Psalms · chapter 127 · verse 3
Psalm 127:3 in Hindi
देखे, लड़के यहोवा के दिए हुए भाग हैं, गर्भ का फल उसकी ओर से प्रतिफल है।
Dekhe, ladake yahovaa ke die hue bhaag haim, garbh kaa phal usakee or se pratiphal hai.
Psalm 127:3 in English
- King James Version (KJV)
- Lo, children [are] an heritage of the LORD: [and] the fruit of the womb [is his] reward.
- World English Bible (WEB)
- Behold, children are a heritage of the LORD. The fruit of the womb is his reward.
- American Standard Version (ASV)
- Lo, children are a heritage of Jehovah; [And] the fruit of the womb is [his] reward.
- Bible in Basic English (BBE)
- See, sons are a heritage from the Lord; the fruit of the body is his reward.
- Darby Translation (DBY)
- Lo, children are an inheritance from Jehovah, [and] the fruit of the womb a reward.
- Webster's Bible (WBS)
- Lo, children [are] a heritage of the LORD: [and] the fruit of the womb [is his] reward.
- Young's Literal Translation (YLT)
- Lo, an inheritance of Jehovah [are] sons, A reward [is] the fruit of the womb.
Read in context
- 1यदि घर को यहोवा न बानाए, तो उसके बनानेवालों को परिश्रम व्यर्थ होगा। यदि नगर की रक्षा यहोवा न करे, तो रखवाले का जागना व्यर्थ ही होगा।
- 2तुम जो सवेरे उठते और देर करके विश्राम करते और दु:ख भरी रोटी खाते हो, यह सब तुम्हारे लिये व्यर्थ ही है; क्योंकि वह अपने प्रियों को योंही नींद दान करता है।।
- 3देखे, लड़के यहोवा के दिए हुए भाग हैं, गर्भ का फल उसकी ओर से प्रतिफल है।
- 4जैसे वीर के हाथ में तीर, वैसे ही जवानी के लड़के होते हैं।
- 5क्या ही धन्य है वह पुरूष जिस ने अपने तर्कश को उन से भर लिया हो! वह फाटक के पास शत्रुओं से बातें करते संकोच न करेगा।।
Cross references
- Psalm 128:3–4 भजन संहिता 128:3–4तेरे घर के भीतर तेरी स्त्री फलवन्त दाखलता सी होगी; तेरी मेज के चारों ओर तेरे बालक जलपाई के पौधे से होंगे। सुन, जो पुरूष यहोवा का भय मानता हो, वह ऐसी ही आशीष पाएगा।।
- Deuteronomy 28:4 व्यवस्थाविवरण 28:4धन्य हो तेरी सन्तान, और तेरी भूमि की उपज, और गाय और भेड़- बकरी आदि पशुओं के बच्चे।
- 1 Samuel 1:27 1 शमूएल 1:27यह वही बालक है जिसके लिये मैं ने प्रार्थना की थी; और यहोवा ने मुझे मुंह मांगा वर दिया है।
- Genesis 48:4 उत्पत्ति 48:4और कहा, सुन, मैं तुझे फुला- फलाकर बढ़ाऊंगा, और तुझे राज्य राज्य की मण्डली का मूल बनाऊंगा, और तेरे पश्चात् तेरे वंश को यह देश दे दूंगा, जिस से कि वह सदा तक उनकी निज भूमि बनी रहे।
- Isaiah 8:18 यशायाह 8:18देख, मैं और जो लड़के यहोवा ने मुझे सौंपे हैं, उसी सेनाओं के यहोवा की ओर से जो सिरयोन पर्वत पर निवास किए रहता है इस्राएलियों के लिये चिन्ह और चमत्कार हैं।
- Genesis 33:5 उत्पत्ति 33:5तब उस ने आंखे उठाकर स्त्रियों और लड़के बालों को देखा; और पूछा, ये जो तेरे साथ हैं सो कौन हैं? उस ने कहा, ये तेरे दास के लड़के हैं, जिन्हें परमेश्वर ने अनुग्रह करके मुझ को दिया है।
- Genesis 1:28 उत्पत्ति 1:28और परमेश्वर ने उनको आशीष दी: और उन से कहा, फूलो- फलो, और पृथ्वी में भर जाओ, और उसको अपने वश में कर लो; और समुद्र की मछलियों, तथा आकाश के पक्षियों, और पृथ्वी पर रेंगनेवाले सब जन्तुओ पर अधिकार रखो।
- 1 Samuel 1:19–20 1 शमूएल 1:19–20बिहान को वे सवेरे उठ यहोवा को दण्डवत् करके रामा में अपने घर लौट गए। और एलकाना अपनी स्त्री हन्ना के पास गया, और यहोवा ने उसकी सुधि ली; तब हन्ना गर्भवती हुई और समय पर उसके एक पुत्रा हुआ, और उसका नाम शमूएल रखा, क्योंकि वह कहने लगी, मैं ने यहोवा से मांगकर इसे पाया है।
- Joshua 24:3–4 यहोशू 24:3–4और मैं ने तुम्हारे मूलपुरूष इब्राहीम को महानद के उस पार से ले आकर कनान देश के सब स्थानों में फिराया, और उसका वंश बढ़ाया। और उसे इसहाक को दिया; फिर मैं ने इसहाक को याकूब और एसाव दिया। और एसाव को मैं ने सेईर नाम पहाड़ी देश दिया कि वह उसका अधिकारी हो, परन्तु याकूब बेटों- पोतों समेत मि को गया।
- Genesis 24:60 उत्पत्ति 24:60और उन्हों ने रिबका को आशीर्वाद देके कहा, हे हमारी बहिन, तू हजारों लाखों की आदिमाता हो, और तेरा वंश अपने बैरियों के नगरों का अधिकारी हो।
- Genesis 30:1–2 उत्पत्ति 30:1–2जब राहेल ने देखा, कि याकूब के लिये मुझ से कोई सन्तान नहीं होता, तब वह अपनी बहिन से डाह करने लगी: और याकूब से कहा, मुझे भी सन्तान दे, नहीं तो मर जाऊंगी। तब याकूब ने राहेल से क्रोधित होकर कहा, क्या मैं परमेश्वर हूं? तेरी कोख तो उसी ने बन्द कर रखी है।
- Genesis 41:51–52 उत्पत्ति 41:51–52और यूसुफ ने अपने जेठे का नाम यह कहके मनश्शे रखा, कि परमेश्वर ने मुझ से सारा क्लेश, और मेरे पिता का सारा घराना भुला दिया है। और दूसरे का नाम उस ने यह कहकर एप्रैम रखा, कि मुझे दु:ख भोगने के देश में परमेश्वर ने फुलाया फलाया है।