Acts · chapter 28 · verse 16
Acts 28:16 in Hindi
जब हम रोम में पहुंचे, तो पौलुस को एक सिपाही के साथ जो उस की रखवाली करता था, अकेले रहने की आज्ञा हुई।।
Jab ham rom mem pahunche, to paulus ko ek sipaahee ke saath jo us kee rakhavaalee karataa thaa, akele rahane kee aajnyaa huee..
Acts 28:16 in English
- King James Version (KJV)
- And when we came to Rome, the centurion delivered the prisoners to the captain of the guard: but Paul was suffered to dwell by himself with a soldier that kept him.
- World English Bible (WEB)
- When we entered into Rome, the centurion delivered the prisoners to the captain of the guard, but Paul was allowed to stay by himself with the soldier who guarded him.
- American Standard Version (ASV)
- And when we entered into Rome, Paul was suffered to abide by himself with the soldier that guarded him.
- Bible in Basic English (BBE)
- And when we came into Rome, they let Paul have a house for himself and the armed man who kept watch over him.
- Darby Translation (DBY)
- And when we came to Rome, [the centurion delivered up the prisoners to the praetorian prefect, but] Paul was allowed to remain by himself with the soldier who kept him.
- Webster's Bible (WBS)
- And when we came to Rome, the centurion delivered the prisoners to the captain of the guard: but Paul was suffered to dwell by himself, with a soldier that kept him.
- Young's Literal Translation (YLT)
- And when we came to Rome, the centurion delivered up the prisoners to the captain of the barrack, but Paul was suffered to remain by himself, with the soldier guarding him.
Read in context
- 14वहां हम को भाई मिले, और उन के कहने से हम उन के यहां सात दिन तक रहे; और इस रीति से रोम को चले।
- 15वहां से भाई हमारा समाचार सुनकर अप्पियुस के चौक और तीन- सराए तक हमारी भेंट करने को निकल आए जिन्हें देखकर पौलुस ने परमेश्वर का धन्यवाद किया, और ढाढ़स बान्धा।।
- 16जब हम रोम में पहुंचे, तो पौलुस को एक सिपाही के साथ जो उस की रखवाली करता था, अकेले रहने की आज्ञा हुई।।
- 17तीन दिन के बाद उस ने यहूदियों के बड़े लोगों को बुलाया, और जब वे इकट्ठे हुए तो उन से कहा; हे भाइयों, मैं ने अपने लोगों के या बापदादों के व्यवहारों के विरोध में कुछ भी नहीं किया, तौभी बन्धुआ होकर यरूशलेम से रोमियों के हाथ सौंपा गया।
- 18उन्हों ने मुझे जांच कर छोड़ देना चाहा, क्योंकि मुझ में मृत्यु के योग्य कोई दोष न था।
Cross references
- Acts 27:3 प्रेरितों के काम 27:3दूसरे दिन हम ने सैदा में लंगर डाला और यूलियुस ने पौलुस पर कृपा करके उसे मित्रों के यहां जाने दिया कि उसका सत्कार किया जाए।
- Acts 24:23 प्रेरितों के काम 24:23और सूबेदार को आज्ञा दी, कि पौलुस को सुख से रखकर रखवाली करना, और उसके मित्रों में से किसी को भी उस की सेवा करने से न रोकना।।
- Romans 1:7–15 रोमियों 1:7–15उन सब के नाम जो रोम में परमेश्वर के प्यारे हैं और पवित्रा होने के लिये बुलाए गए हैं।। हमारे पिता परमेश्वर और प्रभु यीशु मसीह की ओर से तुम्हें अनुग्रह और शान्ति मिलती रहे।। पहिले मैं तुम सब के लिये यीशु मसीह के द्वारा अपने परमेश्वर का धन्यवाद करता हूं, कि तुम्हारे विश्वास की चर्चा सारे जगत में हो रही है। परमेश्वर जिस की सेवा मैं अपनी आत्मा से उसके पुत्रा के सुसमाचार के विषय में करता हूं, वही मेरा गवाह है; कि मैं तुम्हें किस प्रकार लगातार स्मरण करता रहता हूं। और नित्य अपनी प्रार्थनाओं में बिनती करता हूं, कि किसी रीति से अब भी तुम्हारे पास आने को मेरी यात्रा परमेश्वर की इच्छा से सुफल हो। क्योंकि मै। तुम से मिलने की लालसा करता हूं, कि मैं तुम्हें कोई आत्मिक बरदान दूं जिस से तुम स्थिर हो जाओ। अर्थात् यह, कि मैं तुम्हारे बीच में होकर तुम्हारे साथ उस विश्वास के द्वारा जो मुझ में, और तुम में है, शान्ति पाऊं। और हे भाइयों, मैं नहीं चाहता, कि तुम इस से अनजान रहो, कि मैं ने बार बार तुम्हारे पास आना चाहा, कि जैसा मुझे और अन्यजातियों में फल मिला, वैसा ही तुम में भी मिले, परन्तु अब तक रूका रहा। मैं यूनानियों और अन्यभाषियों का और बुद्धिमानों और निर्बुद्धियों का कर्जदान हूं। सो मैं तुम्हें भी जो रोम में रहते हो, सुसमाचार सुनाने को भरसक तैयार हूं।
- Acts 28:30–31 प्रेरितों के काम 28:30–31और वह पूरे दो वर्ष अपने भाड़े के घर में रहा। और जो उसके पास आते थे, उन सब से मिलता रहा और बिना रोक टोक बहुत निडर होकर परमेश्वर के राज्य का प्रचार करता और प्रभु यीशु मसीह की बातें सिखाता रहा।।
- Genesis 37:36 उत्पत्ति 37:36और मिद्यानियों ने यूसुफ को मि में ले जाकर पोतीपर नाम, फिरौन के एक हाकिम, और जल्लादों के प्रधान, के हाथ बेच डाला।।
- Genesis 39:21–23 उत्पत्ति 39:21–23पर यहोवा यूसुफ के संग संग रहा, और उस पर करूणा की, और बन्दीगृह के दरोगा के अनुग्रह की दृष्टि उस पर हुई। सो बन्दीगृह के दरोगा ने उन सब बन्धुओं को, जो कारागार में थे, यूसुफ के हाथ में सौप दिया; और जो जो काम वे वहां करते थे, वह उसी की आज्ञा से होता था। बन्दीगृह के दरोगा के वश में जो कुछ था; क्योंकि उस में से उसको कोई भी वस्तु देखनी न पड़ती थी; इसलिये कि यहोवा यूसुफ के साथ था; और जो कुछ वह करता था, यहोवा उसको उस में सफलता देता था।
- Acts 27:31 प्रेरितों के काम 27:31तो पौलुस ने सूबेदार और सिपाहियों से कहा; यदि ये जहाज पर न रहें, तो तुम नहीं बच सकते।
- Revelation 17:9 प्रकाशितवाक्य 17:9उस बुद्धि के लिये जिस में ज्ञान है यही अवसर है, वे सातों सिर सात पहाड़ हैं, जिन पर वह स्त्री बैठी है।
- Acts 2:10 प्रेरितों के काम 2:10और फ्रूगिया और पमफूलिया और मिसर और लिबूआ देश जो कुरेने के आस पास है, इन सब देशों के रहनेवाले और रोमी प्रवासी, क्या यहूदी क्या यहूदी मत धारण करनेवाले, क्रेती और अरबी भी हैं।
- Revelation 17:18 प्रकाशितवाक्य 17:18और वह स्त्री, जिस तू ने देखा है वह बड़ा नगर है, जो पृथ्वी के राजाओं पर राज्य करता है।।
- Acts 27:43 प्रेरितों के काम 27:43परन्तु सूबेदार ने पौलुस को बचाने को इच्छा से उन्हें इस विचार से रोका, और यह कहा, कि जो तैर सकते हैं, पहिले कूदकर किनारे पर निकल जाएं।
- Acts 23:11 प्रेरितों के काम 23:11उसी रात प्रभु ने उसके पास आ खड़े होकर कहा; हे पौलुस, ढ़ाढ़स बान्ध; क्योंकि जैसी तू ने यरूशलेम में मेरी गवाही दी, वैसी ही तुझे रोम में भी गवाही देनी होगी॥
Original words (Greek)
- And · G1161δέ dé
- when · G3753ὅτε hóte
- came · G2064ἔρχομαι érchomai
- to · G1519εἰς eis
- Rome · G4516Ῥώμη Rhṓmē
- centurion · G1543ἑκατοντάρχης hekatontárchēs
- delivered · G3860παραδίδωμι paradídōmi
- prisoners · G1198δέσμιος désmios
- guard · G4759στρατοπεδάρχης stratopedárchēs
- but · G1161δέ dé
- Paul · G3972Παῦλος Paûlos
- suffered · G2010ἐπιτρέπω epitrépō
- dwell · G3306μένω ménō
- by · G2596κατά katá
- himself · G1438ἑαυτοῦ heautoû
- with · G4862σύν sýn
- soldier · G4757στρατιώτης stratiṓtēs
- kept · G5442φυλάσσω phylássō
- him · G846αὐτός autós