2 Corinthians · chapter 3 · verse 12
2 Corinthians 3:12 in Hindi
सो ऐसी आशा रखकर हम हियाव के साथ बोलते हैं।
So aisee aashaa rakhakar ham hiyaav ke saath bolate hain.
2 Corinthians 3:12 in English
- King James Version (KJV)
- Seeing then that we have such hope, we use great plainness of speech:
- World English Bible (WEB)
- Having therefore such a hope, we use great boldness of speech,
- American Standard Version (ASV)
- Having therefore such a hope, we use great boldness of speech,
- Bible in Basic English (BBE)
- Having then such a hope, we keep nothing back,
- Darby Translation (DBY)
- Having therefore such hope, we use much boldness:
- Webster's Bible (WBS)
- Seeing then that we have such hope, we use great plainness of speech:
- Young's Literal Translation (YLT)
- Having, then, such hope, we use much freedom of speech,
Read in context
- 10और जो तेजोमय था, वह भी उस तेज के कारण जो उस से बढ़कर तेजामय था, कुछ तेजोमय न ठहरा।
- 11क्योंकि जब वह जो घटता जाता था तेजोमय था, तो वह जो स्थिर रहेगा, और भी तेजोमय क्यों न होगा?
- 12सो ऐसी आशा रखकर हम हियाव के साथ बोलते हैं।
- 13और मूसर की नाईं नहीं, जिस ने अपने मुंह पर परदा डाला था ताकि इस्त्राएली उस घटनेवाली वस्तु के अन्त को न देखें।
- 14परन्तु वे मतिमन्द हो गए, क्योंकि आज तक पुराने नियम के पढ़ते समय उन के हृदयों पर वही परदा पड़ा रहता है; पर वह मसीह में उठ जाता है।
Cross references
- 2 Corinthians 7:4 2 कुरिन्थियों 7:4मैं तुम से बहुत हियाव के साथ बोल रहा हूं, मुझे तुम पर बड़ा घमण्ड है: मैं शान्ति से भर गया हूं; अपने सारे क्लेश में मैं आनन्द से अति भरपूर रहता हूं।।
- Ephesians 6:19–20 इफिसियों 6:19–20और मेरे लिये भी, कि मुझे बोलने के समय ऐसा प्रबल वचन दिया जाए, कि मैं हियाव से सुसमाचार का भेद बता सकूं जिस के लिये मैं जंजीर से जकड़ा हुआ राजदूत हूं। और यह भी कि मैं उस के विषय में जैसा मुझे चाहिए हियाव से बोलूं।।
- Philippians 1:20 फिलिप्पियों 1:20मैं तो यही हार्दिक लालसा और आशा रखता हूं, कि मैं किसी बात में लज्जित न होऊं, पर जैसे मेरे प्रबल साहस के कारण मसीह की बड़ाई मेरी देह के द्वारा सदा होती रही है, वैसा ही अब भी हो चाहे मैं जीवित रहूं वा मर जाऊं।
- John 16:29 यूहन्ना 16:29उसके चेलों ने कहा, देख, अब तो तू खोलकर कहता है, और कोई दृष्टान्त नहीं कहता।
- Acts 4:13 प्रेरितों के काम 4:13जब उन्हों ने पतरस और यूहन्ना का हियाव देखा, ओर यह जाना कि ये अनपढ़ और साधारण मनुष्य हैं, तो अचम्भा किया; फिर उन को पहचाना, कि ये यीशु के साथ रहे हैं।
- John 16:25 यूहन्ना 16:25मैं ने ये बातें तुम से दृष्टान्तों में कही हैं, परन्तु वह समय आता है, कि मैं तुम से दृष्टान्तों में और फिर नहीं कहूंगा परन्तु खोलकर तुम्हें पिता के विषय में बताऊंगा।
- Acts 9:29 प्रेरितों के काम 9:29और निधड़क होकर प्रभु के नाम से प्रचार करता था: और यूनानी भाषा बोलनेवाले यहूदियों के साथ बातचीत और वाद- विवाद करता था; परन्त ुवे उसके मार डालने का यत्न करने लगे।
- 1 Thessalonians 2:2 1 थिस्सलुनीकियों 2:2बरन तुम आप ही जानते हो, कि पहिले पहिल फिलिप्पी में दुख उठाने और उपद्रव सहने पर भी हमारे परमेश्वर ने हमें ऐसा हियाव दिया, कि हम परमेश्वर का सुसमाचार भारी विरोधों के होते हुए भी तुम्हें सुनाएं।
- John 10:24 यूहन्ना 10:24तब यहूदियों ने उसे आ घेरा और पूछा, तू हमारे मन को कब तक दुविधा में रखेगा? यदि तू मसीह है, तो हम से साफ कह दे।
- 2 Corinthians 10:1 2 कुरिन्थियों 10:1मैं वही पौलुस जो तुम्हारे साम्हने दीन हूं, परन्तु पीठ पीछे तुम्हारी ओर साहस करता हूं; तुम को मसीह की नम्रता, और कोमलता के कारण समझाता हूं।
- 2 Corinthians 4:13 2 कुरिन्थियों 4:13और इसलिये कि हम में वही विश्वास की आत्मा है, (जिस के विषय मे लिखा है, कि मैं ने विश्वास किया, इसलिये मैं बोला) सो हम भी विश्वास करते हैं, इसी लिये बोलते हैं।
- Acts 4:29–31 प्रेरितों के काम 4:29–31अब, हे प्रभु, उन की धमकियों को देख; और अपने दासों को यह बरदान दे, कि तेरा वचन बड़े हियाव से सुनाएं। और चंगा करने के लिये तू अपना हाथ बढ़ा; कि चिन्ह और अद्भुत काम तेरे पवित्रा सेवक यीशु के नाम से किए जाएं। जब वे प्रार्थना कर चुके, तो वह स्थान जहां वे इकट्ठे थे हिल गया, और वे सब पवित्रा आत्मा से परिपूर्ण हो गए, और परमेश्वर का वचन हियाव से सुनाते रहे।।