Psalms · chapter 94 · verse 11
Psalm 94:11 in Hindi
यहोवा मनुष्य की कल्पनाओं को तो जानता है कि वे मिथ्या हैं।।
Yahovaa manushy kee kalpanaaom ko to jaanataa hai ki ve mithyaa hain..
Psalm 94:11 in English
- King James Version (KJV)
- The LORD knoweth the thoughts of man, that they [are] vanity.
- World English Bible (WEB)
- The LORD knows the thoughts of man, that they are futile.
- American Standard Version (ASV)
- Jehovah knoweth the thoughts of man, That they are vanity.
- Bible in Basic English (BBE)
- The Lord has knowledge of the thoughts of man, for they are only a breath.
- Darby Translation (DBY)
- Jehovah knoweth the thoughts of man, that they are vanity.
- Webster's Bible (WBS)
- The LORD knoweth the thoughts of man, that they [are] vanity.
- Young's Literal Translation (YLT)
- He knoweth the thoughts of man, that they [are] vanity.
Read in context
- 9जिस ने कान दिया, क्या वह आप नहीं सुनता? जिस ने आंख रची, क्या वह आप नहीं देखता?
- 10जो जाति जाति को ताड़ना देता, और मनुष्य को ज्ञान सिखाता है, क्या वह न समझाएगा?
- 11यहोवा मनुष्य की कल्पनाओं को तो जानता है कि वे मिथ्या हैं।।
- 12हे यहा, क्या ही धन्य है वह पुरूष जिसको तू ताड़ना देता है, और अपनी व्यवस्था सिखाता है,
- 13क्योंकि तू उसको विपत्ति के दिनों में उस समय तक चैन देता रहता है, जब तक दुष्टों के लिये गड़हा नहीं खोदा जाता।
Cross references
- 1 Corinthians 3:20 1 कुरिन्थियों 3:20और फिर प्रभु ज्ञानियों की चिन्ताओं को जानता है, कि व्यर्थ हैं।
- 1 Corinthians 1:19 1 कुरिन्थियों 1:19क्योकि लिखा है, कि मैं ज्ञानवानों के ज्ञान को नाश करूंगा, और समझदारों की समझ को तुच्छ कर दूंगा।
- Job 11:11–12 अय्यूब 11:11–12क्योंकि वह पाखणडी मनुष्यों का भेद जानता है, और अनर्थ काम को बिना सोच विचार किए भी जान लेता है। पनन्तु मनुष्य छूछा और निर्बुध्दि होता है; क्योंकि मनुष्य जन्म ही से जंगली गदहे के बच्चे के समान होता है।
- 1 Corinthians 1:25 1 कुरिन्थियों 1:25क्योंकि परमेश्वर की मूर्खता मनुष्यों के ज्ञान से ज्ञानवान है; और परमेश्वर की निर्बलता मनुष्यों के बल से बहुत बलवान है।।
- Romans 1:21–22 रोमियों 1:21–22इस कारण कि परमेश्वर को जानने पर भी उन्हों ने परमेश्वर के योग्य बड़ाई और धन्यवाद न किया, परन्तु व्यर्थ विचार करने लगे, यहां तक कि उन का निर्बुद्धि मन अन्धेरा हो गया। वे अपने आप को बुद्धिमान जताकर मूर्ख बन गए।
- 1 Corinthians 1:21 1 कुरिन्थियों 1:21क्योंकि जब परमेश्वर के ज्ञान के अनुसार संसार ने ज्ञान से परमेश्वर को न जाना तो परमेश्वर को यह अच्छा लगा, कि इस प्रकार की मूर्खता के द्वारा विश्वास करनेवालों को उद्धार दे।
- Psalm 49:10–13 भजन संहिता 49:10–13क्योंकि देखने में आता है, कि बुद्धिमान भी मरते हैं, और मूर्ख और पशु सरीखे मनुष्य भी दोनों नाश होते हैं, और अपनी सम्पत्ति औरों के लिये छोड़ जाते हैं। वे मन ही मन यह सोचते हैं, कि उनका घर सदा स्थिर रहेगा, और उनके निवास पीढ़ी से पीढ़ी तक बने रहेंगे; इसलिये वे अपनी अपनी भूमि का नाम अपने अपने नाम पर रखते हैं। परन्तु मनुष्य प्रतिष्ठा पाकर भी स्थिर नहीं रहता, वह पशुओं के समान होता है, जो मर मिटते हैं।। उनकी यह चाल उनकी मूर्खता है, तौभी उनके बाद लोग उनकी बातों से प्रसन्न होते हैं।