Nehemiah · chapter 4 · verse 15
Nehemiah 4:15 in Hindi
जब हमारे शत्रुओं ने सुना, कि यह बात हम को मालूम हो गई है और परमेश्वर ने उनकी युक्ति निष्फल की है, तब हम सब के सब शहरपनाह के पास अपने अपने काम पर लौट गए।
Jab hamaare shatruom ne sunaa, ki yah baat ham ko maaloom ho gaee hai aur parameshvar ne unakee yukti nishphal kee hai, tab ham sab ke sab shaharapanaah ke paas apane apane kaam par laut gae.
Nehemiah 4:15 in English
- King James Version (KJV)
- And it came to pass, when our enemies heard that it was known unto us, and God had brought their counsel to nought, that we returned all of us to the wall, every one unto his work.
- World English Bible (WEB)
- When our enemies heard that it was known to us, and God had brought their counsel to nothing, all of us returned to the wall, everyone to his work.
- American Standard Version (ASV)
- And it came to pass, when our enemies heard that it was known unto us, and God had brought their counsel to nought, that we returned all of us to the wall, every one unto his work.
- Bible in Basic English (BBE)
- And when it came to the ears of those who were against us, that we had knowledge of their designs and that God had made their purpose come to nothing, we all went back to the wall, everyone to his work
- Darby Translation (DBY)
- And it came to pass that when our enemies heard that it was known to us, and that God had defeated their counsel, we returned all of us to the wall, every one to his work.
- Webster's Bible (WBS)
- And it came to pass, when our enemies heard that it was known to us, and God had brought their counsel to naught, that we returned all of us to the wall, every one to his work.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And it cometh to pass, when our enemies have heard that it hath been known to us, and God doth frustrate their counsel, and we turn back, all of us, unto the wall, each unto his work;
Read in context
- 13इस कारण मैं ने लोगों को तलवारें, बर्छियां और धनुष देकर शहरपनाह के पीछे सब से नीचे के खुले स्थानों में घराने घराने के अनुसार बैठा दिया।
- 14तब मैं देखकर उठा, और रईसों और हाकिमों और और सब लोगों से कहा, उन से मत डरो; प्रभु जो महान और भययोग्य है, उसी को स्मरण करके, अपने भाइयों, बेटों, बेटियों, स्त्रियों और घरों के लिये युठ्ठ करना।
- 15जब हमारे शत्रुओं ने सुना, कि यह बात हम को मालूम हो गई है और परमेश्वर ने उनकी युक्ति निष्फल की है, तब हम सब के सब शहरपनाह के पास अपने अपने काम पर लौट गए।
- 16और उस दिन से मेरे आधे सेवक तो उस काम मे लगे रहे और आधे बर्छियों, तलवारों, धनुषों और झिलमों को धारण किए रहते थे; और यहूदा के सारे धराने के पीछे हाकिम रहा करते थे।
- 17शहरपनाह के बनानेवाले और बोझ के ढोनेवाले दोनों भार उठाते थे, अर्थत् एक हाथ से काम करते थे और दूसरे हाथ से हथियार पकड़े रहते थे।
Cross references
- Romans 12:11 रोमियों 12:11प्रयत्न करने में आलसी न हो; आत्मिक उन्माद में भरो रहो; प्रभु की सेवा करते रहो।
- 2 Samuel 17:14 2 शमूएल 17:14तब अबशालोम और सब इस्राएली पुरूषों ने कहा, एरेकी हूशै की बम्मति अहीतोपेल की सम्मति से उम्तम है। सहोवा ने तो अहीतोपेल की अच्छी सम्मति को निष्फल करने के लिये ठाना था, कि यह अबशालोम ही पर विपत्ति डाले।
- Job 5:12–13 अय्यूब 5:12–13वह तो धूर्त्त लोगों की कल्पनाएं व्यर्थ कर देता है, और उनके हाथों से कुछ भी बन नहीं पड़ता। वह बुध्दिमानों को उनकी धूर्त्तता ही में फंसाता है; और कुटिल लोगों की युक्ति दूर की जाती है।
- Psalm 33:10–11 भजन संहिता 33:10–11यहोवा अन्यअन्यजाथियो की युक्ति को व्यर्थ कर देता है; वह देश देश के लोगों की कल्पनाओं को निष्फल करता है। यहोवा की युक्ति सर्वदा स्थिर रहेगी, उसके मन की कल्पनाएं पीढ़ी से पीढ़ी तक बनी रहेंगी।
- Isaiah 44:25 यशायाह 44:25मैं झूठे लोगों के कहे हुए चिन्हों को व्यर्थ कर देता और भावी कहनेवालों को बावला कर देता हूं; जो बुद्धिमानों को पीछे हटा देता और उनकी पण्डिताई को मूर्खता बनाता हूं;
- Isaiah 8:10 यशायाह 8:10तुम युक्ति करो तो करो, परन्तु वह निष्फल हो जाएगी, तुम कुछ भी कहो, परन्तु तुम्हारा कहा हुआ ठहरेगा नहीं, क्योंकि परमेश्वर हमारे संग है।।
- 2 Samuel 15:31 2 शमूएल 15:31तब दाऊद को यह समाचार मिला, कि अबशालोम के संगी राजद्रोहियों के साथ अहीतोपेल है। दाऊद ने कहा, हे यहोवा, अहीतोपेल की सम्मति को मूर्खता बना दे।
- Lamentations 3:37–38 विलापगीत 3:37–38यदि यहोवा ने आज्ञा न दी हो, तब कौन है कि वचन कहे और वह पूरा हो जाए? विपत्ति और कल्याण, क्या दोनों परमप्रधान की आज्ञा से नहीं होते?
- Proverbs 21:30 नीतिवचन 21:30यहोवा के विरूद्ध न तो कुछ बुद्धि, और न कुछ समझ, न कोई युक्ति चलती है।
- Mark 13:34 मरकुस 13:34यह उस मनुष्य की सी दशा है, जो परदेश जाते समय अपना घर छोड़ जाए, और अपने दासों को अधिकार दे: और हर एक को उसका काम जता दे, और द्वारपाल को जागते रहने की आज्ञा दे।
- 1 Thessalonians 4:11 1 थिस्सलुनीकियों 4:11और जैसी हम ने तुम्हें आज्ञा दी, वैसे ही चुपचाप रहने और अपना अपना काम काज करने, और अपने अपने हाथों से कमाने का प्रयत्न करो।
- 1 Corinthians 3:19–20 1 कुरिन्थियों 3:19–20क्योंकि इस संसार का ज्ञान परमेश्वर के निकट मूर्खता है, जैसा लिखा है; कि वह ज्ञानियों को उन की चतुराई में फंसा देता है। और फिर प्रभु ज्ञानियों की चिन्ताओं को जानता है, कि व्यर्थ हैं।