Genesis · chapter 24 · verse 63
Genesis 24:63 in Hindi
और सांझ के समय वह मैदान में ध्यान करने के लिये निकला था: और उस ने आंखे उठाकर क्या देखा, कि ऊंट चले आ रहे हैं।
Aur saanjh ke samay vah maidaan mem dhyaan karane ke liye nikalaa thaa: aur us ne aankhe uthaakar kyaa dekhaa, ki oont chale aa rahe hain.
Genesis 24:63 in English
- King James Version (KJV)
- And Isaac went out to meditate in the field at the eventide: and he lifted up his eyes, and saw, and, behold, the camels [were] coming.
- World English Bible (WEB)
- Isaac went out to meditate in the field at the evening. He lifted up his eyes and looked. Behold, there were camels coming.
- American Standard Version (ASV)
- And Isaac went out to meditate in the field at the eventide: and he lifted up his eyes, and saw, and, behold, there were camels coming.
- Bible in Basic English (BBE)
- And when the evening was near, he went wandering out into the fields, and lifting up his eyes he saw camels coming.
- Darby Translation (DBY)
- And Isaac had gone out to meditate in the fields toward the beginning of evening. And he lifted up his eyes and saw, and behold, camels were coming.
- Webster's Bible (WBS)
- And Isaac went out to meditate in the field at evening: and he lifted up his eyes, and saw, and behold, the camels [were] coming.
- Young's Literal Translation (YLT)
- and Isaac goeth out to meditate in the field, at the turning of the evening, and he lifteth up his eyes, and looketh, and lo, camels are coming.
Read in context
- 61इस पर रिबका अपनी सहेलियों समेत चली; और ऊंट पर चढ़के उस पुरूष के पीछे हो ली: सो वह दास रिबका को साथ लेकर चल दिया।
- 62इसहाक जो दक्खिन देश में रहता था, सो लहैरोई नाम कुएं से होकर चला आता था।
- 63और सांझ के समय वह मैदान में ध्यान करने के लिये निकला था: और उस ने आंखे उठाकर क्या देखा, कि ऊंट चले आ रहे हैं।
- 64और रिबका ने भी आंख उठाकर इसहाक को देखा, और देखते ही ऊंट पर से उतर पड़ी
- 65तब उस ने दास से पूछा, जो पुरूष मैदान पर हम से मिलने को चला आता है, सो कौन है? दास ने कहा, वह तो मेरा स्वामी है। तब रिबका ने घूंघट लेकर अपने मुंह को ढ़ाप लिया।
Cross references
- Psalm 119:15 भजन संहिता 119:15मैं तेरे उपदेशों पर ध्यान करूंगा, और तेरे मार्गों की ओर दृष्टि रखूंगा।
- Psalm 104:34 भजन संहिता 104:34मेरा ध्यान करना, उसको प्रिय लगे, क्योंकि मैं तो याहेवा के कारण आनन्दित रहूंगा।
- Psalm 143:5–6 भजन संहिता 143:5–6मुझे प्राचीनकाल के दिन स्मरण आते हैं, मैं तेरे सब अद्भुत कामों पर ध्यान करता हूं, और तेरे काम को सोचता हूं। मैं तेरी ओर अपने हाथ फैलाए हूए हूं; सूखी भूमि की नाईं मैं तेरा प्यासा हूं।।
- Joshua 1:8 यहोशू 1:8व्यवस्था की यह पुस्तक तेरे चित्त से कभी न उतरने पाए, इसी में दिन रात ध्यान दिए रहना, इसलिये कि जो कुछ उस में लिखा है उसके अनुसार करने की तू चौकसी करे; क्योंकि ऐसा ही करने से तेरे सब काम सुफल होंगे, और तू प्रभावशाली होगा।
- Psalm 1:2 भजन संहिता 1:2परन्तु वह तो यहोवा की व्यवस्था से प्रसन्न रहता; और उसकी व्यवस्था पर रात दिन ध्यान करता रहता है।
- Psalm 77:11–12 भजन संहिता 77:11–12मैं याह के बड़े कामों की चर्चा करूंगा; निश्चय मैं तेरे प्राचीनकालवाले अद्भुत कामों को स्मरण करूंगा। मैं तेरे सब कामों पर ध्यान करूंगा, और तेरे बड़े कामों को सोचूंगा।
- Psalm 119:27 भजन संहिता 119:27अपने उपदेशों का मार्ग मुझे बता, तब मैं तेरे आश्यर्चकर्मों पर ध्यान करूंगा।
- Psalm 119:48 भजन संहिता 119:48मैं तेरी आज्ञाओं की ओर जिन में मैं प्रीति रखता हूं, हाथ फैलाऊंगा और तेरी विधियों पर ध्यान करूंगा।।
- Psalm 139:17–18 भजन संहिता 139:17–18और मेरे लिये तो हे ईश्वर, तेरे विचार क्या ही बहुमूल्य हैं! उनकी संख्या का जोड़ कैसा बड़ा है।। यदि मैं उनको गिनता तो वे बालू के किनकों से भी अधिक ठहरते। जब मैं जाग उठता हूं, तब भी तेरे संग रहता हूं।।
- Psalm 145:5 भजन संहिता 145:5मैं तेरे ऐश्वर्य की महिमा के प्रताप पर और तेरे भांति भांति के आश्चर्यकर्मों पर ध्यान करूंगा।