Job · chapter 38 · verse 5
Job 38:5 in Hindi
उसकी नाप किस ने ठहराई, क्या तू जानता है उस पर किस ने सूत खींचा?
Usakee naap kis ne thaharaaee, kyaa too jaanataa hai us par kis ne soot kheenchaa?
Job 38:5 in English
- King James Version (KJV)
- Who hath laid the measures thereof, if thou knowest? or who hath stretched the line upon it?
- World English Bible (WEB)
- Who determined its measures, if you know? Or who stretched the line on it?
- American Standard Version (ASV)
- Who determined the measures thereof, if thou knowest? Or who stretched the line upon it?
- Bible in Basic English (BBE)
- By whom were its measures fixed? Say, if you have wisdom; or by whom was the line stretched out over it?
- Darby Translation (DBY)
- Who set the measures thereof — if thou knowest? or who stretched a line upon it?
- Webster's Bible (WBS)
- Who hath laid the measures of it, if thou knowest? or who hath stretched the line upon it?
- Young's Literal Translation (YLT)
- Who placed its measures — if thou knowest? Or who hath stretched out upon it a line?
Read in context
- 3पुरूष की नाई अपनी कमर बान्ध ले, क्योंकि मैं तुझ से प्रश्न करता हूँ, और तू मुझे उत्तर दे।
- 4जब मैं ने पृथ्वी की नेव डाली, तब तू कहां था? यदि तू समझदार हो तो उत्तर दे।
- 5उसकी नाप किस ने ठहराई, क्या तू जानता है उस पर किस ने सूत खींचा?
- 6उसकी नेव कौन सी वस्तु पर रखी गई, वा किस ने उसके कोने का पत्थर लिठाया,
- 7जब कि भोर के तारे एक संग आनन्द से गाते थे और परमेश्वर के सब पुत्रा जयजयकार करते थे?
Cross references
- Isaiah 40:12 यशायाह 40:12किस ने महासागर को चुल्लू से मापा और किस के बित्ते से आकाश का नाप हुआ, किस ने पृथ्वी की मिट्टी को नपवे में भरा और पहाड़ों को तराजू में और पहाड़ियों को कांटे में तौला है?
- Zechariah 2:1–2 जकर्याह 2:1–2फिर मैं ने आंखें उठाईं तो क्या देखा, कि हाथ में नापने की डोरी लिए हुए एक पुरूष है। तब मैं ने उस से पूछा, तू कहां जाता है? उस ने मुझ से कहा, यरूशलेम को नापने जाता हूं कि देखूं उसकी चौड़ाई कितनी, और लम्बाई कितनी है।
- Job 11:9 अय्यूब 11:9उसकी माप पृथ्वी से भी लम्बी है और समुद्र से चौड़ी है।
- 2 Corinthians 10:16 2 कुरिन्थियों 10:16कि हम तुम्हारे सिवानों से आगे बढ़कर सुसमाचार सुनाएं, और यह नहीं, कि हम औरों की सीमा के भीतर बने बनाए कामों पर घमण्ड करें।
- Isaiah 34:11 यशायाह 34:11उस में धनेशपक्षी और साही पाए जाएंगे और वह उल्लू और कौवे का बसेरा होगा। वह उस पर गड़बड़ की डोरी और सुनसानी का साहूल तानेगा।
- Psalm 19:4 भजन संहिता 19:4उनका स्वर सारी पृथ्वी पर गूंज गया है, और उनके वचन जगत की छोर तक पहुंच गए हैं। उन में उस ने सूरर्य के लिये एक मण्डप खड़ा किया है,
- Psalm 78:55 भजन संहिता 78:55उस ने उनके साम्हने से अन्यजातियों को भगा दिया; और उनकी भूमि को डोरी से माप मापकर बांट दिया; और इस्त्राएल के गोत्रों को उनके डेरों में बसाया।।
- Job 28:25 अय्यूब 28:25जब उस ने वायु का तौल ठहराया, और जल को नपुए में नापा,
- Proverbs 8:27 नीतिवचन 8:27जब उस ने अकाश को स्थिर किया, तब मैं वहां थी, जब उस ने गहिरे सागर के ऊपर आकाशमण्डल ठहराया,
- Isaiah 40:22 यशायाह 40:22यह वह है जो पृथ्वी के घेरे के ऊपर आकाशमण्डल पर विराजमान है; और पृथ्वी के रहनेवाले टिड्डी के तुल्य है; जो आकाश को मलमल की नाईं फैलाता और ऐसा तान देता है जैसा रहने के लिये तम्बू ताना जाता है;
- Proverbs 8:29 नीतिवचन 8:29जब उस ने समुद्र का सिवाना ठहराया, कि जल उसकी आज्ञा का उल्लंघन न कर सके, और जब वह पृथ्वी की नेव की डोरी लगाता था,