John · chapter 2 · verse 23
John 2:23 in Hindi
जब वह यरूशलेम में फसह के समय पर्ब्ब में था, तो बहुतों ने उन चिन्हों को जो वह दिखाता था देखकर उसके नाम पर विश्वास किया।
Jab vah yarooshalem mem phasah ke samay parbb mem thaa, to bahutom ne un chinhom ko jo vah dikhaataa thaa dekhakar usake naam par vishvaas kiyaa.
John 2:23 in English
- King James Version (KJV)
- Now when he was in Jerusalem at the passover, in the feast [day], many believed in his name, when they saw the miracles which he did.
- World English Bible (WEB)
- Now when he was in Jerusalem at the Passover, during the feast, many believed in his name, observing his signs which he did.
- American Standard Version (ASV)
- Now when he was in Jerusalem at the passover, during the feast, many believed on his name, beholding his signs which he did.
- Bible in Basic English (BBE)
- Now while he was in Jerusalem at the feast of the Passover, a great number of people came to have faith in his name, after seeing the signs which he did.
- Darby Translation (DBY)
- And when he was in Jerusalem, at the passover, at the feast, many believed on his name, beholding his signs which he wrought.
- Webster's Bible (WBS)
- Now when he was in Jerusalem at the passover, in the feast [day] , many believed in his name, when they saw the miracles which he performed.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And as he was in Jerusalem, in the passover, in the feast, many believed in his name, beholding his signs that he was doing;
Read in context
- 21परन्तु उस ने अपनी देह के मन्दिर के विषय में कहा था।
- 22सो जब वह मुर्दों में से जी उठा तो उसके चेलों को स्मरण आया, कि उस ने यह कहा था; और उन्हों ने पवित्रा शास्त्रा और उस वचन की जो यीशु ने कहा था, प्रतीति की।।
- 23जब वह यरूशलेम में फसह के समय पर्ब्ब में था, तो बहुतों ने उन चिन्हों को जो वह दिखाता था देखकर उसके नाम पर विश्वास किया।
- 24परन्तु यीशु ने अपने आप को उन के भरोसे पर नहीं छोड़ा, क्योंकि वह सब को जानता था।
- 25और उसे प्रयोजन न था, कि मनुष्य के विषय में कोई गवाही दे, क्योंकि वह आप जानता था, कि मनुष्य के मन में क्या है?
Cross references
- John 7:31 यूहन्ना 7:31और भीड़ में से बहुतेरों ने उस पर विश्वास किया, और कहने लगे, कि मसीह जब आएगा, तो क्या इस से अधिक आश्चर्यकर्म दिखाएगा जो इस ने दिखाए?
- John 6:14 यूहन्ना 6:14तब जो आश्चर्य कर्म उस ने कर दिखाया उसे वे लोग देखकर कहने लगे; कि वह भविष्यद्वक्ता जो जगत में आनेवाला था निश्चय यही है।
- Luke 8:13 लूका 8:13चट्टान पर के वे हैं, कि जब सुनते हैं, तो आनन्द से वचन को ग्रहण तो करते हैं, परन्तु जड़ न पकड़ने से वे थोड़ी देर तक विश्वास रखते हैं, और परीक्षा के समय बहक जाते हैं।
- Ephesians 3:16–17 इफिसियों 3:16–17कि वह अपनी महिमा के धन के अनुसार तुम्हें यह दान दे, कि तुम उसके आत्मा से अपने भीतरी मनुष्यत्व में सामर्थ पाकर बलवन्त होते जाओ। और विश्वास के द्वारा मसीह तुम्हारे हृदय में बसे कि तुम प्रेम में जड़ पकड़कर और नेव डाल कर।
- John 2:13 यूहन्ना 2:13यहूदियों का फसह का पर्ब्ब निकट था और यीशु यरूशलेम को गया।
- John 3:2 यूहन्ना 3:2उस ने रात को यीशु के पास आकर उस से कहा, हे रब्बी, हम जानते हैं, कि तू परमेश्वर की आरे से गुरू हो कर अया है; क्योंकि कोई इन चिन्हों को जो तू दिखाता है, यदि परमेश्वर उसके साथ न हो, तो नहीं दिखा सकता।
- Mark 4:16–17 मरकुस 4:16–17और वैसे ही जो पत्थरीली भूमि पर बोए जाते हैं, ये वे हैं, कि जो वचन को सुनकर तुरन्त आनन्द से ग्रहण कर लेते हैं। परन्तु अपने भीतर जड़ न रखते के कारण वे थोड़े भी दिनों के लिये रहते हैं; इस के बाद जब वचन के कारण उन पर क्लेश या उपद्रव होता है, तो वे तुरन्त ठोकर खाते हैं।
- John 8:30–31 यूहन्ना 8:30–31वह ये बातें कह ही रहा था, कि बहुतेरों ने उस पर विश्वास किया।। तब यीशु ने उन यहूदियों से जिन्हों ने उन की प्रतीति की थी, कहा, यदि तुम मेरे वचन में बने रहोगे, तो सचमुच मेरे चेले ठहरोगे।
- Galatians 5:6 गलातियों 5:6और मसीह यीशु में न खतना, न खतनारहित कुछ काम का है, परन्तु केवल विश्वास का जो प्रेम के द्वारा प्रभाव करता है।
- James 2:19–20 याकूब 2:19–20तुझे विश्वास है कि एक ही परमेश्वर है: तू अच्छा करता है: दुष्टात्मा भी विश्वास रखते, और थरथराते हैं। पर हे निकम्मे मनुष्य क्या तू यह भी नहीं जानता, कि कर्म बिना विश्वास व्यर्थ है?
- Matthew 13:20–21 मत्ती 13:20–21और जो पत्थरीली भूमि पर बोया गया, यह वह है, जो वचन सुनकर तुरन्त आनन्द के साथ मान लेता है। पर अपने में जड़ न रखने के कारण वह थोड़े ही दिन का है, और जब वचन के कारण क्लेश या उपद्रव होता है, तो तुरन्त ठोकर खाता है।
- John 12:42–43 यूहन्ना 12:42–43तौभी सरदारों में से भी बहुतों ने उस पर विश्वास किया, परन्तु फरीसियों के कारण प्रगट में नहीं मानते थे, ऐसा न हो कि आराधनालय में से निकाले जाएं। क्योंकि मनुष्यों की प्रशंसा उन को परमेश्वर की प्रशंसा से अधिक प्रिय लगती थी।।
Original words (Greek)
- Now · G1161δέ dé
- when · G5613ὡς hōs
- was · G2258ἦν ēn
- in · G1722ἐν en
- Jerusalem · G2414Ἱεροσόλυμα Hierosólyma
- at · G1722ἐν en
- passover · G3957πάσχα páscha
- in · G1722ἐν en
- feast · G1859ἑορτή heortḗ
- many · G4183πολύς polýs
- believed · G4100πιστεύω pisteúō
- in · G1519εἰς eis
- his · G846αὐτός autós
- name · G3686ὄνομα ónoma
- saw · G2334θεωρέω theōréō
- miracles · G4592σημεῖον sēmeîon
- which · G3739ὅς hós
- he · G846αὐτός autós
- did · G4160ποιέω poiéō