Ephesians · chapter 6 · verse 1
Ephesians 6:1 in Hindi
हे बालकों, प्रभु में अपने माता पिता के आज्ञाकारी बनो, क्योंकि यह उचित है।
He baalakom, prabhu mem apane maataa pitaa ke aajnyaakaaree bano, kyonki yah uchit hai.
Ephesians 6:1 in English
- King James Version (KJV)
- Children, obey your parents in the Lord: for this is right.
- World English Bible (WEB)
- Children, obey your parents in the Lord, for this is right.
- American Standard Version (ASV)
- Children, obey your parents in the Lord: for this is right.
- Bible in Basic English (BBE)
- Children, do what is ordered by your fathers and mothers in the Lord: for this is right.
- Darby Translation (DBY)
- Children, obey your parents in [the] Lord, for this is just.
- Webster's Bible (WBS)
- Children, obey your parents in the Lord: for this is right.
- Young's Literal Translation (YLT)
- The children! obey your parents in the Lord, for this is righteous;
Read in context
- 1हे बालकों, प्रभु में अपने माता पिता के आज्ञाकारी बनो, क्योंकि यह उचित है।
- 2अपनी माता और पिता का आदर कर (यह पहिली आज्ञा है, जिस के साथ प्रतिज्ञा भी है)।
- 3कि तेरा भला हो, और तू धरती पर बहुत दिन जीवित रहे।
Cross references
- Colossians 3:20–25 कुलुस्सियों 3:20–25हे बालको, सब बातों में अपने अपने माता- पिता की आज्ञा का पालन करो, क्योंकि प्रभु इस से प्रसन्न होता है। हे बच्चेवालो, अपने बालकों को तंग न करो, न हो कि उन का साहस टूट जाए। हे सेवको, जो शरीर के अनुसार तुम्हारे स्वामी हैं, सब बातों में उन की आज्ञा का पालन करो, मनुष्यों को प्रसन्न करनेवालों की नाईं दिखाने के लिये नहीं, परन्तु मन की सीधाई और परमेश्वर के भय से। और जो कुछ तुम करते हो, तन मन से करो, यह समझकर कि मनुष्यों के लिये नहीं परन्तु प्रभु के लिये करते हो। क्योंकि तुम जानते हो कि तुम्हें इस के बदले प्रभु से मीरास मिलेगी: तुम प्रभु मसीह की सेवा करते हो। क्योंकि जो बुरा करता है, वह अपनी बुराई का फल पाएगा; वहां किसी का पक्षपात नहीं।
- Proverbs 23:22 नीतिवचन 23:22अपने जन्मानेवाले की सुनना, और जब तेरी माता बुढ़िया हो जाए, तब भी उसे तुच्छ न जानना।
- Proverbs 6:20 नीतिवचन 6:20हे मेरे पुत्रा, मेरी आज्ञा को मान, और अपनी माता की शिक्षा का न तज।
- Colossians 3:16–17 कुलुस्सियों 3:16–17मसीह के वचन को अपने हृदय में अधिकाई से बसने दो; और सिद्ध ज्ञान सहित एक दूसरे को सिखाओ, और चिताओ, और अपने अपने मन में अनुग्रह के साथ परमेश्वर के लिये भजन और स्तुतिगान और आत्मिक गीत गाओ। और वचन से या काम से जो कुछ भी करो सब प्रभु यीशु के नाम से करो, और उसके द्वारा परमेश्वर पिता का धन्यवाद करो।।
- Proverbs 1:8 नीतिवचन 1:8हे मेरे पुत्रा, अपने पिता की शिक्षा पर कान लगा, और अपनी माता की शिक्षा को न तज;
- Deuteronomy 21:18 व्यवस्थाविवरण 21:18यदि किसी के हठीला और दंगैत बेटा हो, जो अपने माता- पिता की बात न माने, किन्तु ताड़ना देने पर भी उनकी न सुने,
- Leviticus 19:3 लैव्यव्यवस्था 19:3तुम अपनी अपनी माता और अपने अपने पिता का भय मानना, और मेरे विश्राम दिनों को मानना; मैं तुम्हारा परमेश्वर यहोवा हूं।
- Romans 12:2 रोमियों 12:2और इस संसार के सदृश न बनो; परन्तु तुम्हारी बुद्धि के नये हो जाने से तुम्हारा चाल- चलन भी बदलता जाए, जिस से तुम परमेश्वर की भली, और भावती, और सिद्ध इच्छा अनुभव से मालूम करते रहो।।
- 1 Timothy 5:4 1 तीमुथियुस 5:4और यदि किसी विधवा के लड़केबाले या नातीपोते हों, तो वे पहिले अपने ही घराने के साथ भक्ति का बर्ताव करना, और अपने माता- पिता आदि को उन का हक देना सीखें, क्योंकि यह परमेश्वर को भाता है।
- Ephesians 6:5–6 इफिसियों 6:5–6हे दासो, जो लोग शरीर के अनुसार तुम्हारे स्वामी हैं, अपने मन की सीधाई से डरते, और कांपते हुए, जैसे मसीह की, वैसे ही उन की भी आज्ञा मानो। और मनुष्यों को प्रसन्न करनेवालों की नाई दिखाने के लिये सेवा न करो, पर मसीह के दासों की नाई मन से परमेश्वर की इच्छा पर चलो।
- Romans 7:12 रोमियों 7:12इसलिये व्यवस्था पवित्रा है, और आज्ञा भी ठीक और अच्छी है।
- Proverbs 30:17 नीतिवचन 30:17जिस आंख से कोई अपने पिता पर अनादर की दृष्टि करे, और अपमान के साथ अपनी माता की आज्ञा न माने, उस आंख को तराई के कौवे खोद खोदकर निकालेंगे, और उकाब के बच्चे खा डालेंगे।।