे, जिस का फल मृत्यु न हो, तो बिनती करे, और परमेश्वर, उसे, उन के लिये, जिन्हों ने ऐसा पाप किया है जिस का फल मृत्यु है: इस के विषय में मै बिनती करने के लिये नहीं कहता।
- Colossians 2:13 कुलुस्सियों 2:13और उस ने तुम्हें भी, जो अपने अपराधों, और अपने शरीर की खतनारहित दशा में मुर्दा थे, उसे साथ जिलाया, और हमारे सब अपराधों को क्षमा किया।
- Genesis 3:17 उत्पत्ति 3:17और आदम से उस ने कहा, तू ने जो अपनी पत्नी की बात सुनी, और जिस वृक्ष के फल के विषय मै ने तुझे आज्ञा दी थी कि तू उसे न खाना उसको तू ने खाया है, इसलिये भूमि तेरे कारण शापित है: तू उसकी उपज जीवन भर दु:ख के साथ खाया करेगा:
- Ezekiel 18:32 यहेजकेल 18:32क्योंकि, प्रभु यहोवा की यह वाणी है, जो मरे, उसके मरने से मैं प्रसन्न नहीं होता, इसलिये पश्चात्ताप करो, तभी तुम जीवित रहोगे।
- 1 Timothy 5:6 1 तीमुथियुस 5:6पर जो भोगविलास में पड़ गई, वह जीते जी मर गई है।