Isaiah · chapter 10 · verse 13
Isaiah 10:13 in Hindi
उस ने कहा है, अपने ही बाहुबल और बुद्धि से मैं ने यह काम किया है, क्योंकि मैं चतुर हूं; मैं ने देश देश के सिवानों को हटा दिया, और उनके रखे हुए धन को लूअ लिया; मैं ने वीर की नाई गद्दी पर विराजनेहारों को उतार दिया है।
Us ne kahaa hai, apane hee baahubal aur buddhi se maim ne yah kaam kiyaa hai, kyonki maim chatur hoom; maim ne desh desh ke sivaanom ko hataa diyaa, aur unake rakhe hue dhan ko looa liyaa; maim ne veer kee naaee gaddee par viraajanehaarom ko utaar diyaa hai.
Isaiah 10:13 in English
- King James Version (KJV)
- For he saith, By the strength of my hand I have done [it], and by my wisdom; for I am prudent: and I have removed the bounds of the people, and have robbed their treasures, and I have put down the inhabitants like a valiant [man:]
- World English Bible (WEB)
- For he has said, “By the strength of my hand I have done it, and by my wisdom, for I have understanding. I have removed the boundaries of the peoples, and have robbed their treasures. Like a valiant man I have brought down their rulers.
- American Standard Version (ASV)
- For he hath said, By the strength of my hand I have done it, and by my wisdom; for I have understanding: and I have removed the bounds of the peoples, and have robbed their treasures, and like a valiant man I have brought down them that sit [on thrones]:
- Bible in Basic English (BBE)
- For he has said, By the strength of my hand I have done it, and by my knowledge, for I am wise: and I have taken away the limits of the peoples' lands, and the stores of their wealth have become mine; and I have made towns low in the dust, sending destruction on those living in them;
- Darby Translation (DBY)
- For he saith, By the strength of my hand I have done [it], and by my wisdom, for I am intelligent; and I have removed the bounds of the peoples, and have robbed their treasures, and, like a valiant man, I have brought down them that sit [on thrones];
- Webster's Bible (WBS)
- For he saith, By the strength of my hand I have done [it] , and by my wisdom; for I am prudent: and I have removed the bounds of the people, and have robbed their treasures, and I have put down the inhabitants like a valiant [man] :
- Young's Literal Translation (YLT)
- For he hath said, 'By the power of my hand I have wrought, And by my wisdom, for I have been intelligent, And I remove borders of the peoples, And their chief ones I have spoiled, And I put down as a mighty one the inhabitants,
Read in context
- 11क्या उसी प्रकार मैं यरूशलेम से और उसकी मूरतों से भी न करूं?
- 12इस कारण जब प्रभु सिरयोन पर्वत पर और यरूशलेम में अपना सब काम का चुकेगा, तब मैं अश्शूर के राजा के गर्व की बातों का, और उसकी घमण्ड भरी आंखों का पलटा दूंगा।
- 13उस ने कहा है, अपने ही बाहुबल और बुद्धि से मैं ने यह काम किया है, क्योंकि मैं चतुर हूं; मैं ने देश देश के सिवानों को हटा दिया, और उनके रखे हुए धन को लूअ लिया; मैं ने वीर की नाई गद्दी पर विराजनेहारों को उतार दिया है।
- 14देश देश के लोगों की धनसम्पत्ति, चिड़ियों के घोंसलों की नाईं, मेरे हाथ आई है, और जैसे कोई छोड़े हुए अण्डों को बटोर ले वैसे ही मैं ने सारी पृथ्वी को बटोर लिया है; और कोई पंख फड़फड़ाने वा चोंच खोलने वा चीं चीं करनेवाला न था।।
- 15क्या कुल्हाड़ा उसक विरूद्ध जो उस से काटता हो डींग मारे, वा आरी उसके विरूद्ध जो उसे खींचता हो बड़ाई करे? क्या सोंटा अपने चलानेवाले को चलाए वा छड़ी उसे उठाए जो काठ नहीं है!
Cross references
- Deuteronomy 8:17 व्यवस्थाविवरण 8:17और कहीं ऐसा न हो कि तू सोचने लगे, कि यह सम्पत्ति मेरे ही सामर्थ्य और मेरे ही भुजबल से मुझे प्राप्त हुई।
- Daniel 4:30 दानिय्येल 4:30क्या यह बड़ा बाबुल नहीं है, जिसे मैं ही ने अपने बल और सामर्थ से राजनिवास होने को और अपने प्रताप की बड़ाई के लिये बसाया है?
- 2 Kings 19:22–24 2 राजा 19:22–24तू ने जो नामधराई और निन्दा की है, वह किसकी की है? और तू ने जो बड़ा बोल बोला और घमणड किया है वह किसके विरूद्ध किया है? इस्राएल के पवित्रा के विरूद्ध तू ने किया है! अपने दूतों के द्वारा तू ने प्रभु की निन्दा करके कहा है, कि वहुत से रथ लेकर मैं पर्वतों की चोटियों पर, वरन लबानोन के बीच तक चढ़ आया हूँ, और मैं उसके ऊंचे ऊंचे देवदारूओं और अच्छे अच्छे सनोवरों को काट डालूंगा; और उस में जो सब से ऊंचा टिकने का स्थान होगा उस में और उसके वन की फलदाई बारियों में प्रवेश करूंगा। मैं ने तो खुदवाकर परदेश का पानी पिया; और मिस्र की नहरों में पांव धरते ही उन्हें सुखा डालूंगा।
- Habakkuk 1:16 हबक्कूक 1:16इसीलिये वह अपने जाल के साम्हने बलि चढ़ाता और अपने महाजाल के आगे धूप जलाता है; क्योंकि इन्हीं के द्वारा उसका भाग पुष्ट होता, और उसका भोजन चिकना होता है।
- Isaiah 37:23–25 यशायाह 37:23–25तू ने किस की नामधराई और निन्दा की है? और तू जो बड़ा बोल बोला और घमण्ड किया है, वह किस के विरूद्ध किया है? इस्राएल के पवित्रा के विरूद्ध! अपने कर्मचारियों के द्वारा तू ने प्रभु की निन्दा करके कहा है कि बहुत से रथ लेकर मैं पर्वतों की चोटियों पर वरन लबानोन के बीच तक चढ़ आया हूं; मैं उसके ऊंचे ऊंचे देवदारों और अच्छे अच्छे सनौबरों को काट डालूंगा और उसके दूर दूर के ऊंचे स्थानों में और उसके वन की फलदाई बारियों में प्रवेश करूंगा। मैं ने खुदवाकर पानी पिया और मि की नहरों में पांव धरते ही उन्हें सुखा दिया।
- Isaiah 10:8 यशायाह 10:8कयोंकि वह कहता है, क्या मेरे सब हाकिम राजा के तुल्य नहीं है?
- Hosea 13:15–16 होशे 13:15–16चाहे वह अपने भाइयों से अधिक फूलें- फलें, तौभी पुरवाई उस पर चलेगी, और यहोवा की ओर से मरूस्थल से आएगी, और उसका कुण्ड सूखेगा; और उसका सोता निर्जन हो जाएगा। उसकी रखी हुई सब मनभावनी वस्तुएं वह लूट ले जाएगा। सामरिया दोषी ठहरेगा, क्योंकि उस ने अपने परमेश्वर से बलवा किया है; वे तलवार से मारे जाएंगे, उनके बच्चे पटके जाएंगे, और उनकी गर्भवती स्त्रियां चीर डालीं जाएंगी।।
- 2 Kings 17:6 2 राजा 17:6होशे के नौवें वर्ष में अश्शूर के राजा ने शोमरोन को ले लिया, और इस्राएल को अश्शूर में ले जाकर, हलह में और गोजान की नदी हाबोर के पास और मादियों के नगरों में बसाया।
- 2 Kings 18:32 2 राजा 18:32तब मैं आकर तुम को ऐसे देश में ले जाऊंगा, जो तुम्हारे देश के समान अनाज और नये दाखमधु का देश, रोटी और दाख्बारियों का देश, जलपाइयों और मधु का देश है, वहां तुम मरोगे नहीं, जीवित रहोगे; तो जब हिजकिरयाह यह कहकर तुम को बहकाए, कि यहोवा हम को बचाएगा, तब उसकी न सुनना।
- 2 Kings 18:15 2 राजा 18:15तब जितनी चान्दी यहोवा के भवन और राजभवन के भणडारों में मिली, उस सब को हिजकिरयाह ने उसे दे दिया।
- 2 Kings 18:11 2 राजा 18:11तब अश्शूर का राजा इस्राएल को बन्धुआ करके अश्शूर में ले गया, और हलह में ओर गोजान की नदी हाबोर के पास और मादियों के नगरों में उसे बसा दिया।
Original words (Hebrew)
- saith · H559אָמַר ʼâmar
- strength · H3581כֹּחַ kôach
- hand · H3027יָד yâd
- done · H6213עָשָׂה ʻâsâh
- wisdom · H2451חׇכְמָה chokmâh
- prudent · H995בִּין bîyn
- removed · H5493סוּר çûwr
- bounds · H1367גְּבוּלָה gᵉbûwlâh
- people · H5971עַם ʻam
- robbed · H8154שָׁסָה shâçâh
- treasures · H6259עָתוּד ʻâthûwd
- down · H3381יָרַד yârad
- inhabitants · H3427יָשַׁב yâshab
- valiant · H47אַבִּיר ʼabbîyr