Job · chapter 27 · verse 2
Job 27:2 in Hindi
मैं ईश्वर के जीवन की शपथ खाता हूँ जिस ने मेरा न्याय बिगाड़ दिया, अर्थात् उस सर्वशक्तिमान के जीवन की जिस ने मेरा प्राण कड़ुआ कर दिया।
Maim eeshvar ke jeevan kee shapath khaataa hoon jis ne meraa nyaay bigaad diyaa, arthaat us sarvashaktimaan ke jeevan kee jis ne meraa praan kaduaa kar diyaa.
Job 27:2 in English
- King James Version (KJV)
- [As] God liveth, [who] hath taken away my judgment; and the Almighty, [who] hath vexed my soul;
- World English Bible (WEB)
- “As God lives, who has taken away my right, the Almighty, who has made my soul bitter
- American Standard Version (ASV)
- As God liveth, who hath taken away my right, And the Almighty, who hath vexed my soul
- Bible in Basic English (BBE)
- By the life of God, who has taken away my right; and of the Ruler of all, who has made my soul bitter;
- Darby Translation (DBY)
- [As] God liveth, who hath taken away my right, and the Almighty, who hath embittered my soul,
- Webster's Bible (WBS)
- [As] God liveth, [who] hath taken away my judgment; and the Almighty [who] hath afflicted my soul;
- Young's Literal Translation (YLT)
- God liveth! He turned aside my judgment, And the Mighty — He made my soul bitter.
Read in context
- 1अरयूब ने और भी अपनी गूढ़ बात उठाई और कहा,
- 2मैं ईश्वर के जीवन की शपथ खाता हूँ जिस ने मेरा न्याय बिगाड़ दिया, अर्थात् उस सर्वशक्तिमान के जीवन की जिस ने मेरा प्राण कड़ुआ कर दिया।
- 3क्योंकि अब तक मेरी सांस बराबर आती है, और ईश्वर का आत्मा मेरे नथुनों में बना है।
- 4मैं यह कहता हूँ कि मेरे मुंह से कोई कुटिल बात न निकलेगी, और न मैं कपट की बातें बोलूंगा।
Cross references
- Job 34:5 अय्यूब 34:5क्योंकि अरयूब ने कहा है, कि मैं निदष हूँ, और ईश्वर ने मेरा हक़ मार दिया है।
- Numbers 14:21 गिनती 14:21परन्तु मेरे जीवन की शपथ सचमुच सारी पृथ्वी यहोवा की महिमा से परिपूर्ण हो जाएगी;
- 2 Kings 4:27 2 राजा 4:27वह पहाड़ पर परमेश्वर के भक्त के पास पहुंची, और उसके पांव पकड़ने लगी, तब गेहजी उसके पास गया, कि उसे धक्का देकर हटाए, परन्तु परमेश्वर के भक्त ने कहा, उसे छोड़ दे, उसका मन रयाकुल है; परन्तु यहोवा ने मुझ को नहीं बताया, छिपा ही रखा है।
- 2 Samuel 2:27 2 शमूएल 2:27योआब ने कहा, परमेश्वर के जीवन की शपथ, कि यदि तू न बोला होता, तो निेसन्देह लोग सवेरे ही चले जाते, और अपने अपने भाई का पीछा न करते।
- Isaiah 40:27 यशायाह 40:27हे याकूब, तू क्यों कहता है, हे इस्राएल तू क्यों बोलता है, मेरा मार्ग यहोवा के छिपा हुआ है, मेरा परमेश्वर मेरे न्याय की कुछ चिन्ता नहीं करता?
- Ruth 1:20–21 रूत 1:20–21उस ने उन से कहा, मुझे नाओमी न कहो, मुझे मारा कहो, क्योंकि सर्वशक्तिमान् ने मुझ को बड़ा दु:ख दिया है। मैं भरी पूरी चली गई थी, परन्तु यहोवा ने मुझे छूछी करके लौटाया है। सो जब कि यहोवा ही ने मेरे विरूद्ध साक्षी दी, और सर्वशक्तिमान ने मुझे दु:ख दिया है, फिर तुम मुझे क्यों नाओमी कहती हो?
- 1 Samuel 14:45 1 शमूएल 14:45परन्तु लोगों ने शाऊल से कहा, क्या योनातान मारा जाए, जिस ने इस्राएलियों का ऐसा बड़ा छुटकारा किया है? ऐसा न होगा! यहोवा के जीवन की शपथ, उसके सिर का एक बाल भी भूमि पर गिरने न पाएगा; क्योंकि आज के दिन उस ने परमेश्वर के साथ होकर काम किया है। तब प्रजा के लोगों ने योनातान को बचा लिया, और वह मारा न गया।
- 1 Samuel 25:34 1 शमूएल 25:34क्योंकि सचमुच इस्राएल का परमेश्वर यहोवा, जिस ने मुझे तेरी हानि करने से रोका है, उसके जीवन की शपथ, यदि तू फुर्ती करके मुंझ से भेंट करने को न आती, तो नि:सन्देह बिहान को उजियाला होने तक नाबाल का कोई लड़का भी न बचता।
- 1 Samuel 14:39 1 शमूएल 14:39क्योंकि इस्राएल के छुड़ानेवाले यहोवा के जीवन की शपथ, यदि वह पाप मेरे पुत्रा योनातान से हुआ हो, तौभी निश्चय वह मार डाला जाएगा। परन्तु लोगों में से किसी ने उसे उत्तर न दिया।
- Job 10:3 अय्यूब 10:3क्या तुझे अन्धेर करना, और दुष्टों की युक्ति को सुफल करके अपने हाथों के बनाए हुए को निकम्मा जानना भला लगता है?
- Jeremiah 5:2 यिर्मयाह 5:2यद्यमि उसके निवासी यहोवा के जीवन की शपथ भी खाएं, तौभी निश्चय वे झूठी शपथ खाते हैं।
- Jeremiah 4:2 यिर्मयाह 4:2और यदि तू सच्चाई और न्याय और धर्म से यहोवा के जीवन की शपथ खाए, तो अन्यजातियां उसके कारण अपने आपको धन्य कहेंगी, और उसी पर घमण्ड करेंगी।